Live TV
Search
Home > क्राइम > Lawrence Bishnoi Sabarmati Jail: पंजाब-दिल्ली में गैंग का नेटवर्क, फिर साबरमती जेल ही क्यों बनी लॉरेंस का ठिकाना? जानिए गुजरात में कैद रहने की असली वजह

Lawrence Bishnoi Sabarmati Jail: पंजाब-दिल्ली में गैंग का नेटवर्क, फिर साबरमती जेल ही क्यों बनी लॉरेंस का ठिकाना? जानिए गुजरात में कैद रहने की असली वजह

Lawrence Bishnoi Sabarmati Jail: गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई को साबरमती जेल के हाई-सिक्योरिटी ब्लॉक में कड़ी निगरानी में रखा गया है. ड्रग्स तस्करी मामले और सुरक्षा कारणों से वह गुजरात जेल में बंद है.

Written By:
Published: October 30, 2026 15:50:11 IST
Last Updated: October 30, 2026 15:50:11 IST

Mobile Ads 1x1

Lawrence Bishnoi Sabarmati Jail: देश के कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई पर सुरक्षा एजेंसियों ने सख्ती बढ़ा दी है. उसे गुजरात की साबरमती सेंट्रल जेल में एक बेहद सुरक्षित बैरक में शिफ्ट किया गया है. यह जेल का हाई-सिक्योरिटी ब्लॉक 200 है, जहां खूंखार आतंकियों और बम धमाकों के आरोपियों को रखा जाता है. यहां लॉरेंस को बाकी कैदियों से अलग रखा गया है. उसे 7.5×11 फीट की छोटी सी कोठरी में कड़ी निगरानी के बीच रखा गया है. लेकिन सवाल यह है कि पंजाब, दिल्ली, राजस्थान और मुंबई तक फैले उसके गैंग के बावजूद लॉरेंस कई सालों से गुजरात की जेल में ही क्यों बंद है? आइए जानते हैं इसकी वजह.

ड्रग्स तस्करी के मामले में गुजरात पहुंचा था लॉरेंस

लॉरेंस बिश्नोई का गुजरात से सीधा संबंध अगस्त 2023 में जुड़ा था. उस समय गुजरात एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने कच्छ के पास समुद्र के रास्ते हुई करोड़ों रुपये की ड्रग्स तस्करी के मामले में दिल्ली की तिहाड़ जेल से उसकी कस्टडी ली थी. जांच एजेंसियों को शक था कि जेल में बंद होने के बावजूद लॉरेंस का संपर्क ऐसे लोगों से था, जो पाकिस्तान से ड्रग्स की बड़ी खेप भारत पहुंचाते थे. इस मामले की जांच और पूछताछ के लिए उसे गुजरात लाया गया था.

सरकार का बड़ा आदेश

इसके बाद सुरक्षा कारणों से उसे साबरमती सेंट्रल जेल में ही रखा गया. गृह मंत्रालय के आदेश की वजह से गुजरात से बाहर नहीं जा सकता लॉरेंस बिश्नोई के दूसरी राज्य की जेल में नहीं जाने की एक बड़ी वजह केंद्रीय गृह मंत्रालय का आदेश है. दरअसल, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 303 के तहत उस पर प्रतिबंध लगाया गया है. इस आदेश के चलते उसे साबरमती जेल से बाहर ले जाने पर रोक है. जब तक यह आदेश लागू है, तब तक किसी दूसरी राज्य की पुलिस या जांच एजेंसी उसे पूछताछ या दूसरी जेल में शिफ्ट करने के लिए गुजरात से बाहर नहीं ले जा सकती.

जेल से गैंग चलाने के शक के बाद बढ़ाई गई सुरक्षा

सुरक्षा एजेंसियों को शक है कि लॉरेंस बिश्नोई जेल में रहने के दौरान भी मोबाइल और इंटरनेट के जरिए अपने गैंग के लोगों से संपर्क करता था. पंजाब की जेल में रहने के दौरान उसका वीडियो इंटरव्यू सामने आया था. इसके बाद जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल उठे थे. इसी वजह से सुरक्षा एजेंसियां उसे बाहरी दुनिया और अपने गैंग के सदस्यों से दूर रखना चाहती हैं.

ये भी पढ़ें:  Watch Video: करवा चौथ पर पत्नी को प्रेमी के साथ रंगे हाथों पकड़ा पति, फिर जो हुआ उसे जान पकड़ लेंगे माथा

साबरमती जेल में क्यों रखा गया है लॉरेंस?

साबरमती जेल को सुरक्षा के लिहाज से बेहद सुरक्षित माना जाता है. यहां जैमर और कड़ी निगरानी की व्यवस्था है, ताकि कैदी मोबाइल या दूसरे तकनीकी साधनों से बाहर संपर्क न कर सकें. सुरक्षा एजेंसियों का प्रयास है कि लॉरेंस का अपने गैंग के सदस्यों से संपर्क पूरी तरह बंद किया जाए और जेल के अंदर से अपराधों को अंजाम देने की किसी भी कोशिश को रोका जा सके.

