<
Categories: देश

अब AI कंटेंट की लेबलिंग करना होगा अनिवार्य, IT नियमों में हुए बदलाव, तीन घंटे के अंदर हटानी होगी गैरकानूनी सामग्री

सरकार ने IT नियमों में बदलाव लाते हुए AI से बने कंटेंट पर सख्ती बरतनी शुरू कर दी है. डीपफेक और अन्य एआई-जनित सामग्री से निपटने के लिए आईटी नियमों के तहत नियामक ढांचे को और सख्त किया गया है.

New IT Rules for AI Content: इन दिनों जितनी तेजी से AI tools और ऐप्स बढ़ते जा रहे हैं, लोगों के बीच उनका उपयोग भी बढ़ता जा रहा है. आज हर कोई चैट जीपीटी से लेकर जेमिनी तक  न जाने कितने AI tools और ऐप्स का उपयोग कंटेंट बनाने या वीडियो बनाने के लिए कर रहा है. इसके जितने उपयोग हैं, उतने ही खतरे भी हैं.  

इसलिए सरकार IT नियमों में बदलाव करते हुए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) से तैयार डीपफेक और अन्य एआई-जनित सामग्री के बढ़ते खतरे से निपटने के लिए नियमों को सख्त कर रही है. सरकार का कहना है कि इसका उद्देश्य उपयोगकर्ताओं के लिए सुरक्षित, विश्वसनीय और जवाबदेह साइबर स्पेस सुनिश्चित करना है.

IT नियमों में हुए बदलाव

सरकार ने AI जनित कंटेंट की पहचान करने के लिए नियमों में कुछ बदलाव किये हैं. इसके तहत मध्यस्थों के लिए यह सुनिश्चित करना अनिवार्य किया गया है कि एआई-जनित सामग्री पर स्पष्ट लेबलिंग और पहचान योग्य मेटा डेटा उपलब्ध हो, जिससे यूजर्स कृत्रिम रूप से तैयार की गई सामग्री की आसानी से पहचान कर सकें. नए नियमों के तहत अब हर AI कंटेंट की लेबलिंग करना जरुरी होगा. लोगों को धोखाधड़ी या AI के दुरुपयोग को रोकने के लिए ये प्रावधान किये गए हैं.

तीन घंटे में हटानी होगी गैरकानूनी सामग्री

संशोधित नियमों के तहत सरकार ने इंटरनेट पर उपलब्ध गैरकानूनी सामग्री पर भी एक्शन लिया है. अब सरकार या न्यायालय के आदेश मिलने पर गैरकानूनी सामग्री हटाने की समय सीमा 3 घंटे कर दी गई है, जोकि पहले के नियम के अनुसार 36 घंटे हुआ करती थी. इसके अलावा शिकायत निवारण से जुड़े संवेदनशील मामलों में भी समयसीमा घटाई गई है. मध्यस्थों को ऐसे तकनीकी उपाय अपनाने होंगे, जिनसे कानून का उल्लंघन करने वाली एआई-जनित सामग्री के निर्माण, प्रकाशन, प्रसारण और प्रसार को रोका जा सके.

इन सबके अतिरिक्त महत्वपूर्ण सोशल मीडिया जैसे मेटा, एक्स, इंस्टाग्राम आदि को बलात्कार, बाल यौन शोषण और पहले हटाई जा चुकी समान सामग्री की पहचान के लिए भी तकनीकी उपाय करने होंगे. बता दें कि नियमों का पालन नहीं करने पर उन्हें आईटी अधिनियम की धारा 79 के तहत मिलने वाली छूट समाप्त हो जाएगी और वे कानूनी कार्रवाई के लिए उत्तरदायी होंगे.

Shivangi Shukla

वर्तमान में शिवांगी शुक्ला इंडिया न्यूज़ के साथ कार्यरत हैं. हेल्थ, बॉलीवुड और लाइफ़स्टाइल विषयों पर लेखन में उन्हें विशेष रुचि और अनुभव है. इसके अलावा रिसर्च बेस्ड आर्टिकल और पॉलिटिकल कवरेज से जुड़े मुद्दों पर भी वे नियमित रूप से लेखन करती हैं. तथ्यपरक, सरल और पाठकों को जागरूक करने वाला कंटेंट तैयार करना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है. डिजिटल मीडिया में विश्वसनीय और प्रभावी पत्रकारिता को लेकर वे निरंतर अभ्यासरत हैं.

Recent Posts

कैबिनेट बैठक में दो योजनाओं को मिली मंजूरी: असम में बनेगा 4 लेन हाइवे, गोबरधन योजना से स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन को मिलेगा बढ़ावा

केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव की अध्यक्षता में गुरुवार को आयोजित एक प्रेस ब्रीफिंग के…

Last Updated: August 6, 2026 20:32:45 IST

घर पर ऐसे बनाएं लजीज व्हाइट सॉस पास्ता, देखकर मुंह में आ जाएगा पानी, बच्चों से बड़े चाट जाएंगे उंगलियां

अगर आप व्हाइट सॉस पास्ता खाना पसंद करते हैं और इसे बनाना चाहते है, तो…

Last Updated: August 6, 2026 19:19:25 IST

रक्षाबंधन 2026 चंद्र ग्रहण के बीच कब बांधें राखी? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त और भद्रा का पूरा गणित

Rakshabandhan 2026: रक्षाबंधन 2026 का पर्व 28 अगस्त को मनाया जाएगा. इस दिन राखी बांधने…

Last Updated: August 6, 2026 19:05:23 IST

पप्पू यादव के बेटे ने काटा बवाल! DPL में 190 के स्ट्राइक रेट से ठोके रन, IPL में किसके लिए खेलते हैं?

Pappu Yadav Son Sarthak Ranjan: पप्पू यादव के बेटे सार्थक ने दिल्ली प्रीमियर लीग में…

Last Updated: August 6, 2026 18:59:47 IST

क्या पवन सिंह छोड़ रहे हैं ‘भोजपुरी बवाल’? तेज प्रताप यादव के कमेंट ने बढ़ाई सनसनी, वायरल वीडियो से चिंता में फैंस!

भोजपुरी बावल के वायरल प्रोमो में "पावर स्टार" पवन सिंह को तेज प्रताप यादव के…

Last Updated: August 6, 2026 18:55:47 IST

बिहार में स्मार्ट होगा हेल्थ सिस्टम! AI से जान सकेंगे किस अस्पताल में खाली हैं बेड? क्या होगा फायदा?

बिहार में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए हेल्थ सिस्टम को अपग्रेड किया जा…

Last Updated: August 6, 2026 18:41:45 IST