Gold Plated Cars: सोने की कीमतें आसमान छू रही हैं. जब हम सोने के बारे में सोचते हैं, तो अक्सर हमारे दिमाग में गहने, सिक्के या तिजोरियों में रखे खजाने आते हैं. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि सड़कों पर दौड़ती कारों में भी सोना चमकता है? कुछ कारों में सोने का इस्तेमाल सिर्फ दिखावे के लिए नहीं, बल्कि उनके डिज़ाइन, पहचान और टेक्नोलॉजी के हिस्से के तौर पर किया जाता है. खास बात यह है कि इन कारों में इस्तेमाल होने वाला सोना आम गहनों जितना ही शुद्ध होता है. दुनिया की सबसे महंगी और लग्ज़री कारों में सोने का इस्तेमाल कोई नई बात नहीं है. हालांकि, सोने का सबसे ज़्यादा इस्तेमाल आम कारों में नहीं, बल्कि खास तौर पर कस्टमाइज़ की गई सुपर-लग्ज़री गाड़ियों में होता है.
इनमें सबसे मशहूर नाम बुगाटी शिरॉन का है. यह कार अपनी स्पीड के साथ-साथ अपने रॉयल डिज़ाइन के लिए भी जानी जाती है.बुगाटी शिरॉन में 24-कैरेट सोने की प्लेटिंग है. यह सोना पूरी कार पर नहीं, बल्कि कुछ खास हिस्सों पर लगाया जाता है. फ्रंट ग्रिल, गैस कैप, ऑयल कैप और पीछे का EB लोगो सभी सोने से कोट किए गए हैं. इन पार्ट्स में मौजूद गोल्ड न सिर्फ इसकी खूबसूरती बढ़ाता है बल्कि जंग से बचाने में भी मदद करता है.
गोल्ड मैकरॉन डिज़ाइन की खासियत
शिरॉन में इस्तेमाल किया गया गोल्ड मैकरॉन डिज़ाइन 970 स्टर्लिंग सिल्वर बेस पर बनाया गया है. इसे पहले निकल से कोट किया जाता है, फिर गोल्ड की एक बहुत पतली लेयर लगाई जाती है. फिर इसे खास तौर पर मिरर फिनिश के लिए पॉलिश किया जाता है. यह पक्का करने के लिए कि हर पार्ट एकदम परफेक्ट हो, इस पूरे प्रोसेस में 10 घंटे से ज़्यादा लगते हैं.
कई पार्ट्स में गोल्ड
बुगाटी ने खुद को सिर्फ ग्रिल तक ही सीमित नहीं रखा. हॉर्सशू ग्रिल की ट्रिम, इंजन कवर, रियर विंग के नीचे लेटरिंग, और बॉडी पर चलने वाली पतली गोल्डन लाइन्स भी गोल्ड से सजी हैं. ये लाइन्स आगे से पीछे तक फैली हुई हैं, जो इसकी रॉयल पहचान को और मज़बूत करती हैं.
अमीरों की गोल्ड-प्लेटेड कारें
दुबई और ब्रुनेई जैसे देशों में रॉयल परिवारों और अरब एलीट लोगों के पास कई कारें हैं जो पूरी तरह से गोल्ड-प्लेटेड हैं. ब्रुनेई के सुल्तान का रोल्स-रॉयस कलेक्शन इसका एक बड़ा उदाहरण है. लेकिन, ये कारें फैक्ट्री स्टैंडर्ड नहीं हैं, बल्कि कस्टमाइज़ेशन का नतीजा हैं.
आम कारों में कितना सोना होता है?
आम कारों में भी सोना होता है, लेकिन बहुत कम मात्रा में. सोने का इस्तेमाल कार के इलेक्ट्रॉनिक सर्किट बोर्ड और सेंसर में माइक्रो लेवल पर किया जाता है. एक आम कार में आधा ग्राम तक सोना हो सकता है, जिसका इस्तेमाल टेक्निकल कामों के लिए किया जाता है, दिखावे के लिए नहीं.