ढीली और लटकी हुई बाहें किसी भी ड्रेस को खराब कर सकती हैं. जिग्ली बाहें एक आम समस्या है, जो उम्र, वजन बढ़ने या हार्मोनल बदलावों से होती है.
flabby and jiggly arms
कसी हुई बाहें पर्सनैलिटी को आकर्षक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका बनाती हैं. ढीली और लटकी हुई बाहें किसी भी ड्रेस को खराब कर सकती हैं. क्या आपकी बाहें भी ढीली-ढाली और जिग्ली दिखती हैं जो हर स्लीवलेस ड्रेस को खराब कर देती हैं?
ढीली और लटकी बाहें एक आम समस्या है, जो उम्र, वजन बढ़ने या हार्मोनल बदलावों से होती है. आइए जानते हैं कि इसके मुख्य कारण क्या हैं और कैसे इनका समाधान किया जा सकता है?
30 साल की उम्र के बाद त्वचा की लोच कम हो जाती है और मांसपेशियां कमजोर पड़ने लगती हैं. खासकर अगर आनुवंशिक रूप से भुजाओं में चर्बी जमा होने की प्रवृत्ति हो, तो ‘बैटविंग्स’ जैसी फ्लैबी बाहें बन जाती हैं. महिलाओं में यह समस्या ज्यादा होती है क्योंकि उनमें टेस्टोस्टेरोन कम होता है, जो मेटाबॉलिज्म को प्रभावित करता है.
अगर किसी इंसान का बॉडी मास इंडेक्स (BMI) ज्यादा है, तो भी भुजाओं में अतिरिक्त चर्बी जमा हो जाती है. खराब डाइट, कम व्यायाम और सेडेंटरी लाइफस्टाइल की प्रवृत्ति इसमें और इजाफा करती है. नियमित व्यायाम और स्वस्थ BMI की सहायता से एक्स्ट्रा फैट जमा होने से रोका जा सकता है.
हार्मोन असंतुलन, जैसे थायरॉइड या मेनोपॉज से मेटाबॉलिज्म धीमा हो जाता है, इस वजह से भी भुजाओं के आस-पास चर्बी बढ़ती है. इसके अलावा जब किसी खास प्रक्रिया के माध्यम से कम समय में तेजी से वजन घटाया जाता है, तो भी बाहों के आस-पास ढीली त्वचा रह जाती है. इसके अलावा महिलाओं में कम टेस्टोस्टेरोन भुजाओं, कूल्हों और जांघों में चर्बी जमा करता है.
लंबे समय के मोटापे के बाद अचानक वजन घटाने पर त्वचा सिकुड़ नहीं पाती, जिससे लटकती हुई स्किन बन जाती है. यह चर्बी के साथ-साथ ढीली त्वचा की समस्या पैदा करता है. सुस्त दिनचर्या भी फ्लैबी लुक का एक बड़ा कारण है. व्यायाम न करने पर मसल्स कमजोर हो जाते हैं, जो फ्लैबी लुक बढ़ाता है.
डाइट और व्यायाम: कार्डियो (रनिंग, स्विमिंग) और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग (ट्राइसेप्स डिप्स, पुश-अप्स) करें. प्रोटीन युक्त डाइट लें और चीनी व तला हुआ भोजन कम करें. रोज 30 मिनट एक्सरसाइज से कैलोरी बर्न बढ़ाएं.
लिपोसक्शन: फ्लैबी स्किन से छुटकारा पाने के लिपोसक्शन का भी सहारा लिया जा सकता है. अगर त्वचा लोचदार है, तो छोटे कट से चर्बी निकालें. लिपोसक्शन के बाद 1 हफ्ते में रिकवरी हो जाती है.
आर्म लिफ्ट (ब्रेकियोप्लास्टी): ढीली स्किन और चर्बी के लिए आर्म लिफ्ट सर्जरी कराई जा सकती है. यह सर्जरी लिपो के साथ भी हो सकती है. यह एक कॉस्मेटिक सर्जरी है जो ऊपरी बांहों (कंधे से कोहनी तक) से अतिरिक्त ढीली त्वचा और वसा को हटाकर उन्हें टोंड और सुडौल बनाती है.
लाइफस्टाइल: बॉडी के परफेक्ट शेप के लिए संतुलित डाइट, हाइड्रेशन और कोलेजन बढ़ाने वाले फूड्स (विटामिन सी युक्त खाद्य पदार्थ) लें. हेल्दी लाइफस्टाइल और रेगुलर एक्सरसाइज परफेक्ट बॉडी शेप के लिए जरूरी है.
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