Smartphone Charging Precautions: अमूमन लोग अपने स्मार्टफोन को फुल चार्ज करते हैं. जब तक बैटरी 100 प्रतिशत नहीं हो जाती है, लोग फोन को चार्जिंग से निकालते नहीं हैं. लेकिन, देखा जाए तो स्मार्टफोन को फुल चार्ज करने की यह आदत न तो सुरक्षित है और न ही स्मार्टफोन के बैटरी की हेल्थ के लिए अच्छी है. इससे न केवल ओवरहीटिंग हो जाती है, बल्कि कुछ मामलों में बैटरी के फट जाने की भी आशंका बढ़ जाती है. ज्यादातर लोगों के स्मार्टफोन की बैटरी खराब होने के पीछे का कारण यही होता है कि वे अपने फोन को फुल चार्ज कर लेते हैं.
अगर आप भी अपने स्मार्टफोन को फुल चार्ज करते हैं या रात में चार्जिंग में लगाकर सो जाते हैं तो इस लेख को जरूर पढ़ें. इस लेख में हम आपको बैटरी को फुल चार्ज करने से होने वाले नुकसान के बारे में बताएंगे.
1. बैटरी का फूलना
अगर आप बैटरी को 100 प्रतिशत चार्ज करते हैं तो इससे बैटरी के फूलने की आशंका बढ़ जाती है. दरअसल, फुल चार्ज होने के बाद बैटरी पर दबाव पड़ता है, जिससे न केवल बैटरी की अंदरूनी संरचना को नुकसान पहुंचता है, बल्कि बैटरी फूल जाती है और खराब हो जाती है.
2. बैटरी हो जाती है ओवरहीट
अगर आप रोजाना बैटरी को फुल यानि 100 प्रतिशत तक चार्ज करते हैं तो ऐसे में बैटरी में गर्मी पैदा होने लगती है. खासकर अगर आप बैटरी को चार्जिंग में लगाकर भूल जाते हैं तो ऐसे में बैटरी बहुत गर्म हो जाती है और कुछ मामलों में इसके फटने की भी आशंका बढ़ जाती है.
3. बैटरी की लाइफ कम होना
बैटरी को फुल चार्ज करने से न केवल बैटरी पर कोई तत्काल प्रभाव पड़ता है, बल्कि इससे बैटरी की लाइफ घट जाती है. इससे बैटरी के अंदर की संरचना कमजोर हो जाती है और बैटरी अपनी गारंटी या समय सीमा से पहले ही दम तोड़ देती है. ऐसे में बैटरी एक से 2 साल के अंदर खराब हो जाती है.
बैटरी को कितना चार्ज करना चाहिए
टेक्नोलॉजी के दुनिया के जानकारों की मानें तो स्मार्टफोन की बैटरी को हमेशा 20 से लेकर 80 प्रतिशत तक ही चार्ज करना चाहिए. इससे ज्यादा चार्ज करने पर बैटरी हमेशा खराब हो जाती है. इसके साथ ही जब भी आपकी बैटरी गर्म होने लगे तो फोन को चार्जिंग से निकाल दें. साथ ही साथ इस बात का जरूर ध्यान रखें कि रात में फोन को चार्जिंग में लगाकर न सोएं.