Bashar al Assad sentenced to death: सीरिया के पूर्व राष्ट्रपति बशर अल-असद को मंगलवार को एक सीरियाई अदालत ने मौत की सजा सुनाई. अदालत ने यह फैसला उनकी गैरमौजूदगी में सुनाया. बशर अल-असद पर सीरिया में लंबे समय तक चले संघर्ष के दौरान युद्ध अपराधों और मानवता के खिलाफ अपराधों से जुड़े गंभीर आरोप लगाए गए थे. इसी मामले में उनके चचेरे भाई और पूर्व सुरक्षा अधिकारी आतिफ नजीब को भी मौत की सजा सुनाई गई है.
सत्ता से बेदखल होने के बाद रूस में रह रहे असद
सीरिया में 2024 के अंत में सत्ता परिवर्तन के बाद बशर अल-असद देश छोड़कर रूस चले गए थे. इसके बाद से वह रूस में निर्वासित जीवन बिता रहे हैं. अदालत में सजा सुनाए जाने के समय वह मौजूद नहीं थे, इसलिए उनके खिलाफ फैसला गैरहाजिरी में सुनाया गया. यह बशर अल-असद के खिलाफ सत्ता से हटने के बाद सीरिया में आया एक बड़ा कानूनी फैसला है.
14 साल के संघर्ष से जुड़े गंभीर आरोप
बशर अल-असद पर सीरिया में चले लंबे संघर्ष के दौरान युद्ध अपराध और मानवता के खिलाफ अपराधों से जुड़े आरोप लगाए गए. 2011 में शुरू हुआ संघर्ष वर्षों तक जारी रहा और इस दौरान भारी संख्या में लोगों की जान गई. अदालत की कार्रवाई को सीरिया में असद शासन के दौरान कथित अपराधों के लिए जवाबदेही तय करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.
ममेरे भाई आतिफ नजीब को भी मौत की सजा
अदालत ने बशर अल-असद के चचेरे भाई आतिफ नजीब को भी मौत की सजा सुनाई. नजीब असद शासन के दौरान दक्षिणी सीरिया के दारा प्रांत में राजनीतिक सुरक्षा विभाग के प्रमुख रहे थे. उन पर वहां प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कार्रवाई में भूमिका निभाने के गंभीर आरोप थे. दारा को 2011 में शुरू हुए विद्रोह के शुरुआती केंद्रों में से एक माना जाता है. सजा सुनाए जाने के दौरान आतिफ नजीब अदालत में मौजूद था. कड़ी सुरक्षा के बीच उसे कैदी की वर्दी में एक पिंजरे के अंदर खड़ा किया गया था. इसके बाद अदालत ने उसके खिलाफ मौत की सजा का फैसला सुनाया. वहीं बशर अल-असद रूस में होने के कारण अदालत में मौजूद नहीं थे.