India News Bihar (इंडिया न्यूज़) Brij Bihari Prasad Murder: 13 जून 1998 को हुए बृज बिहारी प्रसाद हत्याकांड में आज सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला दिया है। बिहार सरकार के पूर्व मंत्री बृज बिहारी प्रसाद हत्याकांड में पूर्व विधायक मुन्ना शुक्ला और मंटू तिवारी को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व सांसद सूरजभान सिंह और राजन तिवारी समेत छह लोगों को बरी करने के पटना हाईकोर्ट के आदेश को बरकरार रखा है।
सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले के बाद बृज बिहारी प्रसाद की पत्नी पूर्व सांसद रमा देवी की प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने कहा कि जो लोग कोर्ट से बड़े हो गए हैं उन्हें मां भगवती सजा देंगी। मां की पूजा का आज पहला दिन है जब 26 साल पुराने इस मामले में फैसला आया है। अब मां ही न्याय करेंगी. इस मामले में गुरुवार को दिए गए फैसले के मुताबिक पटना हाईकोर्ट से बरी पूर्व विधायक मुन्ना शुक्ला को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व सांसद सूरजभान सिंह और राजन तिवारी समेत 6 लोगों को बरी करने के पटना हाईकोर्ट के फैसले को बरकरार रखा है। रमा देवी ने लालू यादव और राबड़ी देवी पर जमकर निशाना साधा।
Brij Bihari Prasad Murder: बृजबिहारी प्रसाद और रमा देवी
मुजफ्फरपुर स्थित अपने आवास पर पत्रकारों से बात करते हुए पूर्व भाजपा सांसद रमा देवी ने कहा कि 26 वर्षों के इंतजार के बाद आज फैसला आया है। मुन्ना शुक्ला और मंटू तिवारी को सजा मिली है, जबकि संदेह का फायदा उठाकर कुछ लोग बच निकले हैं, उन्हें भी नहीं बख्शा जाएगा। किसी न किसी तरह मां भगवती उन्हें सजा देंगी। मां की कृपा से ही मैंने इतने लंबे समय तक संघर्ष किया। उनकी कृपा से ही मैं तीन बार सांसद बनी और स्पीकर की कुर्सी पर भी बैठी। रमा देवी ने कहा कि पटना हाईकोर्ट ने कैसे सबको बरी कर दिया, इस बारे में मैं कुछ नहीं कह सकती, लेकिन 10-12 वर्षों की लड़ाई में सुप्रीम कोर्ट ने दो लोगों को दोषी करार दिया। इसके लिए मैं उनका आभार व्यक्त करती हूं। रमा देवी ने कहा कि इस केस में अमित शाह ने काफी मदद की।
अपने पति के बिना 26 साल के संघर्ष की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि उनकी हत्या के कारण मेरा और मेरे बच्चों का भविष्य अंधकारमय हो गया है। लेकिन जनता ने भरपूर साथ दिया और उन्हें तीन बार कुर्सी पर बैठाया। यह सब साहब की लोकप्रियता का नतीजा है। जनता उन्हें बहुत प्यार करती थी। उन्होंने तत्कालीन राबड़ी सरकार पर भी उंगली उठाते हुए कहा कि उनके काम की वजह से सरकार में बैठे कुछ लोग डर गए थे कि उनके आगे बढ़ने से कल वे हमारी कुर्सी पर बैठ सकते हैं। रमा देवी ने यह भी कहा कि राबड़ी देवी की सरकार थी लेकिन काम काज लालू यादव देखते थे। गवाहों को सुरक्षा नहीं मिलने के कारण सही गवाही नहीं हो पाई जिसका फायदा आरोपियों को मिला। लेकिन जो बच गए उन्हें मां भगवती सजा देंगी।
बता दें कि 13 जून 1998 को बृज बिहारी प्रसाद की हत्या कर दी गई थी। उन्हें आईजीआईएमएस पटना में इलाज के दौरान गोली मार दी गई थी। उस मामले में निचली अदालत ने 2009 में सूरजभान, मुन्ना शुक्ला और राजन तिवारी समेत 9 आरोपियों को दोषी ठहराया था। लेकिन पटना हाईकोर्ट ने सबूतों के अभाव में 2014 में सभी को बरी कर दिया था। बृज बिहारी प्रसाद की पत्नी पूर्व सांसद रमा देवी और मामले की जांच कर रही सीबीआई ने हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील दायर की थी।