Nepal Flood: 26 अगस्त 2026 को नेपाल-तिब्बत बॉर्डर के पास आई अचानक बाढ़ में सैन फ्रांसिस्को में रहने वाले भारतीय मूल के अंजना राजा और पट्टाभिरामन वेंकटेशन बाल-बाल बच गए.दोनों कैलाश मानसरोवर यात्रा पर थे और रसुवा जिले के तिमुरे गांव से बस में सफर कर रहे थे.
Nepal Flash Floods: भारतीय मूल के दंपति की आपबीती
Nepal Flood: 26 अगस्त 2026 को नेपाल-तिब्बत बॉर्डर के पास अचानक आई बाढ़ ने पूरे इलाके में भारी तबाही मचाई. इस बीच, सैन फ्रांसिस्को, USA में रहने वाले भारतीय मूल के कपल अंजना राजा और पट्टाभिरामन वेंकटेशन ने बहुत खतरनाक हालात का सामना करते हुए जान बचाई. वे तिब्बत और कैलाश मानसरोवर की अपनी पहली तीर्थयात्रा पर थे.
यह कपल नेपाल के रसुवा जिले के तिमुरे गांव से बस से जा रहा था, जो चीनी बॉर्डर के बहुत पास है. अपनी यात्रा के दौरान, उन्होंने अचानक पहाड़ से पानी, कीचड़ और मलबे की एक तेज़ बाढ़ अपनी ओर आते देखी. चश्मदीदों के मुताबिक, मलबे और पानी की यह लहर लगभग 60 से 70 फीट ऊंची थी. हालात इतने अचानक बदले कि कपल को पहले लगा कि यह भूकंप या पास के जंगल में लगी आग हो सकती है. हालांकि, उन्हें जल्द ही खतरे का एहसास हो गया.
बस ड्राइवर, कंडक्टर और हेल्पर को गाड़ी छोड़कर सुरक्षित भागने पर, अंजना ने बिना समय बर्बाद किए भागने का फैसला किया. उसने अपने पार्टनर को पकड़ा, बस से कूद गई, और दोनों तेज़ी से पहाड़ी पर चढ़ने लगे. करीब 10 फीट चढ़ने के बाद, उन्होंने पीछे मुड़कर देखा तो एक डरावना नज़ारा देखा. पास का पुलिस बेस कैंप बाढ़ के मलबे में डूब गया था. आस-पास के घर भी तेज़ बहाव में बह गए थे, और कई लोग बाढ़ के पानी में बहते हुए देखे गए. कुछ ही पलों में, जिस रास्ते पर वे जा रहे थे, वह पानी और मलबे से भर गया.
बस से कूदने के बाद, दोनों पहाड़ी पर चढ़ने लगे. रास्ता पतला, पथरीला और बहुत फिसलन भरा था. मलबा और पानी का बहाव लगातार नीचे की ओर बह रहा था. थोड़ी दूर पहुँचने के बाद, उन्होंने देखा कि पास का पुलिस बेस कैंप भी बाढ़ के पानी में बह गया था. आस-पास के घरों के गिरने और लोगों के चीखने की आवाज़ें सुनाई दे रही थीं.
एक लोकल गाइड की मदद से, कपल ने ज़्यादा ऊँचाई पर एक सुरक्षित जगह की ओर अपना सफ़र जारी रखा. वे कुछ सेकंड में लगभग 500 सीढ़ियाँ चढ़ गए, और ज़्यादा ऊँचाई पर पहुँच गए. अंजना ने अपने पार्टनर का हाथ नहीं छोड़ा. उन्होंने लोकल लोगों और दूसरे टूरिस्ट के साथ एक बकरी शेड में रात बिताई.
अंजना ने अमेरिकन मीडिया आउटलेट CBS को बताया कि उन्होंने पूरी चढ़ाई के दौरान अपने पार्टनर का हाथ पकड़े रखा. उन्होंने लोकल लोगों और दूसरे टूरिस्ट के साथ एक बकरी शेड में रात बिताई. अगले दिन, रेस्क्यू टीम ने उन्हें हेलीकॉप्टर से सुरक्षित निकाला. इस घटना में बस एक अच्छी बात यह रही कि जिस बस में वे सफर कर रहे थे, उसमें सवार बाकी सभी पैसेंजर भी सुरक्षित बच निकले.
इस प्राकृतिक आपदा से जुड़े आंकड़े डरावने हैं. ताज़ा जानकारी के मुताबिक, बाढ़ और लैंडस्लाइड में 600 से ज़्यादा लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 2,426 लोग अभी भी लापता हैं. लापता लोगों में 517 विदेशी नागरिक हैं. US स्टेट डिपार्टमेंट के मुताबिक, लगभग 90 अमेरिकी नागरिकों का अभी भी कोई पता नहीं है.
इस बीच, इस आपदा का असर तिब्बत पर भी पड़ा है. अब तक पांच मौतों की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 500 से ज़्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं. राहत और बचाव का काम जारी है, और प्रभावित इलाकों में अधिकारी लापता लोगों की तलाश कर रहे हैं.
Delhi Protest Traffic Diversion:दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने नई दिल्ली और सेंट्रल दिल्ली से रेलवे स्टेशन,…
Rajasthan robbery: राजस्थान के अजमेर जिले के नसीराबाद में बदमाशों ने खुद को इनकम टैक्स…
Hanuman Ansh Box Office Collection: महज 2 करोड़ रुपये के बजट में बनी ‘हनुमान अंश’…
IND vs WI 2nd T20I Match Highlights: रांची में 249 रन बनाने के बाद भी…
Connaught Place shops closed: दिल्ली में 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन के मद्देनजर…
Memories of Nana Patekar: नाना पाटेकर के निधन के बाद मुंबई के माहिम स्थित नव…