Exit Poll Results Live Updates: चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार, 9 अप्रैल को हुए विधानसभा चुनावों में असम में 85.64 प्रतिशत से अधिक की रिकॉर्ड वोटिंग दर्ज की गई, जबकि केरल में 78 प्रतिशत से अधिक की प्रभावशाली वोटिंग देखने को मिली; इन दोनों ही राज्यों में सत्ताधारी दल लगातार तीसरी बार सत्ता में आने की उम्मीद कर रहे हैं.
पश्चिम बंगाल, असम, केरल, तमिलनाडु और पुदुचेरी में किसकी बनेगी सरकार? एग्जिट पोल के नतीजें देखें
Exit Poll Results 2026 Live Updates: केरल, तमिलनाडु, असम और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव को लेकर वोट डाले जा चुके हैं. आज यानी बुधवार (29 अप्रैल, 2026) को पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण का मतदान भी खत्म हो जाएगा. इसके बाद एग्जिट पोल का दौर शुरू हो जाएगा. अलग-अलग एजेंसियां अपने-अपने आंकड़ें पेश करेंगी. इसके बाद पता चलेगा कि किस राज्य में किसकी सरकार बनेगी.
देश में एग्जिट पोल कराने का चलन 1957 में दूसरे लोकसभा चुनावों के दौरान शुरू हुआ था. इस पहल का श्रेय ‘इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक ओपिनियन’ (IIPO) को जाता है, जिसने पहली बार मतदाताओं की पसंद जानने के लिए इस तरह का सर्वे किया था. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि एग्जिट पोल वोटिंग प्रक्रिया के आखिरी चरण के बाद किए जाते हैं.
भारत में इनका संचालन ‘भारत निर्वाचन आयोग’ (Election Commission of India) द्वारा तय किए गए दिशा-निर्देशों के तहत होता है. इन दिशा-निर्देशों का मकसद यह पक्का करना है कि चुनावी प्रक्रिया निष्पक्ष बनी रहे और वोटिंग के दौरान किसी भी तरह का गलत असर न डाला जाए. एग्जिट पोल को ओपिनियन पोल से अलग माना जाता है. अगर ओपिनियन पोल की बात करें तो ये चुनाव से पहले मतदाताओं की संभावित पसंद का अंदाजा लगाने के लिए किए जाते हैं. वहीं दूसरी तरफ एग्जिट पोल वोटिंग खत्म होने के बाद वोटरों के साथ बातचीत करने के बाद आंकड़ों के आधार पर तैयार किए जाते हैं.
एग्जिट पोल में मतदाताओं से पूछा जाता है कि उन्होंने किस पार्टी या उम्मीदवार को वोट दिया और उनके इस फैसले की वजह क्या थी. आम तौर पर इन सर्वे में मतदाताओं का एक ऐसा नमूना (sample) शामिल होता है जो अलग-अलग सामाजिक, आर्थिक और भौगोलिक वर्गों का प्रतिनिधित्व करता है. इस तरीके से राजनीतिक पार्टियों के प्रति जनता की भावना और उनके चुनावी प्रदर्शन का आकलन किया जाता है. हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि एग्जिट पोल पूरी तरह से अचूक नहीं होते, क्योंकि वे सीमित नमूनों और सांख्यिकीय अनुमानों पर आधारित होते हैं.
एग्जिट पोल आमतौर पर आखिरी पोलिंग बूथ बंद होने के 30 मिनट बाद जारी किए जाते हैं. बंगाल में वोटिंग का आखिरी चरण शाम करीब 6 बजे खत्म होगा, जिसके बाद एग्जिट पोल जारी किए जाएंगे.
चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार, 9 अप्रैल को हुए विधानसभा चुनावों में असम में 85.64 प्रतिशत से अधिक की रिकॉर्ड वोटिंग दर्ज की गई, जबकि केरल में 78 प्रतिशत से अधिक की प्रभावशाली वोटिंग देखने को मिली; इन दोनों ही राज्यों में सत्ताधारी दल लगातार तीसरी बार सत्ता में आने की उम्मीद कर रहे हैं.
2021 में ज्यादातर एग्जिट पोल ने टीएमसी और बीजेपी के बीच कांटे की टक्कर का संकेत दिया था. सभी एग्ज़िट पोल के कुल नतीजों (poll of polls) के मुताबिक, ममता बनर्जी की पार्टी को 292 सीटों में से करीब 156 सीटें मिलने का अनुमान था, जबकि BJP करीब 121 सीटों के साथ उसके ठीक पीछे थी; इससे एक बेहद कड़े मुकाबले का संकेत मिल रहा था. हालांकि. जब नतीजे सामने आए तो वो पूरी तरह से अलग थे.
टीएमसी ने जबरदस्त वापसी करते हुए 215 सीटों के साथ सत्ता हासिल की, जो अनुमानों से कहीं ज्यादा बेहतर प्रदर्शन था. बीजेपी ने काफी बढ़त हासिल करने के बावजूद 77 सीटों तक ही खुद को सीमित पाया; यह संख्या उसे मुख्य विपक्षी दल के तौर पर उभरने के लिए तो काफी थी, लेकिन एग्ज़िट पोल में दिखाए गए अनुमानों से काफ़ी कम थी.
