पूर्व भारतीय क्रिकेटर संजय मांजरेकर अपनी बेबाक राय के लिए जाने जाते हैं. कई बार उनके कॉमेंट्स से दूसरे क्रिकेटर भी नाराज हुए हैं. रविचंद्रन अश्विन के साथ भी ऐसा ही हुआ था. ऑस्ट्रेलिया के अपने पहले दौरे से लौटने के बाद अश्विन ने मांजरेकर का एक लेख पढ़ा. इसमें उनकी फिटनेस पर सवाल उठाए गए थे. यह पढ़कर अश्विन काफी नाराज और दुखी हुए. हालांकि, उन्होंने इस आलोचना को अपने खिलाफ रखने के बजाय खुद को बेहतर बनाने की कोशिश की.
अश्विन ने जियोहॉटस्टार पर बताया कि उस समय वह संजय मांजरेकर से ज्यादा बात भी नहीं करते थे. लेकिन अगले चार साल उन्होंने अपनी फिटनेस पर काफी मेहनत की. साल 2015 में मांजरेकर ने एक और लेख लिखा. इस बार उन्होंने अश्विन की गेंदबाजी की तारीफ की. इसके बाद अश्विन ने उनका नंबर लिया और उन्हें मैसेज भेजा. उन्होंने बताया कि मांजरेकर की पुरानी आलोचना ने उनके करियर को बदलने में बड़ी भूमिका निभाई.
आलोचना बनी ताकत
अश्विन ने कहा कि आलोचना से नाराज होना स्वाभाविक है. लेकिन उसमें से सीख लेना ज्यादा जरूरी है. उन्होंने अपने करियर में इस सोच को अपनाया और लगातार खुद में सुधार किया. इसका असर उनके प्रदर्शन पर भी दिखा. वह आगे चलकर भारत के सबसे सफल टेस्ट गेंदबाजों में शामिल हो गए. दिसंबर 2024 में इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास लेने तक अश्विन ने 106 टेस्ट में 537 विकेट लिए. उन्होंने 116 वनडे में 156 और 65 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 72 विकेट भी हासिल किए.
क्रिकेट के बाद भी जारी है सफर
गेंदबाजी के साथ अश्विन ने बल्लेबाजी में भी अपनी पहचान बनाई. उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में 3,503 रन बनाए, जिसमें छह शतक और 14 अर्धशतक शामिल हैं. अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट और आईपीएल से संन्यास के बाद भी उनका क्रिकेट सफर जारी है. उन्होंने 2026 तमिलनाडु प्रीमियर लीग में डिंडीगुल ड्रैगन्स के लिए खेला. इसके अलावा वह मेजर लीग क्रिकेट में सैन फ्रांसिस्को यूनिकॉर्न्स की टीम का हिस्सा बने. अब वह यूट्यब पर खुद का वीडियो भी पोस्ट करते हैं.