India News (इंडिया न्यूज़), Moscow Terrorist Attack: मॉस्को के क्रोकस सिटी हॉल में शुक्रवार (23 मार्च) को हुए घातक आतंकवादी हमले में 143 लोग मारे गए। जिससे बड़े पैमाने पर आक्रोश फैल गया है। जब भी लोग इस्लामिक स्टेट द्वारा दावा किए गए हमले के पीड़ितों के लिए शोक मना रहे थे और प्रार्थना कर रहे थे। साथ ही कई सोशल मीडिया पोस्टों में दावा किया गया है कि पकड़े गए आतंकवादियों के निर्माण और आगे की फंडिंग में इज़राइल की कथित भागीदारी थी। ऑनलाइन माध्यम से उड़ रही खबरों में दावा किया गया है कि आईएसआईएस नेता अबू बक्र अल-बगदादी ‘इलियट शिमोन’ या ‘साइमन इलियट’ नाम का एक यहूदी मोसाद एजेंट था।
इसके अलावा एक अन्य बेतुका दावा यह किया गया है कि लीबिया ने एक इजरायली खुफिया एजेंट को गिरफ्तार किया था, जो आतंकवादी संगठन के प्रचारक के रूप में प्रच्छन्न था। जिसके बाद से लोगों के मन में सवाल उठ रहे हैं कि क्या आईएसआईएस का पोस्टर बॉय अल-बगदादी या अबू-हफ्स उर्फ बेंजामिन एफ्राईम इजरायल की खुफिया इकाई मोसाद के लिए काम कर रहे थे? क्या सच में एडवर्ड स्नोडेन ने दावा किया था कि इस्लामिक स्टेट का पहला खलीफा इजरायली माता-पिता से पैदा हुआ था और उसका मूल नाम इलियट शिमोन या साइमन इलियट था? ऐसे दावों पर बारीकी से नजर डालने पर इसका इजरायल से कोई निश्चित संबंध नहीं था, बल्कि 2014 में आईएसआईएस के सीरिया पर कब्जे के बाद सामने आई कई साजिशों से इसका संबंध था।
Moscow Terrorist Attack
Russia Terror Attack: आतंकी हमले का वीडियो आया सामने, देखकर खड़े हो जाएंगे रोंगटे
बता दें कि पहला दावा कि आईएसआईएस नेता अल-बगदादी, जो अब इस दुनिया में नहीं है। वो यहूदी माता-पिता से पैदा हुआ था, जिसको व्हिसलब्लोअर स्नोडेन ने खुद अफवाह करार दिया था। इसकी शुरुआत ईरान की इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज़ एजेंसी द्वारा स्नोडेन के एक कथित साक्षात्कार का हवाला देते हुए की गई थी। जिसमें कथित तौर पर कहा गया था कि आईएसआईएस को मध्य पूर्व को अस्थिर करने के लिए अमेरिकी, ब्रिटिश और इजरायली साजिश ‘हॉर्नेट्स नेस्ट’ के माध्यम से बनाया गया था। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, अल-बगदादी-इलियट शिमोन के दावों को स्नोडेन ने बाद में धोखा बताया।