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Starlink Subscription India Recharge: भारत में स्‍टारलिंक की धमाकेदार एंट्री, 30 दिनों के फ्री ट्रायल के साथ जानिये रिचार्ज प्‍लान

Starlink Subscription India Recharge : दुनिया के नामी उद्योगपति एलन मस्‍क की सैटेलाइट इंटरनेट कंपनी स्‍टारलिंक (Starlink) ने आधिकारिक रूप से भारत में एंट्री कर ली है. इसके…

Starlink Subscription India Recharge : दुनिया के नामी उद्योगपति एलन मस्‍क की सैटेलाइट इंटरनेट कंपनी स्‍टारलिंक (Starlink) ने आधिकारिक रूप से भारत में एंट्री कर ली है. इसके साथ ही भारत के लिए कंपनी ने अपनी डेड‍िकेटेड वेबसाइट को भी लाइव कर दिया है. सबसे बड़ी बात यह है कि कंपनी ने सैटेलाइट इंटरनेट की कीमतों की एलान भी कर दिया है. इसके अनुसार, भारत में स्टारलिंक के रेजिडेंशियल प्लान की कीमत 8,600 रुपये प्रति महीने है, जबकि इसमें 34,000 रुपये भी देने होंगे. यह एक बार की हार्डवेयर फीस है. इस तरह स्टारलिंक की सेवाएं लेने के लिए यूजर को करीब 45,000 रुपये की एकमुश्त राशि खर्च करनी होगी. इसमें अच्छी बात यह है कि स्टारलिंक कंपनी यूजर्स को एक महीने का फ्री ट्रायल भी दी रही है. इसके लिए कोई शर्त नहीं लगाई गई है.  

किट के लिए भी कीमत का एलान

भारत के लिए अपनी वेबसाइट https://starlink.com/in को कंपनी स्टारलिंक ने लाइव कर द‍िया है. जो भी इसकी सेवाएं लेना चाहते हैं, उनके लिए वेबसाइट पर जानकारी दी गई है. इसमें प्लान की कीमत भी बताई गई है. इसमें यूजर को हार्डवेयर किट हर हाल में लेने होगी. इसके लिए उसे पहली बार में ही 36 हजार रुपये चुकाने होंगे.  इसके बाद हर महीने के लिए 8,600 रुपये का सब्सक्रिप्शन शुल्क देना होगा. इसके बाद बाद ही स्टारलिंक यूजर को सुविधाएं देना शुरू करेगा. 

किन्हें होगा फायदा?

 जानकारों की मानें तो स्टारलिंक की सुविधा शहर में रहने वाले लोगों के महंगी पड़ेगी. यह उन इलाकों के लिए है, जहां पर मोबाइल टावर  और इंटरनेट सेवा बहुत दूर है. ऐसे में यह सुविधा उन इलाकों के लिए है जहां पर ट्रेडिशनल ब्रॉडबैंड मुश्किल में है. जिन जगहों पर मोबाइल और ब्रॉडबैंड इंटरनेट मौजूद नहीं है, वहां पर यह सेवा अधिक लाभदायक है. 

क्या-क्या मिलेगी सुविधा?

अगर यूजर्स स्टारलिंक कंपनी की सेवाओं से संतुष्ट नहीं होगा उसे पूरा पैसा रिफंड किया जाएगा. हर महीने की फीस 8,600 रुपये होगी, जिसमें अनलिमिटेड डेटा शामिल है. वहीं, हार्डवेयर किट 34,000  की होगी. इसमें डिश, राउटर वगैरह के लिए एक बार की कीमत होगी. ट्रायल 30 दिन का होगा और मनी-बैक गारंटी भी मिलेगी. स्टारलिंक लो अर्थ ऑर्बिट (LEO) सैटेलाइट का इस्तेमाल करता है. ऐसे में दिक्कत आने का चांस ही नहीं है.

जानकारों का कहना है कि स्टारलिंक तेज होने के साथ-साथ भरोसेमंद है, लेकिन यह महंगा सैटेलाइट इंटरनेट देता है. यह अलग बात है कि कम कीमत के बजाय कम सर्विस वाले मार्केट में परफॉर्मेंस पर सीधे मुकाबला करता है.  कंपनी का दावा है कि स्टारलिंक की सेवाएं हर हाल में लोगों को मिलेगी, क्योंकि यह सिस्टम हर मौसम में काम करने के लिए बनाया गया है. कंपनी की ओर से दावा किया गया है कि इसकी अपटाइम (सेवा चालू रहने का समय) 99.9% से ज्यादा होगी. यूजर को बस प्लग-इन करना होगा, जिसके बाद इंटरनेट कनेक्शन शुरू हो जाएगा. 

Jio-Airtel से कितना अलग और फायदेमंद

जियो ब्रॉडबैंड का मंथली बेस प्‍लान 399 रुपये है. यहां पर यूजर को 30 एमबीपीएस की स्‍पीड और अनलिमिटेड डाटा मिलता है. Jio इसमें इंस्‍टॉलेशन फ्री देता है जबकि ईयरली खर्च 4,788 रुपये होगा. यानी 5000 रुपये से भी कम. वहीं, जियो फाइबर मिड टियर का मंथली प्‍लान 999 रुपये है. इसमें कंपनी 50 एमबीपीएस की स्‍पीड होती है. इस सेवा में 2 ओटीटी का सब्‍सक्रिप्‍शन मिलता है. इसका वार्षिक खर्च 11,988 रुपये आता है. इस लिहाज से यह स्टारलिंक से प्लान से बहुत सस्ता है.

उधर, जियो एयरफाइबर 5जी वायरलेस की सुविधा लेने पर वार्षिक किराया 599 रुपये होगा, वहीं, वार्षिक खर्चा 7,188 रुपये आएगा. उधर, देश की नामी संचार कंपनी एयरटेल की बात करें तो ब्रॉडबैंड का मासिक रेंटल 499 रुपये है. वहीं, वार्षिक खर्चा 5,988 रुपये आएगा. एयरटेल एक्‍सट्रीम का मासिक रेंटल 799 रुपये है, जबकि 100 एमबीपीएस की स्‍पीड होगी. इसमें यूजर को अनलिमिटेड डाटा मिलता है. एयरटेल एक्‍सट्रीम फाइबर की बात करें तो मासिक रेंट 699 रुपये है, जबकि स्‍पीड 100 एमबीपीएस की है.
 

JP YADAV

जेपी यादव डेढ़ दशक से भी अधिक समय से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. वह प्रिंट और डिजिटल मीडिया, दोनों में समान रूप से पकड़ रखते हैं. मनोरंजन, साहित्य और राजनीति से संबंधित मुद्दों पर कलम अधिक चलती है. अमर उजाला, दैनिक जागरण, दैनिक हिंदुस्तान, लाइव टाइम्स, ज़ी न्यूज और भारत 24 जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं.कई बाल कहानियां भी विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हैं. सामाजिक मुद्दों पर 'रेडी स्टडी गो' नाटक हाल ही में प्रकाशित हुआ है. टीवी और थिएटर के प्रति गहरी रुचि रखते हुए जेपी यादव ने दूरदर्शन पर प्रसारित धारावाहिक 'गागर में सागर' और 'जज्बा' में सहायक लेखक के तौर पर योगदान दिया है. इसके अलावा, उन्होंने शॉर्ट फिल्म 'चिराग' में अभिनय भी किया है. वर्तमान में indianews.in में बतौर एसोसिएट एडिटर कार्यरत हैं.

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