India News (इंडिया न्यूज), Signs Before Death: भारतीय धर्म और संस्कृति में मृत्यु को एक अनिवार्य सत्य माना गया है, जिसे टाला नहीं जा सकता। मृत्यु से पहले आने वाले संकेत और यमराज का वर्णन हमारे धार्मिक ग्रंथों में मिलता है। ये संकेत बताते हैं कि व्यक्ति की अंतिम घड़ी करीब है। आइए, समझते हैं कि यमराज कैसे दिखते हैं और कौन-कौन से संकेत मौत के करीब होने का संकेत देते हैं।
धार्मिक ग्रंथों के अनुसार, यमराज मृत्यु के देवता हैं, जिनका कार्य आत्मा को इस लोक से परलोक तक ले जाना है। वे एक दिव्य रथ पर सवार रहते हैं, जो भैंसे द्वारा खींचा जाता है। उनके हाथ में एक गदा और पाश (रस्सी) होता है, जिससे वे आत्मा को पकड़ते हैं।
Signs Before Death: मौत से 1 महीने पहले कैसे दिखते है यमराज
यमराज का रूप देखने में डरावना हो सकता है, लेकिन वे न्यायप्रिय हैं और अपने कर्मों के आधार पर जीव को स्वर्ग या नरक भेजते हैं। मृत्यु से एक महीने पहले, व्यक्ति को अचेतन अवस्था में यमराज का दर्शन होने की संभावना होती है। हालांकि, यह दर्शन हर किसी को नहीं होता, केवल वही लोग इसे अनुभव करते हैं जिनकी आत्मा इस लोक से विदा लेने की तैयारी में होती है।
भारतीय शास्त्रों और लोक मान्यताओं के अनुसार, मौत से पहले शरीर और मन में कई बदलाव होते हैं। नीचे कुछ प्रमुख संकेत दिए गए हैं:
यदि व्यक्ति बार-बार सपने में यमराज, भैंसा, या किसी अंधेरी गुफा को देखता है, तो यह संकेत हो सकता है कि उसकी मृत्यु निकट है।
मृत्यु से एक महीने पहले व्यक्ति के चेहरे का तेज कम हो सकता है। त्वचा पीली या मुरझाई हुई दिखने लगती है। आँखों की चमक फीकी पड़ने लगती है।
व्यक्ति का व्यवहार अचानक बदल सकता है। वह अकेले रहने की इच्छा कर सकता है और दुनियादारी से उसका मोहभंग हो सकता है।
मृत्यु के करीब पहुंचने वाला व्यक्ति अक्सर भोजन और पानी में रुचि खो देता है। उसकी भूख और प्यास धीरे-धीरे कम हो जाती है।
व्यक्ति अचानक अपने प्रियजनों से अलग-थलग रहने लगता है। उसे ऐसा लगता है कि वह अब इस दुनिया का हिस्सा नहीं है।
मृत्यु से पहले व्यक्ति के शरीर में अजीब सी हरकतें महसूस होती हैं, जैसे कंपकंपी, झनझनाहट, या भारीपन।
कई बार पक्षी और जानवर भी मृत्यु के संकेत दे सकते हैं। यदि कोई कौवा व्यक्ति के घर के आसपास लगातार मंडराए या कुत्ता अचानक भौंकने लगे, तो इसे अशुभ माना जाता है।
यदि आपको या आपके किसी प्रियजन को ये संकेत महसूस हो रहे हैं, तो डरने की बजाय भगवान का नाम जपें और पूजा-पाठ में ध्यान लगाएं। गीता, रामायण, या अन्य धार्मिक ग्रंथों का पाठ करना आत्मा को शांति प्रदान करता है। साथ ही, व्यक्ति को अपने कर्म सुधारने और दूसरों की मदद करने की कोशिश करनी चाहिए।
मौत जीवन का एक ऐसा सच है जिसे कोई टाल नहीं सकता। यमराज और मौत से पहले आने वाले संकेत हमें यह याद दिलाते हैं कि हमें अपने जीवन को सदैव अच्छे कर्मों से भरना चाहिए। यदि आप इन संकेतों को समझते हैं और आत्मा की शांति के लिए प्रयास करते हैं, तो मृत्यु के बाद का सफर भी सरल हो सकता है।
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