JEE Mains 2026 रिजल्ट के बाद खान सर का कोटा के कोचिंग सेंटरों पर बड़ा हमला बोला है. 1400 करोड़ का रेवेन्यू और पेपर लीक के बारे में वो सच, जिसे सुनकर दंग रह जाएंगे आप. पूरा सच यहां पढ़ें...
कोटा के कोचिंग सेंटरों पर खान सर का बड़ा हमला !
JEE Mains 2026 का रिजल्ट आते ही, पटना के मशहूर टीचर खान सर ने अपने इंस्टिट्यूट में अपने स्टूडेंट्स के साथ जीत का जश्न मनाया. 17 फरवरी को घोषित हुए रिज़ल्ट ने खान ग्लोबल स्टडीज़ (KGS) में होली जैसा माहौल बना दिया. सफल स्टूडेंट्स ने ढोल-नगाड़ों और गुलाल की थाप पर अपनी मेहनत का जश्न मनाया. अपनी खुशी ज़ाहिर करते हुए, खान सर ने कहा कि उनके स्टूडेंट्स के रिज़ल्ट इतने शानदार थे कि उन सभी को एक साथ बुलाना नामुमकिन था, इसलिए उन्हें अलग-अलग स्लॉट में बुलाया जा रहा था. उन्होंने भरोसा जताया कि उनके स्टूडेंट्स आने वाले JEE Advanced में बहुत अच्छा परफॉर्म करेंगे, और देश का कोई भी IIT ऐसा नहीं होगा जहाँ उनके स्टूडेंट्स मौजूद न हों.
खान सर ने कोटा के कोचिंग सेंटरों को खुली चुनौती देते हुए कहा ‘हम एक स्टूडेंट का रिज़ल्ट चार जगह पब्लिश नहीं करते.’ जश्न के दौरान खान सर का टोन काफी अग्रेसिव था. उन्होंने सीधे राजस्थान के कोचिंग हब कोटा पर निशाना साधते हुए कहा कि वह वहाँ के इंस्टिट्यूट की तरह मार्केटिंग गेम नहीं खेलते. खान सर ने चुनौती देते हुए कहा, ‘हम उन लोगों की तरह नहीं हैं जो एक ही स्टूडेंट का रिजल्ट चार अलग-अलग इंस्टीट्यूशन के नाम से पब्लिश करते हैं.’ उन्होंने साफ किया कि उनकी सफलता का आधार स्टूडेंट्स की मेहनत और ईमानदारी है, न कि करोड़ों रुपये के विज्ञापन.
खान सर ने एजुकेशन के कमर्शियलाइजेशन पर हमला करते हुए चौंकाने वाला बयान दिय. उन्होंने दावा किया कि कोटा के कुछ बड़े इंस्टीट्यूशन का सालाना रेवेन्यू 1400 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है. खान सर ने सवाल किया, ‘जब किसी इंस्टीट्यूशन को सालाना 1400 करोड़ रुपये मिलते हैं, तो वह पेपर लीक पर 100 करोड़ रुपये खर्च कर सकता है?’ उन्होंने कहा, ‘यह लड़ाई सिर्फ फीस कम करने की नहीं है, बल्कि एक ऐसे सिस्टम के खिलाफ है जहां अमीर लोग, ज्यादा पैसे वाले, गरीब बच्चों को उनके हक से दूर रखते हैं.’ फीस में अंतर, कोटा से 4 गुना सस्ती और बेहतर एजुकेशन इंस्टीट्यूशन की सफलता का क्रेडिट कम लागत वाली हायर एजुकेशन को देते हुए खान सर ने कहा कि उनके इंस्टीट्यूशन की फीस कोटा के बड़े इंस्टीट्यूशन के मुकाबले 1/4 (एक चौथाई) है. कोटा में फीस 2.5 से 3 लाख रुपये तक है, वहीं खान सर के स्टूडेंट्स बहुत कम खर्च में तैयारी कर रहे हैं. जब खान सर ने स्टूडेंट्स से पूछा कि क्या वे कोटा की ज़्यादा फीस दे सकते हैं, तो सबने एकमत से कहा ‘नहीं’. खान सर ने ज़ोर देकर कहा कि उनका मकसद हर उस गरीब बच्चे तक पढ़ाई पहुंचाना है जिसमें टैलेंट है लेकिन पैसे की कमी के कारण कोटा जैसे महंगे शहरों में नहीं जा सकते.
Commonwealth Games 2026: पाकिस्तान ओलंपिक एसोसिएशन (POA) के करीबी सूत्रों के मुताबिक, कुदरतुल्लाह कॉमनवेल्थ गेम्स…
Sawan Grahan 2026: हिंदू धार्मिक परंपरा में, सूर्य और चंद्र ग्रहण से पहले के समय…
India Kailash Mountains Guide: जब भी कैलाश पर्वत का नाम लिया जाता है, तो सबसे…
सूरत में आयोजित ‘डॉक्टरप्रेन्योर 2026’ सम्मेलन को अभूतपूर्व सफलता प्राप्त हुई। गुजरात, महाराष्ट्र और कर्नाटक…
Solar Eclipse 2026: सनातन धर्म में सूर्य ग्रहण को एक महत्वपूर्ण खगोलीय और धार्मिक घटना…
Brett Lee-Preity Zinta: जब ब्रेट ली और प्रीति ज़िंटा के बीच रिलेशनशिप की अफवाहें फैलने…