India Inflation: आम आदमी की जेब पर महंगाई की मार बढ़ती जा रही है. खाने-पीने की चीजों की बढ़ती कीमतों ने आम आदमी की जेब पर खासा असर डाल दिया है. पहले चीनी की कीमतों में बढ़त हुई. इसके बाद आटा, सरसों तेल, रिफाइंड और दालों की कीमतों में भी तेजी देखने को मिल रही है. इतना ही नहीं प्याज की कीमतें भी लगातार बढ़ रही हैं, जिससे आम आदमी के किचन का बजट बिगड़ गया है. त्योहारों के सीजन से पहले जरूरी सामान महंगा होने के कारण मिडिल क्लास परिवारों की टेंशन बढ़ गई है.
चीनी की कीमतों में बढ़त
बीते कुछ दिनों में जहां चीनी 45 से 50 रुपये किलोग्राम की कीमत में बिक रही थी. वहीं अब लगभग 10 दिनों में कीमतों में लगभग 20 रुपये का उछाल आया है. चीनी की कीमतें अब 65 से 70 रुपये किलोग्राम तक पहुंच गई है. वहीं गुड़ 40-50 से बढ़कर 70-80 रुपये किलो तक पहुंच गया है.
दालों की कीमतों में उछाल
- दालों की कीमतों में सबसे ज्यादा बढ़त देखने को मिल रही है. 23 अगस्त को थोक मंडियों में साबुत उड़द की कीमत एक दिन में 15.29 फीसदी बढ़ गई, जिसके बाद कीमत 10,238 रुपये प्रति क्विंटल पहुंच गई. वहीं कुछ मंडियों में दाल की कीमत 13,000 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुंची.
- वहीं अरहर की दाल एक दिन में 19.51 फीसदी तक बढ़ गई. इसका औसत थोक भाव 9,050 रुपये प्रति क्विंटल पहुंच गया. वहीं कुछ जगहों पर अरहर की कीमत 13,000 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुंच गई.
- सबसे ज्यादा बढ़त मसूर दाल में देखा गया. प्रमुख थोक बाजारों में इसकी कीमत 35.28 फीसदी बढ़कर औसतन 10,672 रुपये प्रति क्विंटल पहुंच गई. कुछ मंडियों में कीमत 12,700 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुंच गई. खुदरा बाजार में मसूर दाल 110 से 130 रुपये किलो तक पहुंच गई.
आटे और तेल ने भी बिगाड़ा बजट
आटे और दाल की कीमतों में भी बढ़त दर्ज की गई है. 10-15 दिन पहले जहां 10 किलो चक्की आटे का पैक थोक में लगभग 285 रुपये का आता था, वो अब लगभग 310-315 रुपये का बिक रहा है. आम आदमी तक पहुंचते-पहुंचते ये 350-400 रुपये तक पहुंच रहा है.
वहीं खाने के तेल की भी कीमत बढ़ गई हैं. 15 लीटर सरसों तेल के टीन का थोक भाव लगभग 2200 रुपये था, जो बढ़कर 2500 रुपये हो गया है. वहीं, 15 लीटर रिफाइंड की कीमत 1930 रुपये से बढ़कर 2,200 रुपये तक पहुंच गया है.