8th Pay Commission को लेकर सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स की उम्मीदें लगातार बढ़ती जा रही हैं. लग-अलग शहरों में बैठकें चल रही हैं. चेन्नई के बाद पुडुचेरी में बैठक हुई और अगला दौर चंडीगढ़ में होने जा रहा है. इस दौरान सेंट्रल गवर्नमेंट एम्प्लॉइज और पेंशनर ग्रुप्स ने कमीशन के सामने सबसे बड़ी मांग DA (महंगाई भत्ता) को बेसिक पे (मूल वेतन) में मर्ज करने की रखी है. कर्मचारियों का तर्क है कि अगर DA एक तय स्तर पर पहुंचने के बाद मूल वेतन में जोड़ दिया जाए, तो इसका सीधा असर उनकी सैलरी और आगे मिलने वाले भत्तों पर पड़ेगा.
खास बात यह है कि कुछ कर्मचारी संगठनों ने DA के 25 फीसदी तक पहुंचते ही उसे बेसिक पे में मर्ज करने की सिफारिश की है. अगर यह प्रस्ताव किसी रूप में स्वीकार होता है, तो आने वाले वर्षों में कर्मचारियों की सैलरी का गणित काफी बदल सकता है. कुछ अनुमानों में तो 7 साल के भीतर बेसिक पे के दोगुने से भी ज्यादा होने की तस्वीर सामने रखी गई है. लेकिन सवाल यह है कि आखिर किस लेवल के कर्मचारी को कितना फायदा होगा और 2033 तक उसकी सैलरी कहां पहुंच सकती है?
आइए इसे विस्तार से समझते हैं….
DA मर्जर की मुख्य वजहें
- DA को बेसिक पे में मिलाने से कुल वेतन तेजी से बढ़ता है, जिससे कर्मचारियों को एक अच्छी सैलरी हाइक के लिए 10 साल का लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा.
- इसका सबसे बड़ा फायदा निचले स्तर के कर्मचारियों को होगा जो कम सैलरी में बड़े शहरों में बढ़ती महंगाई का सामना कर रहे हैं.
- सिफारिशों के अनुसार, DA मर्जर से अगले 7 सालों में कर्मचारियों का बेसिक पे दोगुने से भी ज्यादा हो सकता है.
अलग-अलग संगठनों के सुझाव
| संगठन | प्रस्तावित सालाना इंक्रीमेंट | प्रस्तावित DA सिफारिश |
| NC-JCM | 6% | सभी भत्ते 3 गुना किए जाएं और DA से जोड़े जाएं |
| NFPE | 6% | DA 25% होने पर बेसिक पे में मर्ज हो |
| AINPSEF | 7% | DA 25% होने पर बेसिक पे में मर्ज हो |
| IRTSA | 5% | DA 50% होने पर बेसिक पे में मर्ज हो |
| PSNM | 7% | DA 50% होने पर बेसिक पे में मर्ज हो |
| AIDEF | 6% | सभी भत्ते 3 गुना किए जाएं और DA से जोड़े जाएं |
कैसे बढ़ेगी आपकी सैलरी?
1. लेवल 1 कर्मचारी (बेसिक पे: ₹18,000)
- 8th Pay Commission में 2.1 फिटमेंट फैक्टर के साथ रिवाइज्ड बेसिक पे ₹37,800 हो जाएगा.
- यदि हर साल 4% DA हाइक और 7% सालाना इंक्रीमेंट मिलता है, तो 1 जनवरी 2033 तक अनुमानित ग्रॉस सैलरी ₹77,694 हो जाएगी.
- इस दौरान DA लगभग 28% हो जाएगा. यदि इस स्तर पर DA मर्ज होता है, तो 7 साल में बेसिक पे दोगुना हो जाएगा.
| तारीख | बेसिक पे (₹) | DA रेट | DA राशि (₹) | ग्रॉस सैलरी (₹) | ग्रॉस सैलरी बढ़ोतरी |
| 01-Jan-26 | 37,800 | 0%, | 0 | 37,800 | – |
| 01-Jan-27 | 40,446 | 4% | 1,618 | 42,064 | 11% |
| 01-Jan-28 | 43,277 | 8% | 3,462 | 46,739 | 24% |
| 01-Jan-29 | 46,307 | 12% | 5,557 | 51,863 | 37% |
| 01-Jan-30 | 49,548 | 16% | 7,928 | 57,476 | 52% |
| 01-Jan-31 | 53,016 | 20% | 10,603 | 63,620 | 68% |
| 01-Jan-32 | 56,728 | 24% | 13,615 | 70,342 | 86% |
| 01-Jan-33 | 60,699 | 28% | 16,996 | 77,694 | 106% |
(सोर्स: AINPSEF)
2. लेवल 6 कर्मचारी (बेसिक पे: ₹35,400)
- 2.1 फिटमेंट फैक्टर के साथ रिवाइज्ड बेसिक पे ₹74,340 हो जाएगा.
- 7% सालाना इंक्रीमेंट और 4% DA हाइक के साथ 1 जनवरी 2033 तक अनुमानित बेसिक पे ₹1,52,798 हो जाएगा, जो कि मूल बेसिक पे (₹74,340) के दोगुने से भी ज्यादा है.
| तारीख | बेसिक पे (₹) | DA रेट | DA राशि (₹) | ग्रॉस सैलरी (₹) | ग्रॉस सैलरी बढ़ोतरी |
| 01-Jan-26 | 74,340 | 0% | 0 | 74,340 | – |
| 01-Jan-27 | 79,544 | 4% | 3,182 | 82,726 | 11% |
| 01-Jan-28 | 85,112 | 8% | 6,809 | 91,921 | 24% |
| 01-Jan-29 | 91,070 | 12% | 10,928 | 1,01,998 | 37% |
| 01-Jan-30 | 97,445 | 16% | 15,591 | 1,13,036 | 52% |
| 01-Jan-31 | 1,04,266 | 20% | 20,853 | 1,25,119 | 68% |
| 01-Jan-32 | 1,11,564 | 24% | 26,775 | 1,38,340 | 86% |
| 01-Jan-33 | 1,19,374 | 28% | 33,425 | 1,52,798 | 106% |
ध्यान दें कि ये आंकड़े केवल अनुमानित गणनाओं पर आधारित हैं. असली सैलरी बढ़ोतरी और नियम सरकार द्वारा 8th Pay Commission की सिफारिशों को मंजूरी मिलने के बाद ही तय होंगे.