ओला, ऊबर की तरह अब सरकार ने भारत टैक्सी को जल्द शुरू करने की तैयारी शुरू कर दी है. इसके पायलट प्रोजेक्ट के सफल रहने के बाद ये घोषणा की गई है.
Bharat Taxi
Bharat Taxi: राजधानी दिल्ली में नई सरकारी कैब सर्विस Bharat Taxi की शुरुआत हो चुकी है.कोऑपरेटिव मॉडल पर बेस्ड भारत टैक्सी को 2 दिसंबर 2024 को सॉफ्ट लॉन्च यानी पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर शुरू किया गया था. इसी दौरान भारत टैक्सी ने ग्राहकों और ड्राइवरों का भरोसा जीत लिया है. अब इस सरकारी टैक्सी सर्विस को दूसरे राज्यों में भी शुरू करने की तैयारी चल रही है ताकि दूसरे राज्यों के लोगों को भी इसका फायदा मिल सके. कहा जा रहा है कि इसे आधिकारिक तौर पर जनवरी 2026 में शुरू किया जा सकता है.
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार सहकारिता मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने जानकारी दी है कि भारत टैक्सी को साल के अंत तक दिल्ली और अन्य शहरों में आधिकारिक रूप से लॉन्च किया जा सकता है. उन्होंने बताया कि दिसंबर की शुरुआत में हुए पायलट प्रोजेक्ट के दौरान इस सेवा को काफी अच्छा रिस्पॉन्स मिला. इस उत्साह को देखते हुए इसे पूरी तरह से लॉन्च करने की तैयारी की जा रही है.
जानकारी के अनुसार भारत टैक्सी के पायलट प्रोजेक्ट को 2 दिसंबर 2024 को शुरू किया गया था. सहकारिता मंत्रालय के एडिशनल सेक्रेटरी पंकज कुमार बंसल ने एक इंटरव्यू देते हुए बताया कि सॉफ्ट लॉन्च के दौरान भारत टैक्सी सेवा को जबरदस्त रेस्पॉन्स मिला है. इसके तहत रोजाना लगभग 5500 राइड्स दी जा रही हैं. इनमें 4000 राइड्स एयरपोर्ट की हैं, तो वही 1500 राइड्स शहर के अंदर हैं. इसमें बाइक, ऑटो और कैब तीनों शामिल हैं.
जानकारी के अनुसार, भारत टैक्सी ऐप पर अब तक 1.4 लाख से ज्यादा ड्राइवर्स रजिस्टर कर चुके हैं. इससे साफ है कि ड्राइवर इस सहकारी मॉडल को पसंद कर रहे हैं. खास बात ये भी है कि इस ऐप पर ड्राइवर्स को प्लेटफॉर्म को कमीशन नहीं देना होता. सरकार ने इस बारे में पहले ही कह दिया था कि इस कोऑपरेटिव टैक्सी सर्विस में ड्राइवरों को उनके हक का पूरा पैसा मिलना चाहिए. इसी पर काम करते हुए कमीशन न लेने का फैसला लिया गया.
टैक्सी कोऑपरेटिव लिमिटेड को देश की 8 बड़ी सहकारी संस्थाओं का सहयोग मिल रहा है. इनमें इफको, अमूल, एनसीईएल, नाफेड, NCDC, नाबार्ड, कृभको और NDDB शामिल हैं. इतना ही नहीं कंपनी के बोर्ड में दो निर्वाचित प्रतिनिधि भी शामिल हैं. इसके तहत ड्राइवरों की जरूरतें और उनकी मांगे सीधे सरकार तक पहुंचती हैं.
बता दें कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मार्च 2024 में संसद में इस सहकारी टैक्सी सेवा की घोषणा की थी. इस योजना का उद्देश्य है कि कमर्शियल वाहन ड्राइवरों की निजी कंपनियों पर निर्भरता कम हो. उन्हें अपनी कमाई से किसी को
टैक्स न देना हो. उस दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा था कि टैक्सी प्लेटफॉर्म से होने वाला मुनाफा किसी धन्ना सेठ की जेब में नहीं बल्कि सिर्फ ड्राइवर की जेब में जाएगा.
भारत टैक्सी ऐप में मोबाइल से राइड बुकिंग की जाती है, जैसे- ओला, ऊबर आदि में होता है. इस पर ट्रांसपेरेंट फेयर, रियल टाइम व्हीकल ट्रैकिंग के साथ ही मल्टी लैंग्वेज सपोर्ट और 24 घंटे कस्टमर केयर जैसी सुविधाएं मिलती हैं. ये प्लेटफॉर्म मेट्रो रेल जैसी ट्रांजिट सेवाओं से भी जुड़ा हुआ है. इतना ही नहीं यात्रियों और ड्राइवरों की सुविधा के लिए इसे दिल्ली पुलिस के साथ भी शेयर किया गया है. हालांकि ये प्राइवेट ऐप से थोड़ा महंगा है.
केवल यही नहीं, जेट फ्यूल की कीमतों को बढ़ता देख एयर इंडिया समेत कुछ अन्य…
महेंद्रगढ़ के नारनौल में महिला कांग्रेस ने घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में 60 रुपये…
इस रिफाइनरी के जरिए अमेरिका को घरेलू बाजार के लिए ईंधन मिलेगा इसके साथ ही…
Gratitude In Relationship: जब भी कोई आपकी तारीफ करता है, तो आपको बहुत अच्छा लगता है.…
UPSC 2025 EWS Controversy: सोशल मीडिया पर आस्था जैन के EWS दावे को लेकर बहस…
Youth connect Program: भारत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2047 तक देश को एक विकसित राष्ट्र…