नई दिल्ली. इंडियन प्रीमियर लीग 2026 (IPL 2026) की शुरुआत 28 मार्च से हो रही है. पहले मुकाबले में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और सनराइजर्स हैदराबाद (RCB vs SRH) आमने सामने होगी. 19वें सीज़न के तहत 28 मार्च और 5 अप्रैल को चिन्नास्वामी में मैच खेले जाएंगे. इन मुकाबलों को ध्यान में रखते हुए शहर की पुलिस ने ट्रैफिक और पार्किंग को लेकर विशेष इंतज़ाम किए हैं, ताकि लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो. पिछले साल आरसीबी की विक्ट्री परेड में 11 लोगों की मौत हो गई थी. जिसके बाद इस साल बेंगलुरु पुलिस हरकत में नजर आ रही है.
पुलिस के अनुसार, स्टेडियम के आसपास कई प्रमुख सड़कों पर पार्किंग पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगी. इनमें क्वींस रोड, एम.जी. रोड, लिंक रोड, राजभवन रोड, टी. चौडैया रोड, रेस कोर्स रोड और सेंट्रल स्ट्रीट शामिल हैं. इसके अलावा क्यूबन रोड, सेंट मार्क्स रोड, म्यूजियम रोड, कस्तूरबा रोड और विट्टल माल्या रोड पर भी वाहन खड़ा करने की अनुमति नहीं होगी. पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे मैच के दिनों में ट्रैफिक जाम से बचने के लिए अधिक से अधिक सार्वजनिक परिवहन जैसे बस और मेट्रो का उपयोग करें, ताकि शहर में यातायात सुचारु बना रहे.
कहां पार्क कर सकेंगे गाड़ी?
कबन पार्क के अंदर भी पार्किंग सख्ती से प्रतिबंधित की गई है. किंग रोड, प्रेस क्लब के पास, बाल भवन और फाउंटेन रोड पर वाहन खड़े करने की इजाज़त नहीं होगी. दर्शकों के लिए कुछ निर्धारित पार्किंग स्थल तय किए गए हैं, जिनमें सेंट जोसेफ इंडियन हाई स्कूल और सेंट जोसेफ यूरोपियन स्कूल के मैदान, फ्रीडम पार्क मल्टी-लेवल पार्किंग, गरूडा मॉल, शिवाजीनगर बस स्टैंड (पहली मंज़िल) और यूबी सिटी मॉल शामिल हैं.
स्टेडियम में कैसे होगी एंट्री?
स्टेडियम में एंट्री के लिए कबन रोड की ओर स्थित गेट E-1 से E-3, E-18, E-19, E-22 और E-23 का उपयोग किया जा सकेगा. वहीं Link Road की ओर से गेट E-11 से E-17 तक पहुंचा जा सकता है. क्वींस रोड पर गेट E-05 और E-08 से एंट्री दी जाएगी, जबकि निकास के लिए गेट E-09 और E-9A निर्धारित किए गए हैं. गेट E-10 केवल खिलाड़ियों, अधिकारियों और वीआईपी के लिए आरक्षित रहेगा.
पिछले साल क्या हुआ था?
आईपीएल 2025 की जीत का जश्न मना रहीआरसीबी की ट्रॉफी परेड बुधवार (4 जून 2025) को एक दुखद हादसे में बदल गई थी. जब को चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर अचानक भगदड़ मच गई, जिसमें 11 लोगों की मौत हो गई और 30 से ज्यादा लोग घायल हो गए. इसी को देखते हुए बेंगलुरु पुलिस हरकत में नजर आ रही है और उन्होंने इस साल कुछ सख्त नियम अपनाए हैं.