ये भी पढ़ें: बंद फ्लैट, तेज दुर्गंध और… विरार में एक ही परिवार के तीन भाई-बहनों की मौत से मचा हड़कंप

MORE NEWS

Home > क्राइम > Lawrence Bishnoi Sabarmati Jail: पंजाब-दिल्ली में गैंग का नेटवर्क, फिर साबरमती जेल ही क्यों बनी लॉरेंस का ठिकाना? जानिए गुजरात में कैद रहने की असली वजह

Written By:
Published: October 30, 2026 15:50:11 IST
Last Updated: October 30, 2026 15:50:11 IST

Mobile Ads 1x1

Lawrence Bishnoi Sabarmati Jail: देश के कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई पर सुरक्षा एजेंसियों ने सख्ती बढ़ा दी है. उसे गुजरात की साबरमती सेंट्रल जेल में एक बेहद सुरक्षित बैरक में शिफ्ट किया गया है. यह जेल का हाई-सिक्योरिटी ब्लॉक 200 है, जहां खूंखार आतंकियों और बम धमाकों के आरोपियों को रखा जाता है. यहां लॉरेंस को बाकी कैदियों से अलग रखा गया है. उसे 7.5×11 फीट की छोटी सी कोठरी में कड़ी निगरानी के बीच रखा गया है. लेकिन सवाल यह है कि पंजाब, दिल्ली, राजस्थान और मुंबई तक फैले उसके गैंग के बावजूद लॉरेंस कई सालों से गुजरात की जेल में ही क्यों बंद है? आइए जानते हैं इसकी वजह.

ड्रग्स तस्करी के मामले में गुजरात पहुंचा था लॉरेंस

लॉरेंस बिश्नोई का गुजरात से सीधा संबंध अगस्त 2023 में जुड़ा था. उस समय गुजरात एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (ATS) ने कच्छ के पास समुद्र के रास्ते हुई करोड़ों रुपये की ड्रग्स तस्करी के मामले में दिल्ली की तिहाड़ जेल से उसकी कस्टडी ली थी. जांच एजेंसियों को शक था कि जेल में बंद होने के बावजूद लॉरेंस का संपर्क ऐसे लोगों से था, जो पाकिस्तान से ड्रग्स की बड़ी खेप भारत पहुंचाते थे. इस मामले की जांच और पूछताछ के लिए उसे गुजरात लाया गया था.

सरकार का बड़ा आदेश

इसके बाद सुरक्षा कारणों से उसे साबरमती सेंट्रल जेल में ही रखा गया. गृह मंत्रालय के आदेश की वजह से गुजरात से बाहर नहीं जा सकता लॉरेंस बिश्नोई के दूसरी राज्य की जेल में नहीं जाने की एक बड़ी वजह केंद्रीय गृह मंत्रालय का आदेश है. दरअसल, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 303 के तहत उस पर प्रतिबंध लगाया गया है. इस आदेश के चलते उसे साबरमती जेल से बाहर ले जाने पर रोक है. जब तक यह आदेश लागू है, तब तक किसी दूसरी राज्य की पुलिस या जांच एजेंसी उसे पूछताछ या दूसरी जेल में शिफ्ट करने के लिए गुजरात से बाहर नहीं ले जा सकती.

जेल से गैंग चलाने के शक के बाद बढ़ाई गई सुरक्षा

सुरक्षा एजेंसियों को शक है कि लॉरेंस बिश्नोई जेल में रहने के दौरान भी मोबाइल और इंटरनेट के जरिए अपने गैंग के लोगों से संपर्क करता था. पंजाब की जेल में रहने के दौरान उसका वीडियो इंटरव्यू सामने आया था. इसके बाद जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल उठे थे. इसी वजह से सुरक्षा एजेंसियां उसे बाहरी दुनिया और अपने गैंग के सदस्यों से दूर रखना चाहती हैं.

ये भी पढ़ें:  Watch Video: करवा चौथ पर पत्नी को प्रेमी के साथ रंगे हाथों पकड़ा पति, फिर जो हुआ उसे जान पकड़ लेंगे माथा

साबरमती जेल में क्यों रखा गया है लॉरेंस?

साबरमती जेल को सुरक्षा के लिहाज से बेहद सुरक्षित माना जाता है. यहां जैमर और कड़ी निगरानी की व्यवस्था है, ताकि कैदी मोबाइल या दूसरे तकनीकी साधनों से बाहर संपर्क न कर सकें. सुरक्षा एजेंसियों का प्रयास है कि लॉरेंस का अपने गैंग के सदस्यों से संपर्क पूरी तरह बंद किया जाए और जेल के अंदर से अपराधों को अंजाम देने की किसी भी कोशिश को रोका जा सके.

ये भी पढ़ें: बंद फ्लैट, तेज दुर्गंध और… विरार में एक ही परिवार के तीन भाई-बहनों की मौत से मचा हड़कंप

MORE NEWS