279
Liver Cancer Symptoms: भारतीय क्रिकेटर रिंकू सिंह के पिता के निधन के बाद लिवर कैंसर ने एक बार फिर डरा दिया है. यह एक ऐसी बीमारी है, जिसका शुरुआती चरण अक्सर बिना स्पष्ट लक्षणों के पास जाता है और ज्यादातर मामलों में तब पता चलता है जब स्थिति बहुत गंभीर बन जाती है. आइए जानते हैं, आखिर लिवर कैंसर का समय पर पता कैसे चलता है, इसके शुरुआती लक्षण क्या हैं, और किन जोखिम कारकों की वजह से यह जानलेवा हो सकता है.
लिवर कैंसर क्या है?
लिवर कैंसर आपके लिवर में होने वाला एक जानलेवा घातक ट्यूमर है. लिवर आपके शरीर का सबसे बड़ा और सबसे महत्वपूर्ण अंगों में से एक है, क्योंकि इसके बिना कोई भी जीवित नहीं रह सकताल है. लिवर कैंसर दो तरह के होते हैं, जिसमें पहला कैंसर लिवर में शुरू होता है और दुसरा शरीर के किसी अन्य भाग से लिवर तक फैलता है.
लिवर कैंसर के लक्षण क्या हैं?
लिवर कैंसर के शुरुआती चरण में भी कोई लक्षण दिखाई नहीं देते हैं. लेकिन गंभीरता बढ़ने के साथ आप इन लक्षणों को देख सकते हैं.
- बुखार
- थकान
- बेवजह चोट के निशान
- गहरे रंग का पेशाब
- खुजली वाली त्वचा
- पसलियों के ठीक नीचे, शरीर के दाहिनी ओर एक कठोर उभार या गांठ
- पेट के ऊपरी दाहिने हिस्से में दर्द
- पेट में सूजन
लिवर कैंसर के कारण और जोखिम कारक क्या है?
- फैटी लीवर (नॉन-अल्कोहलिक फैटी लीवर डिजीज)
- क्रोनिक लिवर संक्रमण (हेपेटाइटिस बी और सी)
- लिवर सिरोसिस
- डायबिटीज
- ज्यादा शराब का सेवन
- मोटापा
- तंबाकू इस्तेमाल
लिवर कैंसर का निदान और टेस्ट कैसे होता है?
- ब्लड टेस्ट – लिवर कैंसर के लिइ ब्लड टेस्ट और लिवर फंक्शन टेस्ट
- सीटी स्कैन – इससे लिवर कैंसर के आकार और स्थान के बारे में पता चलता है.
- ERCP टेस्ट – यह टेस्ट लिवर में पित्त के कैंसर का निदान करने के लिए होता है.
- अल्ट्रासाउंड – इस टेस्ट में आपके लिवर के अंदरूनी हिस्से की तस्वीरें ली जाती हैं.
- MRI – इस टेस्ट में एक बड़े चुंबक, रेडियो तरंगों और एक कंप्यूटर का उपयोग किया जाता है. यह आपके यकृत के अंदरूनी हिस्सो की बहुत स्पष्ट छवियां प्रदान करता है.