एग्जिट पोल की सटीकता हमेशा बहस का विषय रही है. हालांकि, 2021 में इन पोल के अनुमान एकदम सटीक साबित हुए. 'पोल ऑफ़ पोल्स' ने DMK के नेतृत्व वाले गठबंधन के लिए 160 सीटों और उस समय सत्ता में रही पार्टी AIADMK के लिए लगभग 75 सीटों का अनुमान लगाया था. जब नतीजे घोषित हुए तो DMK के नेतृत्व वाले गठबंधन को 159 सीटें मिलीं, जबकि AIADMK के नेतृत्व वाला गठबंधन 75 सीटें जीतने में कामयाब रहा. खास बात यह है कि अकेले DMK ने ही 133 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत हासिल कर लिया और 10 साल बाद सत्ता में वापसी की.
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भारत में एग्जिट पोल एजेंसियां क्षेत्र, पिछले मतदान रुझानों और जनसांख्यिकीय विविधता के आधार पर निर्वाचन क्षेत्रों और मतदान केंद्रों का एक प्रतिनिधि आंकड़ें इकट्ठा करते हैं. मतदान के दिन, फील्ड एजेंट इन बूथों के बाहर तैनात रहते हैं और मतदाताओं के वोट डालने के बाद उनसे संपर्क करते हैं. इसमें भाग लेना स्वैच्छिक होता है और जवाब देने वाले मौखिक रूप से, गोपनीय पर्चियों के माध्यम से या डिजिटल उपकरणों का उपयोग करके जवाब दे सकते हैं. यह जमीनी स्तर का संवाद ही आगे के सभी विश्लेषणों के लिए कच्चा डेटासेट तैयार करता है.
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जदयू सांसद संजय कुमार झा ने बुधवार को कहा कि पश्चिम बंगाल से मिले फीडबैक से पता चलता है कि मतदाताओं में बदलाव का मूड है. उन्होंने भरोसा जताया कि 4 मई को जब नतीजे घोषित होंगे तो NDA ही विजयी होगा. पटना में पत्रकारों से बात करते हुए संजय झा ने कहा कि इस बदलाव के संकेत वोटिंग के पहले चरण के बाद ही मिलने शुरू हो गए थे और मौजूदा दूसरे चरण में भी ये संकेत जारी हैं. उन्होंने आगे कहा कि इन रुझानों के आधार पर अंतिम नतीजा NDA के पक्ष में ही रहने की संभावना है.
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि पश्चिम बंगाल, असम, केरल, तमिलनाडु और पुदुचेरी के 824 निर्वाचन क्षेत्रों के एग्जिट पोल के नतीजे एक ही समय पर जारी किए जाएंगे.
चुनाव आयोग के निर्देश के मुताबिक, मीडिया संस्थानों को 9 अप्रैल, 2026 को सुबह 7:00 बजे से लेकर 29 अप्रैल, 2026 को शाम 6:30 बजे तक एग्जिट पोल आयोजित करने या उनका प्रसारण करने से प्रतिबंधित किया गया है. इस हिसाब से 29 अप्रैल, 2026 को शाम 6:30 बजे के बाद एग्जिट पोल के नतीजे जारी सामने आने शुरू हो जाएंगे.
एग्जिट पोल ऐसे सर्वे होते हैं जो वोटरों के पोलिंग बूथ से बाहर निकलते ही तुरंत किए जाते हैं. इनमें वोटरों से पूछा जाता है कि उन्होंने अभी-अभी किस पार्टी या उम्मीदवार को वोट दिया है. तो वहीं दूसरी तरफ ओपिनियन पोल को समझने का प्रयास करें तो ये चुनाव होने से पहले ही वोटरों के व्यवहार का अंदाजा लगाने की कोशिश की जाती है.
अलग-अलग पोलिंग एजेंसियां अक्सर अलग-अलग अनुमान देती हैं, क्योंकि वे एक जैसी कार्यप्रणाली का पालन नहीं करतीं. वे अलग-अलग पोलिंग स्टेशन चुन सकती हैं, सैंपल का आकार अलग रख सकती हैं या फिर वोटरों के इंटरव्यू के दौरान सवाल पूछने का तरीका भी अलग हो सकता है. इसके अलावा, एजेंसियां इस मामले में भी अलग होती हैं कि वे उन लोगों के जवाबों को कैसे देखती हैं जिन्होंने कोई जवाब नहीं दिया और वे वेटिंग फ़ॉर्मूलों को कितनी सख्ती से लागू करती हैं. यहां तक कि वोटों को सीटों में बदलने के मॉडल भी अलग होते हैं, जिसकी वजह से एक जैसा कच्चा डेटा इस्तेमाल करने के बावजूद अनुमानों में काफी देखने को मिलता है.
पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण का मतदान खत्म होते ही एग्जिट पोल के नतीजे आने शुरू हो जाएंगे. पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, असम, केरल और पुदुचेरी में विधानसभा चुनाव के लिए वोटिंग हुई है. जिसको लेकर आज एग्जिट पोल के नतीजे आएंगे और 4 मई को सभी 5 राज्यों में वोटों की गिनती शुरू होगी. और फिर इन पांच राज्यों में किसकी सरकार बनेगी ये भी तय हो जाएगा.
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