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Home > मनोरंजन > ट्रेन में संतरे बेचने वाला कैसे बना बॉलीवुड का सबसे बड़ा कॉमेडियन? कभी 600 थी सैलरी, नेटवर्थ सुन बड़े-बड़े स्टार भी दंग

ट्रेन में संतरे बेचने वाला कैसे बना बॉलीवुड का सबसे बड़ा कॉमेडियन? कभी 600 थी सैलरी, नेटवर्थ सुन बड़े-बड़े स्टार भी दंग

Johnny Lever Birthday: शुरुआती दिनों में, जॉनी लीवर ने गुज़ारा करने के लिए मुंबई की सड़कों पर पेन बेचे. उन्होंने ट्रेनों में संतरे भी बेचे. बॉलीवुड में काम करने से पहले उन्होंने कई तरह के छोटे-मोटे काम किए.

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Last Updated: 2026-08-14 09:09:56

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Johnny Lever Struggle Story: बॉलीवुड के इतिहास में अनगिनत एक्टर्स ने अपनी दमदार एक्टिंग और कॉमेडी से दर्शकों का दिल जीता है. बॉलीवुड फिल्मों में कॉमेडियन हमेशा से ही सेंटर ऑफ़ अटेंशन रहे हैं. कुछ कॉमेडियन तो बड़े स्टार माने जाते थे. जॉनी लीवर उनमें से एक हैं. अपने लंबे और सफल करियर के दौरान, उन्होंने कई फिल्मों में काम किया और दर्शकों को खूब हंसाया.

जॉनी लीवर 80 और 90 के दशक में बॉलीवुड फिल्मों की जान थे. वह आज भी फिल्म इंडस्ट्री में काम कर रहे हैं. वह बॉलीवुड के सबसे अमीर कॉमेडियन में से एक हैं. हालांकि, एक समय वह सिर्फ 600 रुपये कमाते थे. गुज़ारा करने के लिए उन्हें सड़क पर पेन और ट्रेन में संतरे भी बेचने पड़े थे.

धारावी में बिताया बचपन

जॉनी लीवर का असली नाम जॉन प्रकाश राव जनुमाला है. उनका जन्म मुंबई में एक तेलुगु क्रिश्चियन परिवार में हुआ था और उन्होंने अपना बचपन शहर की सबसे मुश्किल झुग्गियों में से एक धारावी में बिताया. बचपन में कई मुश्किलों का सामना करने के बावजूद, जॉनी ने कभी हार नहीं मानी और अकेले ही करोड़ों का एम्पायर खड़ा किया.

जॉनी लीवर एक समय सिर्फ 600 रुपये कमाते थे

जॉनी लीवर सिर्फ सातवीं क्लास तक पढ़े थे. उनका जन्म 14 अगस्त, 1957 को आंध्र प्रदेश में एक क्रिश्चियन परिवार में हुआ था. उनके पिता हिंदुस्तान यूनिलीवर में काम करते थे. जब जॉनी 18 साल के हुए, तो उन्होंने इस कंपनी के लिए काम करना शुरू कर दिया. एक्टर को 600 रुपये सैलरी मिलती थी.

सड़कों पर पेन और ट्रेनों में संतरे बेचे

शुरुआती दिनों में, जॉनी लीवर ने गुज़ारा करने के लिए मुंबई की सड़कों पर पेन बेचे. उन्होंने ट्रेनों में संतरे भी बेचे. बॉलीवुड में काम करने से पहले उन्होंने कई तरह के छोटे-मोटे काम किए.

‘बाज़ीगर’ ने उन्हें खास पहचान दिलाई

जॉनी लीवर को शुरू से ही एक्टिंग का शौक था. पेन बेचते समय, वह अलग-अलग एक्टर्स की नकल करते थे. उनका स्टाइल बहुत पॉपुलर था. जॉनी कभी-कभी स्टैंड-अप शो भी करते थे. इससे दिवंगत दिग्गज एक्टर सुनील दत्त का ध्यान उन पर गया, जिन्होंने उन्हें 1982 की फिल्म ‘दर्द का रिश्ता’ में एक रोल ऑफर किया.

इसके बाद, जॉनी ने 1988 में “हंसी के हंगामा” नाम का एक ऑडियो कैसेट रिलीज़ किया, जिससे वह लोगों के बीच बहुत पॉपुलर हो गए. हालांकि, बॉलीवुड में उन्हें पहली बड़ी और अहम पहचान 1993 की ब्लॉकबस्टर फिल्म “बाज़ीगर” से मिली, जिसमें उन्होंने बबलू का किरदार निभाया था.

जॉनी लीवर की नेट वर्थ 

अपने चार दशक से ज़्यादा के करियर में, जॉनी लीवर ने 350 से ज़्यादा फ़िल्मों में काम किया है. उनकी सबसे अच्छी फ़िल्मों में “बाज़ीगर,” “करण अर्जुन,” “गोलमाल 3,” “फिर हेरा फेरी,” “कुछ कुछ होता है,” “दे दना दन,” और “राजा हिंदुस्तानी” शामिल हैं. टाइम्स ऑफ़ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक, एक्टर की नेट वर्थ लगभग ₹277 करोड़ है.

