Hindi News / Dharam / Rahu And Ketu Know From These 5 Main Changes Happening Inside You Whether You Are Also Affected By The Ill Effects Of Them

अपने अंदर हो रहे इन 5 मुख्य बदलावों से जानें कहीं आप पर भी तो नहीं मंडरा रहा राहु केतु का दुष्प्रभाव, ऐसे करें उपचार?

Rahu Ketu Ki Pahchan: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, गले के ऊपर की बीमारियों के लिए राहु जिम्मेदार होता है।

BY: Prachi Jain • UPDATED :
Advertisement · Scroll to continue
Advertisement · Scroll to continue

India News (इंडिया न्यूज), Rahu Ketu Ki Pahchan: ज्योतिष शास्त्र में राहु और केतु को पाप ग्रहों में गिना जाता है। ये दोनों ग्रह शनि देव के अनुयायी माने जाते हैं और कुंडली में जहां भी स्थित होते हैं, वहां विशेष प्रभाव डालते हैं। राहु को सिर और केतु को धड़ माना जाता है। राहु बुद्धि को भ्रमित करता है, जबकि केतु व्यक्ति को बिना सोचे-समझे कार्य करने के लिए प्रेरित करता है, जिससे कई बार हानि उठानी पड़ती है। राहु का संबंध ज्ञानेन्द्रियों से और केतु का संबंध कर्मेन्द्रियों से होता है। राहु की देवी माता सरस्वती हैं, जबकि केतु के देवता भगवान गणेश माने जाते हैं।

राहु-केतु: व्यक्तित्व पर प्रभाव

राहु और केतु को ज्योतिष में एक पुलिस अधिकारी की भूमिका दी गई है। वे शनि देव के आदेश पर व्यक्ति को उसके कर्मों का फल प्रदान करते हैं। राहु का रंग काला और केतु का रंग सफेद माना जाता है। कुंडली में राहु की प्रतिकूल स्थिति होने पर अप्रत्याशित घटनाएं, भय और नकारात्मक विचार व्यक्ति को घेर लेते हैं। इसके विपरीत, शुभ स्थिति में राहु अचानक धन लाभ, राजनीतिक सफलता और प्रशासनिक क्षेत्रों में तरक्की दिलाता है। वहीं, केतु की प्रतिकूल स्थिति व्यक्ति को जेल जाने या सड़क पर भटकने की स्थिति में डाल सकती है।

इस 1 राशि पर कल से शुरू होगी शनि की ढैय्या, कष्टों के साथ मिलेंगे ये 3 वरदान

Rahu Ketu Ki Pahchan: ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, गले के ऊपर की बीमारियों के लिए राहु जिम्मेदार होता है।

मार्च 2025 में शनि बदलेंगे अपनी चाल, इन राशियों के शुरू हो जाएंगे अच्छे दिन, जिस काम में रखेंगे पैर, उसी कार्य में मिलेगी सफलता

राहु-केतु और शारीरिक लक्षण

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, गले के ऊपर की बीमारियों के लिए राहु जिम्मेदार होता है। राहु सिर और जबड़े को प्रभावित करता है, जबकि केतु रीढ़ की हड्डी, गुर्दे, घुटनों और जोड़ों पर प्रभाव डालता है।

  • राहु के लक्षण: अधिक लार आना, थूकने की प्रवृत्ति।
  • केतु के लक्षण: चोट लगना, फोड़े-फुंसी, रक्त की कमी।

राहु-केतु के प्रभाव को कम करने के उपाय

राहु को शांत करने के उपाय:

  1. माता दुर्गा की पूजा करें।
  2. ससुराल पक्ष से अच्छे संबंध बनाए रखें।
  3. भोजन हमेशा भोजन कक्ष में ही करें।
  4. चांदी का ठोस हाथी घर में रखें।
  5. रात को सिरहाने मूली रखकर सुबह किसी मंदिर में दान कर दें।
  6. 100 दिन तक किसी मंदिर में झाड़ू लगाएं।
  7. पानी में जौ प्रवाहित करें।

Rahu Gochar 2025: कुंभ राशि में राहु के गोचर होते ही इन 4 राशियों पर टूटेंगे दुखें के पहाड़, बड़े नुकसान की है आशंका, हो जाए सावधान!

