Live TV
Search
Home > क्रिकेट > विराट कोहली जैसा बनने की चाहत, दबाकर ले रहे ड्रग्स, IPL खेलने वाले क्रिकेटर्स ये क्या कर रहे?

विराट कोहली जैसा बनने की चाहत, दबाकर ले रहे ड्रग्स, IPL खेलने वाले क्रिकेटर्स ये क्या कर रहे?

Cricketers Consuming Drugs: भारतीय क्रिकेट में फिटनेस को लेकर बढ़ते दबाव के बीच वजन घटाने वाले इंजेक्शन ओजेम्पिक और मौन्जारो के इस्तेमाल की रिपोर्ट सामने आई है. कुछ क्रिकेटर्स विराट कोहली जैसी फिटनेस हासिल करने के लिए इसका इस्तेमाल कर रहे हैं.

Written By:
Edited By: Uttam Ojha
Last Updated: 2026-08-11 17:19:28

Mobile Ads 1x1

भारतीय क्रिकेट में पिछले कुछ सालों में फिटनेस को लेकर काफी सख्ती बढ़ी है. बीसीसीआई ने कई नियम बनाए हैं. विराट कोहली की फिटनेस को इसका बड़ा उदाहरण माना जाता है. इसी बीच  एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि कुछ आईपीएल और टीम इंडिया के लिए खेलने वाले कुछ खिलाड़ी वजन कम करने के लिए ओजेम्पिक और मौन्जारो जैसे इंजेक्शन का इस्तेमाल कर रहे हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, यह चलन सिर्फ सीनियर खिलाड़ियों तक सीमित नहीं है, बल्कि कुछ युवा क्रिकेटर भी स्लिम और एथलेटिक दिखने के लिए इन दवाओं का सहारा ले रहे हैं.
 
विराट कोहली ने अपनी फिटनेस के लिए डाइट में बड़ा बदलाव किया और लंबे समय तक कड़ी ट्रेनिंग की. उनकी फिटनेस में बदलाव ने दुनियाभर के कई क्रिकेटरों को प्रेरित किया है. हालांकि, इस तरह की फिटनेस हासिल करने में समय, अनुशासन और लगातार मेहनत लगती है. रिपोर्ट में दावा किया गया है कि कुछ खिलाड़ी इसका आसान और तेज रास्ता तलाश रहे हैं. एक सूत्र के हवाले से कहा गया कि इन दवाओं को वर्कआउट के साथ वजन घटाने का शॉर्टकट माना जा रहा है. बॉलीवुड सितारों के बीच भी इनके इस्तेमाल की चर्चा है.

ओजेम्पिक और मौन्जारो क्या हैं?
ओजेम्पिक और मौन्जारो डॉक्टर की सलाह से इस्तेमाल होने वाली दवाएं हैं, जिनका मुख्य उपयोग टाइप-2 डायबिटीज के इलाज में किया जाता है. ओजेम्पिक में सेमाग्लूटाइड होता है, जो भूख कम करने और ब्लड शुगर नियंत्रित करने में मदद कर सकता है. वहीं, मौन्जारो में टिर्जेपाटाइड होता है, जो ब्लड शुगर कंट्रोल करने के साथ वजन कम करने में भी मदद कर सकता है. दोनों दवाएं इंजेक्शन के रूप में दी जाती हैं और इनके कुछ साइड इफेक्ट भी हो सकते हैं.

भारतीय टीम की चोटों ने बढ़ाई चिंता
इन दवाओं के इस्तेमाल की चर्चा ऐसे समय में सामने आई है, जब भारतीय क्रिकेट टीम पहले से ही खिलाड़ियों की फिटनेस और चोटों को लेकर परेशान है. जसप्रीत बुमराह, हार्दिक पांड्या, नितीश कुमार रेड्डी, हर्षित राणा, आकाश दीप, वॉशिंगटन सुंदर और साई सुदर्शन जैसे खिलाड़ी अलग-अलग समय पर चोटों से उबरने के लिए रिहैबिलिटेशन से गुजर चुके हैं. इन मामलों के कारण बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पर भी सवाल उठे हैं.

Tags:

MORE NEWS

Home > क्रिकेट > विराट कोहली जैसा बनने की चाहत, दबाकर ले रहे ड्रग्स, IPL खेलने वाले क्रिकेटर्स ये क्या कर रहे?

Written By:
Edited By: Uttam Ojha
Last Updated: 2026-08-11 17:19:28

Mobile Ads 1x1

भारतीय क्रिकेट में पिछले कुछ सालों में फिटनेस को लेकर काफी सख्ती बढ़ी है. बीसीसीआई ने कई नियम बनाए हैं. विराट कोहली की फिटनेस को इसका बड़ा उदाहरण माना जाता है. इसी बीच  एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि कुछ आईपीएल और टीम इंडिया के लिए खेलने वाले कुछ खिलाड़ी वजन कम करने के लिए ओजेम्पिक और मौन्जारो जैसे इंजेक्शन का इस्तेमाल कर रहे हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, यह चलन सिर्फ सीनियर खिलाड़ियों तक सीमित नहीं है, बल्कि कुछ युवा क्रिकेटर भी स्लिम और एथलेटिक दिखने के लिए इन दवाओं का सहारा ले रहे हैं.
 
विराट कोहली ने अपनी फिटनेस के लिए डाइट में बड़ा बदलाव किया और लंबे समय तक कड़ी ट्रेनिंग की. उनकी फिटनेस में बदलाव ने दुनियाभर के कई क्रिकेटरों को प्रेरित किया है. हालांकि, इस तरह की फिटनेस हासिल करने में समय, अनुशासन और लगातार मेहनत लगती है. रिपोर्ट में दावा किया गया है कि कुछ खिलाड़ी इसका आसान और तेज रास्ता तलाश रहे हैं. एक सूत्र के हवाले से कहा गया कि इन दवाओं को वर्कआउट के साथ वजन घटाने का शॉर्टकट माना जा रहा है. बॉलीवुड सितारों के बीच भी इनके इस्तेमाल की चर्चा है.

ओजेम्पिक और मौन्जारो क्या हैं?
ओजेम्पिक और मौन्जारो डॉक्टर की सलाह से इस्तेमाल होने वाली दवाएं हैं, जिनका मुख्य उपयोग टाइप-2 डायबिटीज के इलाज में किया जाता है. ओजेम्पिक में सेमाग्लूटाइड होता है, जो भूख कम करने और ब्लड शुगर नियंत्रित करने में मदद कर सकता है. वहीं, मौन्जारो में टिर्जेपाटाइड होता है, जो ब्लड शुगर कंट्रोल करने के साथ वजन कम करने में भी मदद कर सकता है. दोनों दवाएं इंजेक्शन के रूप में दी जाती हैं और इनके कुछ साइड इफेक्ट भी हो सकते हैं.

भारतीय टीम की चोटों ने बढ़ाई चिंता
इन दवाओं के इस्तेमाल की चर्चा ऐसे समय में सामने आई है, जब भारतीय क्रिकेट टीम पहले से ही खिलाड़ियों की फिटनेस और चोटों को लेकर परेशान है. जसप्रीत बुमराह, हार्दिक पांड्या, नितीश कुमार रेड्डी, हर्षित राणा, आकाश दीप, वॉशिंगटन सुंदर और साई सुदर्शन जैसे खिलाड़ी अलग-अलग समय पर चोटों से उबरने के लिए रिहैबिलिटेशन से गुजर चुके हैं. इन मामलों के कारण बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पर भी सवाल उठे हैं.

Tags:

MORE NEWS