India News (इंडिया न्यूज), Iran Israel Conflict: मध्य-पूर्व क्षेत्र में अभी भी जंग की स्थिति बनी हुई है। वहीं ईरान लगातार इजरायल पर हमले की धमकी दे रहा है। दरअसल, ईरान के पास एक ऐसी मिसाइल है, जो इजरायल या अमेरिका के किसी भी एयर डिफेंस सिस्टम को धोखा दे सकती है। माना जा रहा है कि ईरान इस मिसाइल का इस्तेमाल पहली बार इजरायल के खिलाफ कर सकता है। इसका नाम खोर्रमशहर मिसाइल है। जिसका नाम ईरान के एक शहर के नाम पर रखा गया है। यह एक मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल है। जो 1000 से 2000 किलोमीटर के बीच हमला कर सकती है। यह 1800 किलोग्राम वजन का वारहेड ले जा सकती है। चाहे वह पारंपरिक हो, परमाणु हो या कई तरह का मिश्रण हो। साढ़े 19 टन वजनी इस मिसाइल की लंबाई 13 मीटर है। व्यास डेढ़ मीटर है।
बता दें कि, यह मिसाइल लिक्विड फ्यूल रॉकेट पर उड़ती है। इसे ट्रक लॉन्चर से दागा जाता है। यानी कहीं से भी लॉन्च करने की सुविधा है। वहीं अगर इसे ईरान की सीमा से लॉन्च किया जाता है तो यह इजरायल के किसी भी शहर को आसानी से निशाना बना सकती है। रक्षा विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि यह उत्तर कोरिया की ह्वासोंग-10 मिसाइल का ईरानी संस्करण है। उत्तर कोरिया ने ईरान को बहुत पहले BM-25 मिसाइल की तकनीक दी थी। जिसकी रेंज 2500 किलोमीटर थी। इसी आधार पर खुर्रमशहर मिसाइल विकसित की गई है। ईरान ने मिसाइल का आकार छोटा कर दिया। प्रणोदक की मात्रा कम कर दी। अगर मिसाइल पश्चिमी ईरान से दागी जाती है तो यह इजरायल, मिस्र, सऊदी अरब, रोमानिया, बुल्गारिया और ग्रीस जैसे देशों को आसानी से निशाना बना सकती है।
Iran Israel Conflict
बता दें कि, खुर्रमशहर मिसाइल के चार वैरिएंट हैं। जो 1,2,3 और 4 है। चौथे को खेइबर भी कहते हैं। ईरान के इस खास मिसाइल में कई वॉरहेड लगाने की तकनीक भी शामिल है। यानी ईरान एक ही मिसाइल से इजरायल के कई ठिकानों को निशाना बना सकता है। इसे 25 मई 2023 को पेश किया गया था। वहीं खुर्रमशहर-4 मिसाइल की रेंज 2000 किलोमीटर है। यह 1500 किलोग्राम वजन का वॉरहेड ले जा सकती है। इसके प्रक्षेपण में मात्र 12 मिनट लगते हैं। यह बीच में ही दिशा बदलने की क्षमता रखता है। इस मिसाइल को किसी भी इलेक्ट्रॉनिक युद्ध प्रणाली द्वारा रोका या बाधित नहीं किया जा सकता। यह टर्मिनल गाइडेंस पर काम करता है।
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