Nalanda Temple Stampede: घटना की जानकारी मिलने पर SDPO समेत ज़िले के सीनियर अधिकारी मौके पर पहुंचे. हालांकि भगदड़ का कारण अभी पता नहीं चला है. कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मंदिर में सुरक्षा के लिए काफ़ी पुलिस बल तैनात नहीं किया गया था. हालांकि, घटना के बाद पुलिस और प्रशासन के लोग मौके पर पहुंचे.मीडिया से बात करते हुए एक महिला ने बताया कि वह पटना से माता मंदिर में दर्शन करने आई थी. वहां काफी भीड़ थी. प्रशासन ने पर्याप्त व्यवस्था नहीं की थी.
नालंदा के शीतला मंदिर में कैसी मची भगदड़?
Nalanda Temple Stampede: बिहार के नालंदा जिले में एक बड़ा हादसा हुआ. माता शीतला मंदिर में भगदड़ मच गई. भगदड़ में आठ महिलाओं की कुचलकर मौत हो गई. 12 से ज़्यादा लोगों के घायल होने की खबर है. बताया जा रहा है कि हर मंगलवार को शीतला माता मंदिर में पूजा के लिए भक्त इकट्ठा होते हैं. आज चैत्र का आखिरी मंगलवार होने की वजह से भीड़ बहुत ज़्यादा थी. मंदिर में अचानक भगदड़ मच गई. भगदड़ के बाद लोग अलग-अलग दिशाओं में भागने लगे. कई महिलाएं भीड़ में कुचलकर मर गईं.
घटना की जानकारी मिलने पर SDPO समेत ज़िले के सीनियर अधिकारी मौके पर पहुंचे. हालांकि भगदड़ का कारण अभी पता नहीं चला है. कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मंदिर में सुरक्षा के लिए काफ़ी पुलिस बल तैनात नहीं किया गया था. हालांकि, घटना के बाद पुलिस और प्रशासन के लोग मौके पर पहुंचे.मीडिया से बात करते हुए एक महिला ने बताया कि वह पटना से माता मंदिर में दर्शन करने आई थी. वहां काफी भीड़ थी. प्रशासन ने पर्याप्त व्यवस्था नहीं की थी. स्थिति इतनी खराब हो गई कि लोग आगे बढ़ने के लिए एक-दूसरे को धक्का देने लगे. इसी दौरान की बात है. महिला ने बताया कि उसे सूचना मिली है कि पांच महिलाओं की मौत हो गई है, लेकिन और भी कई लोगों की मौत हो सकती है.
बताया जा रहा है कि इस घटना में घायलों को इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है. फिलहाल मंदिर को पूरी तरह से खाली कराया जा रहा है. घटना के बाद बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है. इस घटना के बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या मंदिर प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था या भीड़ प्रबंधन में कोई गंभीर लापरवाही की. अप्रैल में बारिश कब होगी?
यह भी कहा जा रहा है कि घटना के बाद एम्बुलेंस बहुत देर से पहुंची. मंदिर को तुरंत बंद कर दिया गया है. हादसे से अफरा-तफरी मच गई है. मंदिर में मेला लगने की भी जानकारी सामने आई है. मीडिया रिपोर्ट्स से पता चलता है कि मंदिर और मेले दोनों जगह काफी भीड़ थी. एक महिला भक्त ने बताया कि हर मंगलवार को भीड़ होती है. कोई भी मंदिर में लाइन में नहीं लगना चाहता, सब सोचते हैं कि पहले अंदर चले जाएं. हालांकि, पुलिस और प्रशासन ने स्थिति संभाल ली है.
खबर है कि घटना के बाद स्थानीय लोग भी गुस्सा हो गए. प्रशासन ने भीड़ में फंसे लोगों को स्थानीय अस्पताल पहुंचाया. सुरक्षा बल भी तैनात किए गए हैं जहां घायलों का इलाज चल रहा है. फिलहाल, इस घटना के बारे में मंदिर प्रबंधन की ओर से कुछ नहीं कहा गया है.
सुनीता आहूजा ने गोविंदा के खिलाफ तलाक का केस वापस ले लिया है. हाल ही…
नेटफ्लिक्स पर रिलीज हुई वेब सीरीज ऑपरेशन सफेद सागर के हर एपिसोड के लास्ट में…
भारत ने 31 अक्टूबर तक 10 लाख मीट्रिक टन कच्चे चीनी के शुल्क-मुक्त आयात की…
विशाखापत्तनम में लिटिल गार्डन स्कूल में एक शिक्षक द्वारा कथित तौर पर पीटे जाने के…
Rajpal Yadav: राजपाल यादव अपनी कॉमेडी को लेकर चर्चा में रहते हैं लेकिन इस बार…
WTC 2025-27 में जोश टंग ने रचा इतिहास. बुमराह और स्टार्क को पीछे छोड़ बने…