5 बेडरूम, लिविंग रूम… नीतीश कुमार को मिला लग्जरी टाइप-8 बंगला, अमित शाह और राहुल गांधी के बने पड़ोसी
अमित शाह और राहुल गांधी के पड़ोसी बने नीतीश कुमार
नीतीश कुमार का नया घर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के आवास से महज 150 मीटर की दूरी पर है. लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी का आवास भी करीब 100 मीटर की दूरी पर स्थित है. इस तरह यह इलाका देश की राजनीति का 'पावर कॉरिडोर' बन गया है. भाजपा नेता नितिन नबीन का बंगला भी इसी जोन में है. आसपास के क्षेत्र में इतने बड़े नेताओं की मौजूदगी से इस क्षेत्र का महत्व और भी बढ़ जाता है.
टाइप-8 बंगला: क्यों है सबसे खास और अनोखा?
टाइप-8 श्रेणी के बंगले देश के सबसे बड़े और सबसे सुविधाजनक सरकारी आवास माने जाते हैं. ये आम तौर पर लगभग 3 एकड़ में फैले होते हैं, जिसमें एक बड़ा लॉन और बगीचा शामिल होता है. इनमें 5 बेडरूम, लिविंग रूम, डाइनिंग एरिया, स्टडी रूम और गैराज जैसी सुविधाएं हैं. इन बंगलों को वीवीआईपी मूवमेंट और प्राइवेसी को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है. यह सुविधा केवल शीर्ष स्तर के राजनेताओं, न्यायाधीशों और पूर्व राष्ट्रपतियों को ही उपलब्ध है.
टाइप-8 बंगला में उच्च सुरक्षा क्षेत्र: हर कोने पर 24x7 निगरानी
ऐसे बंगलों में सुरक्षा के बेहद कड़े इंतजाम होते हैं. पूरे परिसर पर सीसीटीवी कैमरे से 24 घंटे निगरानी रखी जाती है. एंट्री गेट से लेकर अंदर के लॉन और कमरों तक सुरक्षा का खास ख्याल रखा गया है. सुरक्षा एजेंसियों की निरंतर उपस्थिति इसे एक उच्च सुरक्षा वाला क्षेत्र बनाती है. यही वजह है कि इन इलाकों को देश के सबसे सुरक्षित रिहायशी इलाकों में गिना जाता है.
टाइप-8 बंगला कैसे प्राप्त करें, क्या है नियम और प्राथमिकता?
दिल्ली में सरकारी आवासों का आवंटन केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित नियमों के अनुसार किया जाता है. यह प्रक्रिया आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय के अधीन है. लोकसभा और राज्यसभा की हाउसिंग कमेटी इसमें अहम भूमिका निभाती है. बंगले वरिष्ठता, रैंक और उपलब्धता के आधार पर आवंटित किए जाते हैं. इसमें मंत्रियों, सांसदों और जजों को प्राथमिकता दी जाती है.
लुटियंस दिल्ली देश का सबसे पॉश और ताकतवर इलाका
ये पूरा इलाका लुटियंस दिल्ली के अंतर्गत आता है. करीब 23.60 वर्ग किलोमीटर में फैला यह इलाका राजधानी का सबसे प्रीमियम जोन है. यहां राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और बड़े-बड़े राजनेता रहते हैं। इस इलाके में करीब 600 निजी बंगले भी मौजूद हैं. सेंट्रल विस्टा और हेरिटेज इमारतें इसकी पहचान हैं.
नीतीश कुमार की दिल्ली शिफ्ट के साथ जेडीयू की रणनीति भी सक्रिय
नीतीश कुमार के दिल्ली में सक्रिय होने के साथ ही पार्टी भी रणनीतिक रूप से सक्रिय हो रही है. शुक्रवार को जेडीयू कार्यालय में एक अहम बैठक बुलाई गई है. इसमें पार्टी प्रवक्ताओं के साथ नई सरकार की रणनीति तय की जाएगी. इसमें प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा और एमएलसी संजय गांधी भी शामिल होंगे. बैठक में मीडिया कथा और राजनीतिक दिशा पर चर्चा होने की संभावना है.