केतु को शांत करने के उपाय:

  1. भगवान गणेश की आराधना करें।
  2. संतानों से संबंध मधुर रखें।
  3. सफेद और काले रंग का दोरंगा कंबल मंदिर या गरीब को दान करें।
  4. कुत्तों को रोटी खिलाएं।

राहु और केतु का प्रभाव व्यक्ति के जीवन में गहरा होता है। ये ग्रह मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य से लेकर सामाजिक जीवन तक हर पहलू को प्रभावित करते हैं। उचित ज्योतिषीय उपायों को अपनाकर इन ग्रहों के नकारात्मक प्रभावों को कम किया जा सकता है। नियमित पूजा-पाठ और सत्कर्मों के माध्यम से राहु और केतु के अशुभ फलों से मुक्ति पाई जा सकती है।

बाबा वेंगा की भविष्यवाणी से सामने आई खुशखबरी, 2025 में ये राशियां बनेंगी करोड़पति, नहीं होगी पैसों की कमी

डिस्क्लेमर: इस आलेख में दी गई जानकारियों का हम यह दावा नहीं करते कि ये जानकारी पूर्णतया सत्य एवं सटीक है।पाठकों से अनुरोध है कि इस लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। इंडिया न्यूज इसकी सत्यता का दावा नहीं करता है।

Tags:

DevotionalDharamKaramdharmDharmikDharmkiBaatDharmNewsIndia newsindianewsKetulatest india newsPaathKathayeRahuRahu Ketu KiRahu Ketu Ki PahchanRahu Ki PahchanRahu-KetuspritualSpritualitytoday india news
Advertisement · Scroll to continue

लेटेस्ट खबरें

Today Horoscope: मेष से लेकर मीन तक कैसी रहेगी 12 राशियों के लिए 29 मार्च की ग्रह चाल, जानें आज का राशिफल!
Today Horoscope: मेष से लेकर मीन तक कैसी रहेगी 12 राशियों के लिए 29 मार्च की ग्रह चाल, जानें आज का राशिफल!
दशानन रावण ने श्री राम से कब और क्यों मांगी थी दक्षिणा में अपनी ही मृत्यु? रामायण के कई पन्नो से आज भी दूर है आप!
दशानन रावण ने श्री राम से कब और क्यों मांगी थी दक्षिणा में अपनी ही मृत्यु? रामायण के कई पन्नो से आज भी दूर है आप!
कुरुक्षेत्र उपायुक्त नेहा सिंह ने चैत्र चौदस मेले में हो रही गतिविधियों का लिया जायजा, कहा – महाभारत काल से प्रचलित चैत्र चौदस मेले का है पौराणिक महत्व
कुरुक्षेत्र उपायुक्त नेहा सिंह ने चैत्र चौदस मेले में हो रही गतिविधियों का लिया जायजा, कहा – महाभारत काल से प्रचलित चैत्र चौदस मेले का है पौराणिक महत्व
MS Dhoni की वजह से CSK पर टूटेगा मुसीबतों का पहाड़! क्यों ‘थाला’ के पुराने साथी ने कर दी खिलाफत?
MS Dhoni की वजह से CSK पर टूटेगा मुसीबतों का पहाड़! क्यों ‘थाला’ के पुराने साथी ने कर दी खिलाफत?
स्वास्थ्य विभाग पलवल की टीम ने उत्तर प्रदेश में किया अवैध लिंग जांच गिरोह के धंधे का पर्दाफाश, तकनीशियन सहित पांच गिरफ्तार- केंद्र संचालक मौके से हुआ फरार
स्वास्थ्य विभाग पलवल की टीम ने उत्तर प्रदेश में किया अवैध लिंग जांच गिरोह के धंधे का पर्दाफाश, तकनीशियन सहित पांच गिरफ्तार- केंद्र संचालक मौके से हुआ फरार
Advertisement · Scroll to continue