<

पुरुषों से ज्यादा क्यों जीती हैं महिलाएं? जानें इसके पीछे के कारण और लंबी उम्र जीने के तरीके

हाल ही में एक रिपोर्ट सामने आई है, जिसमें बताया गया है कि महिलाएं पुरुषों से ज्यादा जीते हैं. साथ ही इसकी वजह और कारण भी बताए गए हैं. पता चला है कि औसतन पुरुष महिलाओं से 4 साल कम जीते हैं.

आपने अक्सर मीम में देखा या सुना होगा कि औरतें आदमियों से ज्यादा जीती है. इसके पीछे उनकी उल्टी-सीधी हरकतें दिखाई जाती हैं. हालांकि आपको जानकर हैरानी होगी कि ये सच है कि औरतें आदमियों से ज्यादा जाती हैं. ये आसपास देखी जाने वाली चीज तो है ही लेकिन जो डेटा सामने आया है उसने ये बात सिद्ध कर दी है. लेटेस्ट सरकारी अनुमानों के अनुसार, भारत में जन्म के समय औसत जीवन प्रत्याशा पुरुषों के लिए लगभग 68.5 साल और महिलाओं के लिए 72.5 साल है. बुधवार को जारी SRS आधारित एब्रिज्ड लाइफ टेबल्स 2019-23 में लगभग चार साल का अंतर दिखाया गया, जो ग्लोबल ट्रेंड्स को दर्शाता है. ऐसे में सोचने वाली बात ये है कि आखिर ऐसा क्या है जो महिलाओं को लगभग हर जगह पुरुषों से ज्यादा जीने में मदद करता है और क्या पुरुष इसकी बराबरी कर सकते हैं? आइए जानें 6 ऐसे कारण कि महिलाएं पुरुषों से ज्यादा क्यों जीती हैं…

जीन्स और हार्मोन्स के कारण

कहानी का एक बड़ा हिस्सा सेलुलर लेवल से शुरू होता है. CK बिड़ला हॉस्पिटल के इंटरनल मेडिसिन के एसोसिएट डायरेक्टर डॉ. तुषार तायल ने इस बारे में इंटरव्यू देते हुए बताया कि महिलाओं में दो X क्रोमोसोम होते हैं, जो एक जेनेटिक सेफ्टी नेट की तरह काम करते हैं. यह उन्हें कुछ जेनेटिक बीमारियों के प्रति कमजोर बनाता है. एस्ट्रोजन मुख्य महिला हार्मोन है, वो भी एक सुरक्षात्मक भूमिका निभाता है और ब्लड वेसल्स यानी रक्त वाहिकाओं को स्वस्थ रखता है. 

एस्ट्रोजन कोलेस्ट्रॉल कम करता है सूजन को भी कम करता है। यही कारण है कि मेनोपॉज़ तक महिलाओं में पुरुषों की तुलना में हार्ट अटैक का खतरा कम होता है. लेकिन यह सिर्फ़ हार्मोन्स की वजह से नहीं है. महिलाओं में लंबे टेलोमेयर (DNA पर मौजूद कैप जो सेल की उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को धीमा करते हैं) और ज़्यादा लचीले माइटोकॉन्ड्रिया भी होते हैं, जो बायोलॉजिकल उम्र बढ़ने की प्रक्रिया में देरी कर सकते हैं.

महिलाओं की इम्यूनिटी

विशेषज्ञों की मानें, तो शारीरिक रूप से भले ही महिलाएं पुरुषों से कमजोर होती हैं लेकिन महिलाओं का इम्यून सिस्टम इन्फेक्शन और वैक्सीन के प्रति ज्यादा मजबूत होता है. यह उन्हें पुरुषों की तुलना में बीमारियों से ज्यादा प्रभावी ढंग से लड़ने में मदद करता है. यही बढ़ी हुई इम्यूनिटी महिलाओं को ल्यूपस और रूमेटाइड आर्थराइटिस जैसी ऑटोइम्यून स्थितियों के प्रति भी ज्यादा संवेदनशील बनाती है.

