Nepal Flood: नेपाल सरकार के मुताबिक, तिब्बत बॉर्डर पर नेपाल में आई भयानक बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 734 हो गई है. वहीं बाढ़ के बाद कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए 28 लोगों भारत लौट आएं हैं उन्होनें बताया की कैसे एक टी ब्रेक ने उनकी जान बचा ली.
नेपाल बाढ़ से आई हैरान करने वाली कहानी
Nepal Flood: अक्सर बाताया जाता है कि किसी भी काम में देरी हमारा बहुत बड़ा नुकसान करा सकता है. हमें हर काम को समय पर करना चाहिए. लोकिन नेपाल बाढ़ में थोड़ी सी देरी ने कई लोगो की जान बचा ली. बाढ़ के बाद लोगों ने बताया कि कैसी थोड़ी सी देरी ने उनकी जान बचा लिया.तिरुपति के साइन इन ट्रैवल्स के मैनेजिंग डायरेक्टर पेम्मासानी वेंकटरमण, कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गए 28 लोगों के ग्रुप का हिस्सा थे.टाइम्स ऑफ़ इंडिया के मुताबिक, उन्होंने बताया कि कैसे एक छोटे से टी ब्रेक और 10 मिनट की देरी ने उनकी जान बचाई.
वेंकटरमण ने कहा, “हमें नेपाल-तिब्बत बॉर्डर पर स्याब्रुबेसी जल्दी पहुंचना था. लेकिन एक टी ब्रेक और 10 मिनट की देरी ने हम सभी 28 लोगों की जान बचा ली. हमारे ड्राइवर ने रास्ता बदला और हमें सुरक्षित जगह पहुंचाया.” विशाखापत्तनम के एक और तीर्थयात्री, कृष्णैया मुथ्याला ने बताया कि कैसे वीज़ा मिलने में तीन दिन की देरी से तीर्थयात्रियों का ग्रुप बच गया.
टाइम्स ऑफ़ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, कृष्णैया ने कहा, “हमारा ग्रुप (AP, तेलंगाना और कर्नाटक के 28 तीर्थयात्री) मानसरोवर जाने वाला था. वीज़ा मिलने में तीन दिन की देरी से हमारी पूरी यात्रा में भी देरी हुई. नहीं तो, हम स्याब्रुबेसी पुल पर होते जब वह बाढ़ में बह गया. हम सबकी जान जा सकती थी.”
नेपाल सरकार के मुताबिक, तिब्बत बॉर्डर पर नेपाल में आई भयानक बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 734 हो गई है, जबकि करीब 1,500 लोग अभी भी लापता हैं. बाढ़ हिमालय में ग्लेशियर टूटने से आई थी, जिससे घाटी में झीलें बन गईं, जिससे नेपाल-तिब्बत बॉर्डर पर कई गांव बह गए.
बाढ़ ने बॉर्डर पर कई घरों और बस्तियों को नुकसान पहुंचाया, जिससे इलाके में बहुत ज़्यादा तबाही हुई. ANI के मुताबिक, नुवाकोट ज़िले में त्रिशूली नदी पर बने खास हाइड्रो प्रोजेक्ट्स और सोलर प्लांट्स को भी बहुत ज़्यादा नुकसान हुआ है. भारत की 11 लोगों की एक टीम शनिवार, 29 अगस्त को काठमांडू में चल रहे सर्च और रेस्क्यू मिशन में मदद करने के लिए उतरी.
रविवार को, नई दिल्ली ने ज़रूरी मानवीय सप्लाई लेकर काठमांडू के लिए चौथी राहत फ्लाइट भेजी. X पर इस डेवलपमेंट की घोषणा करते हुए, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि एयरक्राफ्ट ज़रूरी सप्लाई के साथ नेपाल की राजधानी में सफलतापूर्वक लैंड कर गया है. EAM जयशंकर ने लिखा, “चौथी भारतीय फ्लाइट काठमांडू पहुंच गई है. यह नेपाल के चल रहे रेस्क्यू और राहत ऑपरेशन में मदद करने के लिए ज़रूरी सप्लाई और टेक्निकल क्षमताएं लेकर आई है.”
Bank Holidays in September 2026: सितंबर महीने में त्योहारों, वीकेंड और हड़ताल के कारण कुल…
Nepal Flood: 26 अगस्त 2026 को नेपाल-तिब्बत बॉर्डर के पास आई अचानक बाढ़ में सैन…
Duleep Trophy 2026: दलीप ट्रॉफी 2026 के सेमीफाइनल में ईशान किशन की कलाई में चोट…
Who Is Sharon Verma: 'इंडियाज गॉट लैटेंट' में शेरोन वर्मा ने समय रैना को मजेदार…
Who Is Malaika Arora BF Harsh Mehta: मलाइका अरोड़ा की जिंदगी में एक बार फिर…
दिल्ली के एक 5-स्टार होटल में ऐसा क्या हुआ कि बिहार के एक बड़े मंत्री…