जॉनी लीवर दो बच्चों 

अब, जॉनी लीवर की पर्सनल लाइफ़ के बारे में बात करते हैं. जॉनी ने 1984 में सुजाता लीवर से शादी की. बाद में इस कपल के दो बच्चे हुए: एक बेटी, जेमी लीवर, और एक बेटा, जेसी लीवर. दोनों ही एंटरटेनमेंट की दुनिया से जुड़े हुए हैं.

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Last Updated: 2026-08-14 09:09:56

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Johnny Lever Struggle Story: बॉलीवुड के इतिहास में अनगिनत एक्टर्स ने अपनी दमदार एक्टिंग और कॉमेडी से दर्शकों का दिल जीता है. बॉलीवुड फिल्मों में कॉमेडियन हमेशा से ही सेंटर ऑफ़ अटेंशन रहे हैं. कुछ कॉमेडियन तो बड़े स्टार माने जाते थे. जॉनी लीवर उनमें से एक हैं. अपने लंबे और सफल करियर के दौरान, उन्होंने कई फिल्मों में काम किया और दर्शकों को खूब हंसाया.

जॉनी लीवर 80 और 90 के दशक में बॉलीवुड फिल्मों की जान थे. वह आज भी फिल्म इंडस्ट्री में काम कर रहे हैं. वह बॉलीवुड के सबसे अमीर कॉमेडियन में से एक हैं. हालांकि, एक समय वह सिर्फ 600 रुपये कमाते थे. गुज़ारा करने के लिए उन्हें सड़क पर पेन और ट्रेन में संतरे भी बेचने पड़े थे.

धारावी में बिताया बचपन

जॉनी लीवर का असली नाम जॉन प्रकाश राव जनुमाला है. उनका जन्म मुंबई में एक तेलुगु क्रिश्चियन परिवार में हुआ था और उन्होंने अपना बचपन शहर की सबसे मुश्किल झुग्गियों में से एक धारावी में बिताया. बचपन में कई मुश्किलों का सामना करने के बावजूद, जॉनी ने कभी हार नहीं मानी और अकेले ही करोड़ों का एम्पायर खड़ा किया.

जॉनी लीवर एक समय सिर्फ 600 रुपये कमाते थे

जॉनी लीवर सिर्फ सातवीं क्लास तक पढ़े थे. उनका जन्म 14 अगस्त, 1957 को आंध्र प्रदेश में एक क्रिश्चियन परिवार में हुआ था. उनके पिता हिंदुस्तान यूनिलीवर में काम करते थे. जब जॉनी 18 साल के हुए, तो उन्होंने इस कंपनी के लिए काम करना शुरू कर दिया. एक्टर को 600 रुपये सैलरी मिलती थी.

सड़कों पर पेन और ट्रेनों में संतरे बेचे

शुरुआती दिनों में, जॉनी लीवर ने गुज़ारा करने के लिए मुंबई की सड़कों पर पेन बेचे. उन्होंने ट्रेनों में संतरे भी बेचे. बॉलीवुड में काम करने से पहले उन्होंने कई तरह के छोटे-मोटे काम किए.

‘बाज़ीगर’ ने उन्हें खास पहचान दिलाई

जॉनी लीवर को शुरू से ही एक्टिंग का शौक था. पेन बेचते समय, वह अलग-अलग एक्टर्स की नकल करते थे. उनका स्टाइल बहुत पॉपुलर था. जॉनी कभी-कभी स्टैंड-अप शो भी करते थे. इससे दिवंगत दिग्गज एक्टर सुनील दत्त का ध्यान उन पर गया, जिन्होंने उन्हें 1982 की फिल्म ‘दर्द का रिश्ता’ में एक रोल ऑफर किया.

इसके बाद, जॉनी ने 1988 में “हंसी के हंगामा” नाम का एक ऑडियो कैसेट रिलीज़ किया, जिससे वह लोगों के बीच बहुत पॉपुलर हो गए. हालांकि, बॉलीवुड में उन्हें पहली बड़ी और अहम पहचान 1993 की ब्लॉकबस्टर फिल्म “बाज़ीगर” से मिली, जिसमें उन्होंने बबलू का किरदार निभाया था.

जॉनी लीवर की नेट वर्थ 

अपने चार दशक से ज़्यादा के करियर में, जॉनी लीवर ने 350 से ज़्यादा फ़िल्मों में काम किया है. उनकी सबसे अच्छी फ़िल्मों में “बाज़ीगर,” “करण अर्जुन,” “गोलमाल 3,” “फिर हेरा फेरी,” “कुछ कुछ होता है,” “दे दना दन,” और “राजा हिंदुस्तानी” शामिल हैं. टाइम्स ऑफ़ इंडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक, एक्टर की नेट वर्थ लगभग ₹277 करोड़ है.

जॉनी लीवर दो बच्चों 

अब, जॉनी लीवर की पर्सनल लाइफ़ के बारे में बात करते हैं. जॉनी ने 1984 में सुजाता लीवर से शादी की. बाद में इस कपल के दो बच्चे हुए: एक बेटी, जेमी लीवर, और एक बेटा, जेसी लीवर. दोनों ही एंटरटेनमेंट की दुनिया से जुड़े हुए हैं.

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