लाइफस्टाइल

पुरुषों में महिलाओं की तुलना में ज्यादा धूम्रपान करने, ज्यादा शराब पीने या ज्यादा कैलोरी वाला खाना खाने की प्रवृत्ति होती है. ये आदतें कैंसर, लिवर डैमेज और दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ाती हैं. इसके अलावा पुरुष ज्यादा जोखिम वाली नौकरियां करते हैं. उनका व्यवहार भी ज्यादा जोखिम भरा होता है. वे लापरवाही से गाड़ी चलाते हैं, जिसके कारण मृत्यु दर बढ़ती हैं. इतना ही नहीं दोस्तों के साथ अजीबोगरीब हरकतें और मजाक मस्ती में एक दूसरे के साथ कुछ हरकतें भी जानलेवा साबित होती हैं. वहीं महिलाएं ऐसी परिस्थितियों में ज्यादा सतर्क और ज्यादा सावधान रहती हैं. उनकी पसंद, स्वास्थ्य देखभाल के प्रति ज्यादा रुझान होते है. 

मेडिकल मदद

पुरुषों की तुलना में महिलाएं मेडिकल मदद लेने में सतर्क रहती हैं. वे पुरुषों की तुलना में आमतौर पर रूटीन हेल्थ चेक-अप के बारे में ज्यादा एक्टिव रहती हैं, जबकि पुरुष अक्सर रूटीन हेल्थ असेसमेंट में देरी करते हैं. इसका नतीजा अक्सर ऐसी बीमारियों के रूप में सामने आता है जिनका पता नहीं चल पाता. इनमें कार्डियोवैस्कुलर बीमारी, डायबिटीज और लिवर की बीमारियां शामिल हैं. इससे कम उम्र में ही दिक्कतें शुरू हो जाती हैं.

महिलाएं ब्लड टेस्ट से लेकर स्क्रीनिंग तक प्रिवेंटिव केयर डायबिटीज और दिल की बीमारी जैसी साइलेंट किलर बीमारियों का जल्दी पता लगा लेती हैं और वक्त रहते सतर्क हो जाती हैं. वहीं पुरुषों के लिए चेक-अप से बचने का मतलब है कि वे डॉक्टर के पास तभी जाते हैं जब मामला गंभीर हो जाता है.

तनाव और भावनाएं

महिलाओं में अपनी समस्याएं शेयर करने, इमोशनल सपोर्ट लेने या थेरेपी के लिए जाने की संभावना ज़्यादा होती है. वहीं पुरुष अक्सर भावनाओं को दबा लेते हैं या शराब, धूम्रपान, या ज्यादा काम करने जैसे अनहेल्दी तरीकों का सहारा लेते हैं. ऐसे में तनाव को मैनेज करने में दोनों का तरीका अलग होता है. पुरुषों के अनहेल्दी तरीका अपनाने से स्वास्थ्य परिणाम होते हैं. तनाव के कारण पुरुषों में ब्लड प्रेशर और दिल पर दबाव तेजी से पड़ता है. इससे उनका लॉन्ग-टर्म कार्डियोवैस्कुलर जोखिम बढ़ जाता है. 

दिल की बीमारी, दुर्घटनाएं और हिंसा

कम उम्र में पुरुषों को होने वाली दिल की बीमारियों से लेकर हाईवे पर दुर्घटनाओं और काम की जगह पर चोटों तक पुरुष ज्याजा जोखिम वाली कैटेगरी में होते हैं। इसमें हिंसा को भी जोड़ दें चाहे वे पीड़ित हों या अपराधी, तो जीवित रहने में अंतर साफ हो जाता है.

इन बीमारियों से ज्यादा पीड़ित महिलाएं

हालांकि बहुत सारी ऐसी समस्याएं हैं, जहां पर पुरुषों के मुकाबले महिलाएं ज्यादा पीड़ित होती हैं. अल्ज़ाइमर रोग महिलाओं में आम है. कुछ कैंसर, जैसे फेफड़ों का कैंसर, ब्रेस्ट कैंसर महिलाओं को ज्यादा प्रभावित करता है. महिलाएं पुरुषों से ज्यादा जीती हैं क्योंकि जेनेटिक्स, इम्यूनिटी और जीवन भर स्वास्थ्य के प्रति जागरूक व्यवहार उनके पक्ष में काम करते रहते हैं.

