बांग्लादेश के पूर्व कप्तान शाकिब अल हसन मुश्किल में हैं और अमेरिका में रह रहे हैं. उन्होंने कहा है कि अगर सरकार उनकी सुरक्षा की गारंटी देती है, तो वह बांग्लादेश लौटकर हत्या के मामलों में मुकदमे का सामना करने के लिए तैयार हैं. साथ ही उन्होंने साफ किया कि 2027 वनडे विश्व कप में बांग्लादेश के लिए खेलने का उनका सपना अभी खत्म नहीं हुआ है. शाकिब ने इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास नहीं लिया है और अब भी राष्ट्रीय टीम में वापसी की उम्मीद कर रहे हैं.
शाकिब अल हसन, शेख हसीना की अवामी लीग पार्टी से सांसद रह चुके हैं. अगस्त 2024 में शेख हसीना की सरकार गिरने के बाद से वह विदेश में रह रहे हैं. छात्र आंदोलन के दौरान हुई हिंसा और कथित हत्या के मामलों की जांच में उनका नाम भी सामने आया है. शाकिब ने कहा, “अगर सरकार मेरी सुरक्षा की गारंटी देती है, तो मैं वापस जाने, मुकदमे का सामना करने और जो भी जरूरी होगा, वह करने के लिए तैयार हूं”. उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने कुछ गलत नहीं किया है.
शाकिब की वापसी की कोशिश पहले भी हुई थी
शाकिब ने 2024 के अंत में भी बांग्लादेश लौटने की कोशिश की थी. उस समय उन्हें सुरक्षा का भरोसा दिया गया था, लेकिन यात्रा के बीच में उन्हें वापस लौटने के लिए कहा गया. इसके बाद वह अमेरिका लौट गए. शाकिब ने बताया कि इस यात्रा की तैयारी में उन्होंने करीब दो महीने लगाए थे; उन्होंने कहा, “मुझे नहीं पता कि सिर्फ 12 घंटे में क्या बदल गया.” शाकिब ने शेख हसीना और अवामी लीग से दूरी बनाने की मांग को भी खारिज कर दिया है.
2027 विश्व कप खेलने की उम्मीद अब भी कायम
शाकिब लगातार अलग-अलग फ्रेंचाइजी क्रिकेट लीग में खेल रहे हैं और उनका मानना है कि वह अभी भी अच्छा प्रदर्शन कर सकते हैं; हालांकि, उन्होंने माना कि 2027 विश्व कप का लक्ष्य हासिल करने के लिए उनके पास ज्यादा समय नहीं है. उन्होंने कहा कि वह खेल का आनंद ले रहे हैं और अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन ज्यादा लंबे समय तक इंतजार नहीं कर सकते. उनके बयान ऐसे समय आए हैं जब बांग्लादेश के युवा एवं खेल मंत्री अमीनुल हक ने अंतरराष्ट्रीय टीम में उनकी वापसी की संभावना को लगभग खत्म कर दिया है.