Noida priest hostage case: नोएडा के सेक्टर-73 सर्फाबाद निवासी पुजारी अनिल कुमार तिवारी को कथित तौर पर जौनपुर में बंधक बनाकर उनके परिवार से एक लाख रुपये की फिरौती मांगने का मामला सामने आया है. पुलिस की शुरुआती जांच के मुताबिक, आरोपियों ने पहले अनिल तिवारी से अनुष्ठान कराया था, लेकिन कथित मनोकामना पूरी नहीं होने के बाद उन्होंने पूजा में खर्च हुए पैसे वापस लेने का फैसला किया. अनिल को दोबारा जौनपुर बुलाकर बंधक बनाए जाने का आरोप है.
मनोकामना पूरी नहीं हुई तो पुजारी को बनाया बंधक
Noida priest hostage case: नोएडा में एक पुजारी को बंधक बनाकर उनके परिवार से एक लाख रुपये की फिरौती मांगने का मामला सामने आया है. पुलिस की शुरुआती जांच में इस घटना के पीछे जो वजह सामने आई है, वह हैरान करने वाली है. आरोप है कि कुछ लोगों ने पहले पुजारी से अपने घर में अनुष्ठान कराया था. जब उनकी कथित मनोकामना पूरी नहीं हुई तो उन्होंने इसका जिम्मेदार पुजारी को मान लिया. इसके बाद पुजारी को दोबारा जौनपुर बुलाया गया और कथित तौर पर बंधक बना लिया गया. बाद में उनके परिजनों से एक लाख रुपये की मांग की गई. नोएडा पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर पुजारी को बरामद कर लिया है. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि घटना के पीछे सिर्फ अनुष्ठान में खर्च हुए पैसे वापस लेने का विवाद था या इसके पीछे कोई और वजह भी थी.
पुलिस के मुताबिक, पीड़ित अनिल कुमार तिवारी नोएडा के सेक्टर-73 स्थित सर्फाबाद गांव में रहते हैं और पूजा-पाठ व अनुष्ठान कराते हैं. 5 सितंबर 2026 को वह पूजा कराने के लिए जौनपुर गए थे. इसके बाद उनके परिजनों का उनसे संपर्क नहीं हो पाया. जब परिवार को अनिल तिवारी के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली तो उनकी चिंता बढ़ गई. इसी दौरान उनके बेटे के पास पैसों की मांग पहुंची. कथित तौर पर उनसे एक लाख रुपये की फिरौती मांगी गई. इसके बाद परिजनों ने नोएडा के सेक्टर-113 थाना पुलिस को उनके लापता होने की सूचना दी.
पुलिस की शुरुआती जांच में गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों से पूछताछ के दौरान घटना की जो वजह सामने आई, वह काफी चौंकाने वाली है. पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने कुछ समय पहले अनिल कुमार तिवारी से अनुष्ठान कराया था. आरोपियों की कथित मनोकामना पूरी नहीं हुई. इसके बाद आरोपियों ने पूजा-पाठ में खर्च हुए पैसे वापस लेने का फैसला किया. पुलिस के मुताबिक, इसी बहाने अनिल तिवारी को दोबारा जौनपुर बुलाया गया. आरोप है कि वहां उन्हें बंधक बना लिया गया और फिर उनके परिजनों से एक लाख रुपये की मांग की गई.
मामले की सूचना मिलने के बाद सेक्टर-113 थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की. अनिल तिवारी की तलाश के लिए पुलिस टीमों ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस और अन्य तकनीकी माध्यमों की मदद ली. पुलिस के मुताबिक, 11 और 12 सितंबर की रात आरोपियों के बारे में अहम जानकारी मिली. इसके बाद पुलिस टीम मुखिया मार्केट के पास एक कच्चे रास्ते पर पहुंची. यहां पुलिस ने दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया. उनकी पहचान आशीष यादव उर्फ बाबा और प्रवेश यादव उर्फ गोरे के रूप में हुई है.
पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी कथित तौर पर पैसे लेने के लिए आए थे. इसी दौरान पुलिस टीम ने उन्हें पकड़ लिया. पुलिस ने उनके कब्जे से अनिल कुमार तिवारी को भी बरामद कर लिया. इस तरह पुजारी को कथित बंधक बनाए जाने के मामले का खुलासा हुआ. गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के पास से हथियार भी बरामद किए. आशीष यादव उर्फ बाबा के पास से तमंचा और दो जिंदा कारतूस मिले, जबकि प्रवेश यादव उर्फ गोरे के पास से एक चाकू बरामद हुआ है. दोनों आरोपियों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जा रही है.
पुलिस की शुरुआती जांच में मनोकामना पूरी नहीं होने और अनुष्ठान में खर्च हुए पैसे वापस लेने की बात सामने आई है. हालांकि, पुलिस इस पहलू की भी जांच कर रही है कि क्या घटना के पीछे यही पूरी वजह थी या इसके अलावा कोई दूसरा विवाद भी था. जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि अनिल तिवारी को बंधक बनाने की घटना में गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों के अलावा कोई और व्यक्ति शामिल था या नहीं. फिलहाल नोएडा पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर पुजारी को बरामद कर लिया है और मामले की आगे की जांच जारी है.
IND vs NZ 2nd T20I: भारत और न्यूजीलैंड के बीच दूसरे T20I के लिए वैभव…
Kieron Pollard, Mumbai Indians head coach:2010 में एक खिलाड़ी के तौर पर मुंबई इंडियंस में…
सूरत (गुजरात) [भारत], 24 अक्टूबर: गजेरा ग्रुप ऑफ स्कूल्स की कतारगाम, उतराण, पाल और सचिन,…
Silver Price 24 October 2026:पिछले कारोबारी सत्र में चांदी 1,99,599 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद…
Gold Price Today 24 October 2026:बुलियंस के मुताबिक 24 कैरेट सोने का दाम1,42,490 रुपये प्रति…
Jaipur Road Accident: मरने वालों की अभी पहचान नहीं हो पाई है. घायलों को इलाज…