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HomeVideosकॉलेज ग्राउंड या मैरिज होम? हंसराज कॉलेज में ‘शादी’: छात्रों के लिए पाबंदी और प्राइवेट इवेंट्स के लिए रेड कार्पेट!

कॉलेज ग्राउंड या मैरिज होम? हंसराज कॉलेज में ‘शादी’: छात्रों के लिए पाबंदी और प्राइवेट इवेंट्स के लिए रेड कार्पेट!

Written By: Aksha Choudhary
Last Updated: 2026-02-11 13:09:32

हंसराज कॉलेज में कैंपस ग्राउंड के बिज़नेस इस्तेमाल को लेकर छात्रों ने विरोध दर्ज कराया है, प्रदर्शनकारियों का तर्क है कि शैक्षणिक संस्थान को 'प्राइवेट वेडिंग वेन्यू' बनाना छात्रों के अधिकारों का हनन है, कैंपस में भारी नारेबाजी के बीच छात्रों ने प्रशासन से जवाब मांगा है कि आखिर किसके इशारे पर कॉलेज की मर्यादा से समझौता किया जा रहा है.


Hansraj College Protest Delhi University: दिल्ली यूनिवर्सिटी का मशहूर हंसराज कॉलेज (Hansraj College) इस समय विवादों के घेरे में है, छात्रों ने कैंपस के मैदान का ‘निजी शादियों’ के लिए इस्तेमाल किए जाने के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया, छात्रों का सीधा आरोप है कि जहां एक तरफ कॉलेज प्रशासन उनकी छोटी-छोटी एक्टिविटी और कार्यक्रमों पर ढेरों पाबंदियां लगाता है, वहीं दूसरी तरफ बाहरी लोगों को शादी-ब्याह के लिए कैंपस का ग्राउंड सौंप दिया जाता है, छात्रों का कहना है कि कॉलेज की जगह पर पहला हक विद्यार्थियों का है, उसे मुनाफा कमाने का अड्डा नहीं बनाया जाना चाहिए, जब कॉलेज ग्राउंड को प्राइवेट इवेंट के लिए सौंपा जाता है तो कोई नोटिस नहीं दिया जाता सब मन मर्जी मुताबिक चकलता है, अब सवाल यह है की कॉलेज जैसी जगह शिक्षा का मंदिर है या मैरिज होम?

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Written By: Aksha Choudhary
Last Updated: 2026-02-11 13:09:32


Hansraj College Protest Delhi University: दिल्ली यूनिवर्सिटी का मशहूर हंसराज कॉलेज (Hansraj College) इस समय विवादों के घेरे में है, छात्रों ने कैंपस के मैदान का ‘निजी शादियों’ के लिए इस्तेमाल किए जाने के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया, छात्रों का सीधा आरोप है कि जहां एक तरफ कॉलेज प्रशासन उनकी छोटी-छोटी एक्टिविटी और कार्यक्रमों पर ढेरों पाबंदियां लगाता है, वहीं दूसरी तरफ बाहरी लोगों को शादी-ब्याह के लिए कैंपस का ग्राउंड सौंप दिया जाता है, छात्रों का कहना है कि कॉलेज की जगह पर पहला हक विद्यार्थियों का है, उसे मुनाफा कमाने का अड्डा नहीं बनाया जाना चाहिए, जब कॉलेज ग्राउंड को प्राइवेट इवेंट के लिए सौंपा जाता है तो कोई नोटिस नहीं दिया जाता सब मन मर्जी मुताबिक चकलता है, अब सवाल यह है की कॉलेज जैसी जगह शिक्षा का मंदिर है या मैरिज होम?

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