India News (इंडिया न्यूज़),Rahul Gandhi: कांग्रेस सांसद राहुल गांधी अमेरिका दौरे पर लगातार अलग-अलग कार्यक्रमों में शामिल हो रहे हैं। इस दौरान राहुल गांधी ने भारत और BJP सरकार को लेकर कई बयान दिया। जिसको लेकर अब भारत में खूब बवाल मचा है। यहां हम राहुल के टॉप 5 बयान के बारे में बात करेंगे।
जॉर्जटाउन यूनिवर्सिटी में छात्रों से कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव के बाद भारत में कुछ बदलाव आएगा। लोगों ने कहा कि अब उन्हें डर नहीं लगता। मेरे लिए यह दिलचस्प है कि बीजेपी और पीएम मोदी ने इतना डर फैलाया लेकिन कुछ ही सेकंड में सब गायब हो गया। राहुल गांधी ने कहा कि बीजेपी और पीएम मोदी को यह डर फैलाने में कई साल लग गए, लेकिन अब यह डर गायब हो गया है। उन्होंने कहा कि संसद में मैं अपने सामने प्रधानमंत्री को देखता हूं। मैं आपको बता सकता हूं कि पीएम मोदी का विचार, 56 इंच का सीना, भगवान से सीधा संबंध, यह सब अब इतिहास है।
Rahul Gandhi Citizenship Controversy ( राहुल गांधी की नागरिकता पर विवाद )
राहुल गांधी ने कहा कि चुनाव से तीन महीने पहले हमारे सभी बैंक खाते सील कर दिए गए थे। हम चर्चा कर रहे थे कि अब क्या करना है। मैंने कहा कि देखा जाएगा और हम चुनाव में चले गए। उन्होंने कहा कि बीजेपी यह नहीं समझती कि यह देश सबका है। संविधान में साफ लिखा है कि इंडिया यानी भारत एक संघ राज्य है, इतिहास है, परंपरा है, संगीत है और नृत्य है। बीजेपी कहती है कि यह संघ नहीं है, यह अलग है।
कांग्रेस सांसद ने कहा कि आरएसएस कहता है कि कुछ राज्य दूसरे राज्यों से कमतर हैं। कुछ भाषाएं दूसरी भाषाओं से कमतर हैं, कुछ धर्म दूसरे धर्मों से कमतर हैं और कुछ समुदाय दूसरे राज्यों से कमतर हैं। सभी राज्यों का अपना इतिहास, परंपरा है। आरएसएस की विचारधारा तमिल, मराठी, बंगाली, मणिपुरी है, ये कमतर भाषाएं हैं। यही लड़ाई है। ये लोग भारत को नहीं समझते हैं।
देश में आरक्षण को लेकर राहुल गांधी ने कहा, ‘जब आप वित्तीय आंकड़ों को देखेंगे तो आदिवासियों को 100 रुपये में से 10 पैसे मिलते हैं, दलितों को 100 रुपये में से 5 रुपये मिलते हैं और ओबीसी को भी लगभग इतना ही मिलता है। हकीकत यह है कि उन्हें भागीदारी नहीं मिल रही है। भारत के हर बिजनेस लीडर की लिस्ट देख लीजिए। मुझे कोई आदिवासी, कोई दलित का नाम बता दीजिए। मुझे कोई ओबीसी का नाम बता दीजिए। मुझे लगता है कि टॉप 200 में से कोई एक ओबीसी है। वे भारत के 50 प्रतिशत हैं, लेकिन हम इस बीमारी का इलाज नहीं कर रहे हैं। अब आरक्षण ही एकमात्र साधन नहीं है। इसके अलावा और भी साधन हैं।’ समान नागरिक संहिता के बारे में पूछे जाने पर राहुल गांधी ने कहा कि वे इस पर तभी टिप्पणी करेंगे जब उन्हें पता चलेगा कि भाजपा का प्रस्ताव क्या है। गांधी ने यह भी कहा कि इंडिया अलायंस के सदस्यों के बीच मतभेद थे, लेकिन वे कई चीजों पर सहमत थे।
राहुल गांधी ने कहा कि सबसे पहले आपको यह समझना होगा कि लड़ाई किस बात को लेकर है। लड़ाई राजनीति को लेकर नहीं है। इस तरह की लड़ाई सिर्फ सिखों के लिए नहीं, बल्कि सभी धर्मों के लिए है। मैं देख रहा हूं कि यहां तमिलनाडू, पंजाब, हरियाणा, तेलंगाना, कर्नाटक, आंध्र-प्रदेश और केरल कई जगहों के लोगों की भीड़ है। मैं केरल से सांसद हूं। केरल और पंजाब एक सिंपल शब्द है लेकिन आपका इतिहास, आपकी भाषा और आपकी परंपरा इन शब्दों में हैं। राहुल गांधी के बयान पर बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने पलटवार करते हुए उन पर केस करने की बात कही और कहा कि वो उन्हें कोर्ट में घसीटेंगे।
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