अगर आप भी लाखों रुपये खर्च करके सैमसंग का फ्लैगशिप स्मार्टफोन खरीदते हैं और सोचते हैं कि आपको प्रीमियम क्वालिटी और बेहतरीन परफॉर्मेंस मिलेगी, तो आपको यह खबर पूरी पढ़ने की जरुरत है. टेक दिग्गज सैमसंग एक बार फिर अपने प्रीमियम यूजर्स को निराश किया है. भारी-भरकम कीमत वसूलने के बावजूद यूज़र्स को जिस तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, उसने कंपनी के क्वालिटी कंट्रोल और वादों की पोल खोलकर रख दी है. यूजर ने सोशल मीडिया पर सैमसंग की जमकर क्लास लगाई है. ऐसा क्या हुआ कि बिल्कुल सही-सलामत चल रहे फोन की स्क्रीन पर अचानक एक लकीर आ गई? क्या यह कोई मामूली खराबी है या फिर इसके पीछे छिपा है एक बड़ा पैटर्न? आइए जानते हैं पूरा मामला…
क्या है पूरा मामला?
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (ट्विटर) पर Adxtya (@adxtya_) नाम के एक यूज़र ने Samsung Galaxy S23 की डिस्प्ले को लेकर अपनी परेशानी बताई और सैमसंग के करोड़ों यूजर्स की आंख खोलने की कोशिश की है.
यूज़र ने पोस्ट में लिखा कि साल 2023 में खरीदे गए उनके फ्लैगशिप Samsung S23 फोन की स्क्रीन पर अचानक बिना किसी वजह के ग्रीन लाइन (Green Line) आ गई है. फोन को खरीदने के बाद से ही इसे बहुत संभालकर रखा गया था, फिर भी डिस्प्ले में यह तकनीकी खराबी देखने को मिली.
यूज़र ने उठाए गंभीर सवाल
यूज़र ने सीधे तौर पर कंपनी को घेरते हुए कहा कि ग्राहक सैमसंग के फ्लैगशिप प्रोडक्ट्स के लिए भारी रकम (top dollar) चुकाते हैं, लेकिन बदले में उन्हें इस तरह की घटिया क्वालिटी की डिस्प्ले थमा दी जाती है, जो कि बेहद निराशाजनक है. यूज़र का दावा है कि सिर्फ वही नहीं, बल्कि कई अन्य यूज़र्स भी सॉफ्टवेयर अपडेट के बाद इस समस्या का सामना कर रहे हैं. यूज़र ने कहा कि यह कंपनी की तरफ से एक तकनीकी खराबी है, न कि ग्राहक की गलती. इसलिए सैमसंग को इसे अपनी जिम्मेदारी मानते हुए फ्री ऑफ कॉस्ट स्क्रीन रिप्लेसमेंट देना चाहिए.
यूज़र ने अन्य टेक इन्फ्लुएंसर्स और यूज़र्स को टैग करते हुए सवाल उठाया कि क्या Galaxy S23 सीरीज़ के फोन्स में ग्रीन लाइन की यह दिक्कत एक पैटर्न बनती जा रही है?
सैमसंग की गिरती क्वालिटी और सर्विस
लाखों रुपये खर्च करने के बाद भी अगर सैमसंग के प्रीमियम फोन्स चंद महीनों में दम तोड़ने लगें, तो समझ लीजिए कि यह कोई इत्तेफाक नहीं है. सैमसंग की गिरती क्वालिटी का यह कोई पहला मामला नहीं है, बल्कि अब तो ऐसे वाकये आम होते जा रहे हैं.
A customer walked into a Samsung service centre with his Fold phone, hoping to get it repaired under warranty.
The phone was barely 6 months old. There were no scratches or cracks on the display, and the phone had never been dropped.
But suddenly, the inner display stopped… pic.twitter.com/D4putuvWmR
— Bhumi Yadav 🇮🇳 (@Bhumi__M026) September 11, 2026
हाल ही में Bebo (@Itsbebo__) नाम के एक यूजर द्वारा शेयर किए गए एक अन्य मामले में 1.5 लाख रुपये का फोल्डेबल फोन बिना किसी ड्रॉप या क्रैक के महज 6 महीने में ही बंद हो गया. इसके बावजूद, सर्विस सेंटर ने साइड से हल्का पेंट निकलने जैसे मामूली कॉस्मेटिक इश्यू का बहाना बनाकर वारंटी देने से साफ इनकार कर दिया और रिपेयरिंग के नाम पर ₹63,000 की मांग कर दी. बिना किसी इंसानी गलती के लगातार ऐसे मैन्युफैक्चरिंग डिफेक्ट्स सामने आना और फिर वारंटी के नाम पर यूज़र्स को ही चूना लगाना, साफ दिखाता है कि कंपनी का क्वालिटी कंट्रोल और आफ्टर सेल्स सर्विस दिन-ब-दिन किस कदर गिरता जा रहा है.