Delhi Dehradun Expressway: दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे का आज उद्घाटन होने वाला है. इस एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के बाद से ही दिल्ली के देहरादून का सफर बेहद आसान हो जाएगा. अब सवाल उठता है कि दिल्ली के लोग इस एक्सप्रेसवे पर कहां से चढ़ सकते हैं? अगर आप भी इसी सवाल का जवाब ढूंढ रहे हैं तो चलिए बताते हैं. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के लिए एंट्री और एग्जिट की व्यवस्था शास्त्री पार्क के पास होगी.
यहां कश्मीरी गेट से देहरादून जाने वाले वाहन शास्त्री पार्क के पास एक्सप्रेसवे पर चढ़ सकेंगे. इसी तरह, उत्तर प्रदेश की तरफ से एक्सप्रेसवे के रास्ते आने वाले वाहन भी शास्त्री पार्क के पास ही बाहर निकल सकेंगे.
अधिकारियों ने क्या बताया?
इसको लेकर अधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया कि एक्सप्रेसवे के दिल्ली वाले हिस्से में एंट्री और एग्जिट पॉइंट इस तरह से डिज़ाइन किए गए हैं कि दक्षिण-मध्य, उत्तरी और पूर्वी दिल्ली के वाहन चालकों की आवाजाही आसान हो सके. अलग-अलग रास्तों जैसे दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे, विकास मार्ग, गीता कॉलोनी, गांधी नगर मार्केट, शास्त्री पार्क और सिग्नेचर ब्रिज से आने वाले वाहन चालकों को एक्सप्रेसवे तक पहुंचने में मदद के लिए खास एंट्री पॉइंट बनाए गए हैं.
एक्सप्रेसवे का पहला हिस्सा दिल्ली में अक्षरधाम से शुरू होता है; यह 32 किलोमीटर लंबा है और लोनी से लेकर ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (EPE) तक फैला हुआ है.
दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे के नियम
दिल्ली देहरादून एक्सप्रेसवे पर चलने वाले वाहनों के लिए विशेष नियम भी बनाए गए हैं. जिसको जानना आपके लिए बेहद जरूरी है. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर रास्ते के बीच में गाड़ी रोकना, यू-टर्न लेना या ट्रैफिक की उलटी दिशा में गाड़ी चलाना सख्त मना है. इसके अलावा, तय गति सीमा का पालन करना बेहद अनिवार्य है. इन नियमों का उल्लंघन करने पर इलेक्ट्रॉनिक निगरानी कैमरों के माध्यम से जुर्माना लगाया जा सकता है. रात में गाड़ी चलाते समय ड्राइवरों को लो-बीम हेडलाइट्स का इस्तेमाल करना जरूरी है.
इन जगहों पर हॉर्न बजाना भी रहेगा वर्जित
इसके अलावा, इस एक्सप्रेसवे के कुछ जगहों पर हॉर्न बजाना भी वर्जित होगा. दरअसल, एक्सप्रेसवे का एक हिस्सा राजाजी नेशनल पार्क से होकर गुज़रता है. इसलिए, ड्राइवरों को सलाह दी जाती है कि वे जंगली जानवरों के प्रति सतर्क रहें और इस रास्ते से गुज़रते समय बेवजह हॉर्न न बजाएं. इसके अलावा, ड्राइवरों को सलाह दी जाती है कि वे दतकाली मंदिर के पास बनी सुरंग वाले इलाके में खास सावधानी बरतें. एक्सप्रेसवे पर कृपया सिर्फ़ तय किए गए आने और जाने के रास्तों का ही इस्तेमाल करें.