AAP MLA resigns: पंजाब में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले आम आदमी पार्टी (AAP) को बड़ा झटका लगा है. पटियाला जिले की समाना सीट से विधायक और पूर्व मंत्री चेतन सिंह जौड़ामाजरा तथा सनौर से विधायक हरमीत सिंह पठानमाजरा ने रविवार को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया. दोनों नेताओं का यह फैसला ऐसे समय आया है, जब पार्टी ने एक दिन पहले ही विधानसभा चुनाव के लिए 40 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की थी. इस सूची में दोनों विधायकों के नाम शामिल नहीं थे. हालांकि, फिलहाल दोनों नेताओं ने अपने इस्तीफे की वजह को लेकर कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी है.
40 उम्मीदवारों की सूची के अगले दिन दिया इस्तीफा
आम आदमी पार्टी ने शनिवार, 31 अक्टूबर को पंजाब विधानसभा चुनाव 2027 के लिए 40 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की थी. इस सूची में मुख्यमंत्री भगवंत मान समेत कई मौजूदा विधायकों को फिर से उम्मीदवार बनाया गया है. लेकिन समाना और सनौर सीट के लिए पार्टी ने अभी उम्मीदवारों के नाम घोषित नहीं किए हैं. इसके अगले ही दिन दोनों विधायकों के पार्टी छोड़ने की खबर सामने आई. हरमीत सिंह पठानमाजरा ने अपना इस्तीफा पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल को भेजा है. वहीं, चेतन सिंह जौड़ामाजरा ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए पार्टी की प्राथमिक सदस्यता छोड़ने का ऐलान किया. दोनों नेताओं के अगले राजनीतिक कदम को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है.
समाना सीट पर सुरजीत सिंह रखड़ा की नियुक्ति के बाद बदले समीकरण
समाना विधानसभा सीट को लेकर पार्टी के भीतर पहले से ही राजनीतिक हलचल थी. सितंबर में आम आदमी पार्टी ने पंजाब के पूर्व मंत्री सुरजीत सिंह रखड़ा को समाना विधानसभा क्षेत्र का हलका प्रभारी नियुक्त किया था. इसके बाद उन्हें 2027 के चुनाव में इस सीट से पार्टी का संभावित उम्मीदवार माना जाने लगा था. हालांकि, पार्टी ने अब तक समाना सीट के लिए आधिकारिक उम्मीदवार घोषित नहीं किया है.
चेतन सिंह जौड़ामाजरा पूर्व में पंजाब सरकार में मंत्री रह चुके हैं. ऐसे में उनके इस्तीफे के बाद समाना सीट पर पार्टी की आगे की रणनीति अहम हो गई है.
सरकार के कामकाज पर सवाल उठा चुके हैं पठानमाजरा
सनौर से विधायक हरमीत सिंह पठानमाजरा पहले भी पंजाब सरकार की कार्यप्रणाली को लेकर सार्वजनिक तौर पर नाराजगी जता चुके हैं. उनके और पार्टी नेतृत्व के बीच मतभेद की चर्चा भी होती रही है. पठानमाजरा के खिलाफ सितंबर 2025 में जीरकपुर की एक महिला की शिकायत पर दुष्कर्म का मामला दर्ज किया गया था. शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि विधायक ने खुद को तलाकशुदा बताकर उससे संबंध बनाए और पहले से शादीशुदा होने के बावजूद वर्ष 2021 में उससे विवाह किया था. ये आरोप हैं, जिन्हें अदालत में साबित किया जाना बाकी है. इस मामले में पुलिस हिरासत से फरार होने के छह महीने से अधिक समय बाद पंजाब पुलिस ने मार्च 2026 में पठानमाजरा को मध्य प्रदेश के ग्वालियर से गिरफ्तार किया था. इसके बाद मई 2026 में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने सितंबर 2025 में दर्ज दुष्कर्म मामले में उन्हें नियमित जमानत दे दी थी.
दोनों सीटों पर उम्मीदवारों को लेकर बढ़ी चर्चा
आम आदमी पार्टी ने अपनी पहली सूची में 40 विधानसभा सीटों के उम्मीदवार घोषित किए हैं, जबकि पंजाब में कुल 117 विधानसभा सीटें हैं. समाना और सनौर के लिए अभी उम्मीदवारों का ऐलान नहीं हुआ है. ऐसे में दोनों विधायकों के इस्तीफे के बाद इन सीटों पर पार्टी की अगली रणनीति पर नजर रहेगी. फिलहाल दोनों नेताओं के इस्तीफे की वजह और उनके आगे के राजनीतिक फैसले को लेकर आधिकारिक तस्वीर साफ नहीं है. आने वाले दिनों में उनके अगले कदम से पंजाब की राजनीति में नए समीकरण बन सकते हैं.