India News (इंडिया न्यूज), Laser Weapon: दुनिया भर में तकनीकी विकास के साथ ही युद्ध और हथियारों का स्वरूप भी बदल रहा है। अभी तक दुनिया के ज्यादातार देशों के पास पारंपरिक हथियारों का विशाल भंडार था, जबकि हाल के वर्षों में लेजर हथियारों के इस्तेमाल की दिशा में तेजी से विकास हुआ है। अमेरिका, चीन और इजरायल जैसे देशों ने अब अपने लड़ाकू हथियारों में लेजर सिस्टम को शामिल करना शुरू कर दिया है। वहीं, भारत भी इस क्षेत्र में पीछे नहीं है और अपना नया “दुर्गा-2” लेजर हथियार विकसित कर रहा है। बहुत जल्द ही भारत द्वारा इस हथियार का परीक्षण किया जाएगा।
आपको जानकारी के लिए बता दें कि, हथियारों का मुख्य उद्देश्य दुश्मन के उपकरण, मिसाइल, ड्रोन या अन्य खतरों को सटीक और तेजी से नष्ट करना है। ये हथियार उच्च ऊर्जा वाले लेजर आधारित सिस्टम हैं, जो लक्ष्यों पर शक्तिशाली और सटीक प्रकाश उत्सर्जित करते हैं। इसके कारण इन हथियारों से किए गए हमले का परिणाम बहुत जल्दी देखने को मिलता है, जो पारंपरिक हथियारों की तुलना में कहीं ज्यादा कारगर है।
Laser Weapon (चीन, अमेरिका और इजरायल के पास है लेजर हथियार)
अमेरिका ऊर्जा से चलने वाले युद्ध की ओर लेजर हथियारों के विकास में अमेरिका की प्रमुख भूमिका रही है। अमेरिकी सेना और नौसेना दोनों ने उच्च ऊर्जा वाले लेजर सिस्टम का परीक्षण और तैनाती की है। अमेरिका ने “उन्नत लेजर सिस्टम” के तहत युद्धपोतों पर लेजर हथियार तैनात किए हैं, जिसका उद्देश्य दुश्मन के ड्रोन, मिसाइल और अन्य छोटे विमानों को नष्ट करना है।
आपको बता दें कि, लेजर हथियारों के विकास में चीन भी पीछे नहीं है। चीन ने कई तरह के लेजर हथियारों का परीक्षण किया है, जिसमें विभिन्न दूरियों से दुश्मन के ड्रोन या मिसाइलों को नष्ट करने की क्षमता भी शामिल है। चीनी वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि वे एक उच्च ऊर्जा वाला लेजर सिस्टम विकसित कर रहे हैं जो दुश्मन के विमानों और मिसाइलों को नष्ट कर सकता है। चीनी सेना का ध्यान अब केवल पारंपरिक हथियारों से हटकर अत्याधुनिक तकनीकी हथियारों पर जा रहा है।
अपनी अत्यधिक प्रभावी और उन्नत रक्षा प्रणालियों के लिए मशहूर इजरायल ने लेजर हथियारों के क्षेत्र में भी प्रवेश किया है। इजरायल के आयरन बीम लेजर सिस्टम ने बड़ी सफलता हासिल की है, जो हवा में मिसाइलों, ड्रोन और रॉकेट को नष्ट करने में सक्षम है। यह सिस्टम इजरायल के प्रतिष्ठित आयरन डोम सिस्टम के साथ मिलकर काम करता है, जिससे यह और भी शक्तिशाली हो जाता है। इजराइली रक्षा मंत्रालय ने पहले ही इस सिस्टम को तैनात करने की योजना बना ली है, ताकि वह कई तरह के खतरों से निपट सके।
भारत तैयार कर रहा दुर्गा-2 लेजर हथियार
भारत भी इस तकनीकी क्षेत्र में पीछे नहीं है और अपनी सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए लेजर हथियारों के विकास में लगा हुआ है। भारतीय रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने “दुर्गा-2” नामक लेजर हथियार प्रणाली का विकास शुरू कर दिया है। इस सिस्टम को खास तौर पर मिसाइलों और ड्रोन को नष्ट करने के लिए डिजाइन किया जा रहा है। “दुर्गा-2” भारतीय रक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण कदम हो सकता है, जो भारत को दुश्मन के सटीक हवाई हमलों से बचाने में मदद करेगा।