बीमारियों से बचने के लिए करें ये काम

विशेषज्ञों का मानना है कि लंबी उम्र का विज्ञान सिर्फ़ लिंग के बारे में नहीं बल्कि विकल्पों के बारे में है. हालांकि महिलाओं को बायोलॉजिकल फायदे हो सकते हैं लेकिन स्वास्थ्य, डाइट और स्ट्रेस को लेकर उनका एक्टिव तरीका ऐसा है जिससे पुरुष और महिलाएं दोनों सीख सकते हैं. इसके लिए रेगुलर हेल्थ चेक-अप, जल्दी बीमारी का पता लगाना और रोकथाम की संस्कृति से हजारों जानें बच सकती हैं. तो हेल्थ प्रॉब्लम आने का इंतजार न करें. अपनी जिंदगी की महिलाओं से सीख लें और चेक-अप शेड्यूल करें. खाने के लिए समझदारी से चुनें कि आपको क्या खाना चाहिए और क्या नहीं? स्ट्रेस को बेहतर तरीके से मैनेज करें, खुद का सर्वाइवल एडवांटेज बनाएं और धूम्रपान व शराब के सेवन से बचें.

Deepika Pandey

दीपिका पाण्डेय साल 2020 से पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़ी हुई हैं. उन्होंने 2020 में BJMC की डिग्री ली. इसके बाद ही उन्होंने खबर टुडे न्यूज, डीएनपी न्यूज, दैनिक खबर लाइव आदि चैनल्स में एंकर और कंटेंट राइटर के रूप में काम किया. इसके बाद उन्होंने हरिभूमि वेबसाइट पर काम किया. वर्तमान समय में दीपिका इंडिया न्यूज चैनल में बतौर सीनियर कॉपी राइटर कार्यरत हैं.

Share
Published by
Deepika Pandey

Recent Posts

Shivam Dube ने रचा इतिहास, दिग्गज बल्लेबाजों को पछाड़कर बनाया यह अनोखा रिकॉर्ड

Shivam Dube Record: चेन्नई सुपर किंग्स के शिवम दुबे ने आईपीएल में 2000 रन पूरे…

Last Updated: April 26, 2026 18:33:23 IST

LSG vs KKR Live Streaming: लखनऊ बनाम कोलकाता के रोमांचक मुकाबले को कब, कहां और कैसे देखें LIVE? यहां जानें पूरी डिटेल

LSG vs KKR Live Streaming: लखनऊ और कोलकाता के बीच होने वाले रोमांचक मैच को…

Last Updated: April 26, 2026 17:53:33 IST

श्रेयस अय्यर-रिकी पोंटिंग के बीच क्या बात हुई थी? जो दिल्ली को बुरी तरह धो डाला, सब कुछ आया सामने

पंजाब किंग्स के हेड कोच रिकी पोंटिंग ने अय्यर की बल्लेबाजी और कप्तानी की जमकर…

Last Updated: April 26, 2026 17:48:50 IST

Efficient Medical Readiness at Arun Jaitley Stadium Highlights DDCA’s Strong Safety Protocols

The incident during the recent IPL match in Delhi once again highlighted the importance of…

Last Updated: April 26, 2026 17:35:23 IST

‘ऐसे शख्स से रिश्ता रखना गुनाह, जन्म से ही अपराधी…’, एक्स मुस्लिम सलीम वास्तिक के सगे भाई ने किया सनसनीखेज खुलासा

Salim Vastik Arrested: गिरफ्तारी के बाद एक्स-मुस्लिम यूट्यूबर सलीम वास्तिक के सगे भाई मुजफ्फर हसन,…

Last Updated: April 26, 2026 17:42:33 IST