Kuku Kohli death: हिंदी सिनेमा के लिए एक दुखद खबर सामने आई है. मशहूर फिल्ममेकर कुकू कोहली का 77 साल की उम्र में निधन हो गया. ‘फूल और कांटे’ जैसी चर्चित फिल्म का निर्देशन कर अजय देवगन को बॉलीवुड में मजबूत शुरुआत देने वाले कुकू कोहली ने मंगलवार को मुंबई में आखिरी सांस ली. उनके निधन की खबर से फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई है. कुकू कोहली पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ थे और उन्हें मुंबई के कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी अस्पताल में भर्ती कराया गया था. उनके भाई बलराज ईरानी ने एक मीडिया संस्थान से बातचीत में निधन की पुष्टि की.
दिल में ब्लॉकेज के बाद हुई थी स्टेंट सर्जरी
परिवार के मुताबिक, कुकू कोहली की तबीयत कुछ दिनों से खराब चल रही थी. उन्हें अस्पताल में भर्ती कराने के बाद हुई जांच में दिल में ब्लॉकेज का पता चला था. इसके बाद मंगलवार को उनकी स्टेंट सर्जरी की गई. सर्जरी के बाद उनकी हालत सामान्य बताई जा रही थी. परिवार को भी उम्मीद थी कि अब उनकी तबीयत में सुधार होगा, लेकिन अचानक हुई इस घटना ने सभी को गहरे सदमे में डाल दिया.
परिवार से बात करते-करते अचानक गिर पड़े
कुकू कोहली के भाई बलराज ईरानी के अनुसार, स्टेंट डाले जाने के बाद कुकू ठीक महसूस कर रहे थे. बुधवार शाम अचानक उन्हें तेज हार्ट अटैक आया. उस समय वह परिवार के सदस्यों से बातचीत कर रहे थे और अचानक गिर पड़े. परिवार ने उन्हें संभालने की कोशिश की, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी. अचानक हुए निधन से परिवार के साथ-साथ फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों को भी गहरा झटका लगा है.
अजय देवगन के करियर की पहली बड़ी फिल्म से जुड़ा नाम
कुकू कोहली का नाम हिंदी सिनेमा में खास तौर पर अजय देवगन के शुरुआती करियर के साथ हमेशा याद किया जाएगा. साल 1991 में रिलीज हुई ‘फूल और कांटे’ का निर्देशन कुकू कोहली ने किया था. इसी फिल्म से अजय देवगन ने बॉलीवुड में कदम रखा था. फिल्म में उनके एक्शन अंदाज और अभिनय को दर्शकों ने खूब पसंद किया और देखते ही देखते वह हिंदी सिनेमा के चर्चित अभिनेताओं में शामिल हो गए. इस लिहाज से कुकू कोहली को अजय देवगन के फिल्मी सफर के शुरुआती दौर के अहम फिल्ममेकर्स में गिना जाता है.
90 के दशक में दीं कई चर्चित फिल्में
कुकू कोहली ने अपने लंबे फिल्मी करियर में कई लोकप्रिय फिल्मों का निर्देशन किया. उनकी फिल्मों में ‘फूल और कांटे’, ‘सुहाग’, ‘हकीकत’, ‘जुल्मी’, ‘अनाड़ी नंबर 1’ और ‘ये दिल आशिकाना’ जैसी फिल्में शामिल हैं. उनकी फिल्मों में एक्शन, रोमांस और पारिवारिक भावनाओं का मिश्रण देखने को मिलता था. खासकर 90 के दशक में उनके निर्देशन वाली फिल्मों ने दर्शकों के बीच अपनी अलग पहचान बनाई.
करीब तीन दशक तक फिल्मों से जुड़े रहे
कुकू कोहली का फिल्मी सफर करीब तीन दशक तक चला. उन्होंने हिंदी सिनेमा के उस दौर में कई फिल्में बनाईं, जब मसाला फिल्मों का दर्शकों के बीच खासा क्रेज था. उनकी आखिरी निर्देशित फिल्म ‘वो तेरा नाम था’ रही. हालांकि उन्होंने फिल्मों की संख्या के बजाय अपने काम और खास तौर पर कलाकारों के करियर में योगदान के जरिए पहचान बनाई.
अरुणा ईरानी से हुई थी शादी
कुकू कोहली की निजी जिंदगी भी फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ी रही. उनकी शादी दिग्गज अभिनेत्री अरुणा ईरानी से हुई थी. हालांकि, उनकी पिछली शादी से दो बेटियां हैं. कुकू कोहली निजी जीवन को मीडिया की सुर्खियों से दूर रखना पसंद करते थे. उनकी सार्वजनिक पहचान मुख्य रूप से उनके फिल्मी काम और निर्देशन को लेकर ही रही.
ओशिवारा श्मशान घाट में होगा अंतिम संस्कार
कुकू कोहली के निधन की खबर सामने आने के बाद फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोग उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं. परिवार की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार उनका अंतिम संस्कार मुंबई के ओशिवारा श्मशान घाट में किया जाएगा. कुकू कोहली के जाने के साथ हिंदी सिनेमा ने एक ऐसे निर्देशक को खो दिया है, जिसने 90 के दशक में कई लोकप्रिय फिल्मों को पर्दे पर उतारा और अजय देवगन जैसे कलाकार के शुरुआती करियर में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई.