Budget 2026: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज यानी 01 फरवरी को केंद्रीय बजट 2026 पेश किया. जानिए इसमें क्या कुछ है खास और आम आदमियों के लिए क्या हुआ सस्ता और महंगा.
बजट 2026 में क्या कुछ है खास
Budget 2026 Keypoints: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपने 85 मिनट के बजट भाषण में देश के कई श्रेत्रों में बड़ा एलान किया है. इसके साथ ही उन्होंने बताया कि इस साल का बजट विकास, रोजगार और लंबे समय तक फायदा देने वाले सुधारों को ध्यान में रखकर बनाया गया है. बड़े-बड़े दावों को छोड़ अब चलिए जानते हैं कि आम आदमी की जिंदगी पर इस बजट का क्या प्रभाव पड़ेगा और कौन सी चीज हुई महंगी और सस्ती. सब कुछ जानिए इस खबर में.
बजट 2026 में किसानों के लिए भी कुछ एलान हुए हैं. इसमें 500 जलाशयों और अमृत सरोवरों का एकीकृत विकास शामिल है, जिससे मत्स्य पालन और ग्रामीण आय को बढ़ावा मिलेगा. पशुपालन और बागवानी फसलों को भी प्रोत्साहन दिया गया है, जिससे पारंपरिक खेती के अलावा बेहतर वेतन वाले रोजगार सृजित होंगे.
हर बार बजट जब पेश किया जाता है, तो आम आदमियों को इससे बहुत उम्मीदें होती हैं. वह यह जानना चाहता है कि रोजमर्रा की जिंदगी में प्रयोग की जाने वाली चीजों का क्या हाल होगा. इसलिए हम बात कर रहे हैं कि बजट 2026 में क्या-क्या सस्ता हुआ है. इस लिस्ट में मोबाइल फोन और इलेक्ट्रॉनिक्स- इलेक्ट्रिक वाहन (EV), दवाइयां और स्वास्थ्य संबंधी चीजें (कैंसर और अन्य गंभीर बीमारियों की दवाइयां को प्राथमिकता), सोलर और रिन्यूएबल एनर्जी, लेदर और फुटवियर (जूते-चप्पल), बायोगैस, CNG और माइक्रोवेव जैसी चीजें शामिल हैं.
वहीं अगर महंगी चीजों की बात करें, तो इसमें शराब शामिल है. यानी कि अब पार्टी करने वालों की जेब ढीली होने वाली है. इसके अलावा कोयला, शेयर बाजार आदि में भी महंगाई देखने को मिलेगी.
अगर आपक महंगे आइटम्स पसंद हैं, तो आपका खर्च बढ़ने वाला है. यह इसलिए क्योंकि बहुत महंगे ब्रांड विदेशों से आते हैं और भारत ने इंपोर्ट शुल्क बढ़ा दिया है. इससे सभी सामान मंहगे होने वाले हैं. इस लिस्ट में परफ्यूम, जूते, घड़ियां आदि चीजें शामिल हैं.
भारत के सबसे छोटे व्यवसायों को और बढ़ावा देने के लिए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने नए कोषों की घोषणा की. उन्होंने बताया कि आत्मनिर्भर भारत कोष में 2,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि डाली जाएगी. इससे उन सूक्ष्म उद्यमों को सहायता मिलने की उम्मीद है जो ऋण गारंटी योजनाओं के बावजूद पूंजी की कमी से जूझ रहे हैं.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने यह भी घोषणा की कि भारत प्रमुख शहरों के बीच सात हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर विकसित करेगा , जो पर्यावरण की दृष्टि से टिकाऊ यात्री प्रणालियों को बढ़ावा देने के लिए 'विकास कनेक्टर' के रूप में काम करेंगे. ये हाई-स्पीड कॉरिडोर मुंबई और पुणे, हैदराबाद और पुणे, हैदराबाद और बेंगलुरु, चेन्नई और बेंगलुरु, दिल्ली और वाराणसी, और वाराणसी और सिलीगुड़ी को जोड़ेंगे.
BHU Firing: वाराणसी का काशी हिंदू विश्वविद्यालय एक बार फिर से सुर्खियों में है. विश्वविद्यालय…
Pak vs Nz: लगातार बारिश के कारण T20 वर्ल्ड कप ग्रुप 2 सुपर आठ का…
AI Powered Fan: बेंगलुरु के एक टेकी ने सोशल मीडिया पर एक वायरल पोस्ट में…
सूरत के लिंबायत इलाके में हुआ यह हादसा किसी फिल्मी सीन जैसा डरावना था, लेकिन…
IIT Bombay: 19 फरवरी, 2026 को IIT बॉम्बे हॉस्टल में सिक्योरिटी चेक के दौरान एक…
Jawaharlal Nehru University में नया विवाद खड़ा हो गया है. JNUSU ने VC शांतिश्री धुलिपुडी…