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fake watch F1: F1 ड्राइवर की कलाई पर क्यों दिखती है नकली घड़ी? असली राज जानकर चौंक जाएंगे

fake watch F1: फॉर्मूला-1 रेस में ड्राइवर की स्पीड, कार और रोमांच पर तो सबकी नजर रहती है, लेकिन उनके हाथों पर दिखने वाली एक छोटी-सी ‘घड़ी’ भी काफी दिलचस्प कहानी छिपाए होती है. पहली नजर में लगता है कि ड्राइवर ने कलाई पर कोई घड़ी पहन रखी है, जबकि कई मामलों में यह घड़ी असली नहीं होती. यह डिजाइन रेसिंग ग्लव्स पर बना होता है और इसके पीछे सुरक्षा से लेकर स्पॉन्सर ब्रांड की मार्केटिंग तक कई पहलू जुड़े हैं.

Last Updated: September 17, 2026 | 4:42 PM IST
F1 driver's wrist shows 'watch' - Photo Gallery
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F1 ड्राइवर की कलाई पर दिखती है ‘घड़ी’

फॉर्मूला-1 रेस देखते समय आपने ड्राइवर के हाथों पर एक अजीब चीज जरूर नोटिस की होगी. कई बार ऐसा लगता है कि ड्राइवर ने कलाई पर घड़ी पहन रखी है. लेकिन असल में वह कोई सामान्य घड़ी नहीं होती. यह रेसिंग ग्लव्स पर बना हुआ घड़ी का डिजाइन होता है, जो कैमरे में बिल्कुल असली घड़ी जैसा नजर आ सकता है.

Actually, the watch is not on the wrist, but on the gloves. - Photo Gallery
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असल में कलाई पर नहीं, ग्लव्स पर होती है ‘घड़ी’

F1 ड्राइवर जो ‘नकली घड़ी’ पहनते हुए दिखाई देते हैं, वह अलग से पहनी गई कोई नकली या बंद घड़ी नहीं होती. रेसिंग ग्लव्स पर ही घड़ी की शेप और डिजाइन प्रिंट किया जाता है. इसलिए ड्राइवर की कलाई पर असली घड़ी नहीं होती, लेकिन ग्लव्स पर बना डिजाइन पहली नजर में घड़ी जैसा दिखाई देता है.

Lewis Hamilton's gloves caught the attention - Photo Gallery
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लुईस हैमिल्टन के ग्लव्स ने खींचा ध्यान

इस तरह की ब्रांडिंग का चर्चित उदाहरण मर्सिडीज और स्विस लग्जरी वॉच ब्रांड IWC से जुड़ा है. लुईस हैमिल्टन को रेस के दौरान सफेद ग्लव्स में देखा गया है, जिन पर घड़ी का डिजाइन दिखाई देता था. इसके बाद F1 में ग्लव्स पर नजर आने वाली ऐसी वॉच ब्रांडिंग ने लोगों का ध्यान खींचा.

Why is it so difficult to race wearing a real watch? - Photo Gallery
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असली घड़ी पहनकर रेस करना क्यों मुश्किल?

F1 रेस में ड्राइवर का शरीर खास सुरक्षा उपकरणों से ढका होता है और हाथों में विशेष रेसिंग ग्लव्स होते हैं. ऐसे में कलाई पर सामान्य घड़ी पहनना जरूरी नहीं होता. सुरक्षा और रेसिंग के दौरान हर चीज को हल्का और सुविधाजनक रखने की जरूरत होती है. कुछ ड्राइवरों ने यह भी बताया है कि रेसिंग में वजन के हर ग्राम का महत्व होता है, इसलिए गैर-जरूरी चीजों से बचा जाता है.

Are real watches ever worn in F1? - Photo Gallery
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क्या F1 में कभी असली घड़ी भी पहनी जाती है?

ऐसा नहीं है कि F1 ड्राइवर कभी भी रेस के आसपास असली घड़ी नहीं पहनते. लेकिन रेस के दौरान सामान्य घड़ी पहनना आम नहीं है. ड्राइवर की जरूरत और परिस्थितियों के हिसाब से विशेष रूप से डिजाइन की गई घड़ी का इस्तेमाल हो सकता है, लेकिन रेसिंग के दौरान ग्लव्स पर नजर आने वाला डिजाइन अलग उद्देश्य पूरा करता है.

Then why was there a need to make a watch on gloves? - Photo Gallery
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फिर ग्लव्स पर घड़ी बनाने की जरूरत क्यों पड़ी?

यहीं से इस पूरी कहानी का मार्केटिंग कनेक्शन सामने आता है. जब ड्राइवर रेस के दौरान सामान्य घड़ी नहीं पहनते, तो वॉच स्पॉन्सर के लिए कलाई और हाथ का हिस्सा ब्रांड दिखाने की एक अतिरिक्त जगह बन जाता है. ग्लव्स पर घड़ी का डिजाइन प्रिंट करके ब्रांड को उस हिस्से में भी विजिबिलिटी मिल सकती है.

The minimalist design is visible from every camera angle - Photo Gallery
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कैमरे के हर एंगल से दिखता है छोटा-सा डिजाइन

F1 रेस की कवरेज में ड्राइवर के हाथ और स्टीयरिंग का क्लोजअप कई बार दिखाई देता है. हेलमेट कैमरा, कार के ऑनबोर्ड कैमरे और दूसरे कैमरा एंगल से ग्लव्स पर बना छोटा-सा डिजाइन भी दर्शकों तक पहुंच सकता है. ऐसे में बिना असली घड़ी पहने ही वॉच ब्रांड का डिजाइन लाखों दर्शकों की नजर में आ जाता है.

A small 'fake watch', a big marketing idea - Photo Gallery
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छोटी-सी ‘नकली घड़ी’, बड़ा मार्केटिंग आइडिया

F1 ड्राइवर की कलाई पर दिखाई देने वाली यह ‘नकली घड़ी’ असल में कोई घड़ी नहीं, बल्कि रेसिंग ग्लव्स पर बना डिजाइन हो सकती है. इसके पीछे सुरक्षा और वजन जैसे व्यावहारिक कारणों के साथ ब्रांड विजिबिलिटी का पहलू भी जुड़ा है. रेस के दौरान हाथों के क्लोजअप में यह डिजाइन दिखाई देता है और इस तरह ग्लव्स का छोटा-सा हिस्सा भी स्पॉन्सर के लिए विज्ञापन की जगह बन जाता है.

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