indigo Airlines: देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो ने बड़े स्तर पर पायलट भर्ती का ऐलान किया है. बताया जा रहा है कि हाल के महीनों में करीब 5,000 उड़ानों के रद्द होने के बाद कंपनी ने परिचालन व्यवस्था को मजबूत करने के लिए यह बड़ा कदम उठाया है.
एयरलाइन द्वारा अभी सबसे बड़ा भर्ती अभियान चलाया जा रहा है. इस प्लान के तहत 1,000 से अधिक पायलटों को भर्ती करने की योजना बनी है. यह कदम दिसंबर 2025 में बड़ी संख्या में उड़ानों में बाधा आने के बाद उठाया गया है. जब चालक दल की भारी कमी के कारण एयरलाइन को सात दिनों में 5,000 से अधिक उड़ानें कैंसिल करनी पड़ी थीं. यह विकट संकट नागरिक उड्डयन नियामक द्वारा पायलटों के कार्य और विश्राम संबंधी संशोधित नियमों को लागू करने के बाद उत्पन्न हुआ था.
हायरिंग नोटिस के मुताबिक, इंडिगो उन पायलटों को भी नौकरी देने के लिए तैयार है, जिन्होंने पहले कभी एयरबस A320 विमान को नहीं उड़ाया है. इंडिगो मुख्य रूप से एयरबस A320 विमान का इस्तेमाल करती है.
किसी भी पायलट के लिए लगातार ट्रेनिंग प्रोसेस की जरूरत होती है. इसमें फर्स्ट ऑफिसर बनने से पहले 6 महीने की ट्रेनिंग की जरूरत होती है. इसमें सिर्फ ऐसे फर्स्ट ऑफिसर आते हैं, जिन्होंने कम से कम 1500 घंटे का फ्लाइंग टाइम को पूरा किया है.
उड़ान संकट के बाद जांच पड़ताल
यह व्यवधान नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) द्वारा लागू किए गए नए विश्राम नियमों वजह से उत्पन्न हुआ है. इन नियमों के तहत आधी रात से सुबह 6 बजे के बीच पायलट द्वारा की जा सकने वाली लैंडिंग की संख्या कम कर दी गई और साप्ताहिक विश्राम की जरूरतों को बढ़ा दिया गया.
नियामक द्वारा की गई जांच में पाया गया कि इंडिगो ने नए मानदंडों के अनुरूप भर्ती में पर्याप्त वृद्धि नहीं की थी और न ही प्रशिक्षण में तेजी लाई थी. जिसके कारण, पायलटों पर काम का बोझ ज्यादा हो गया था. उन्हें बार-बार एक स्थान से दूसरे स्थान पर भेजा जाता था. उनका वर्किंग टाइम ज्यादा होता था.