दिल्ली में एक किलोकरी गांव से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है. रविवार, 6 सितम्बर की रात को मणिपुरी संगीतकार की पीट-पीटकर जान ले ली गई. मृतक की पहचान चोंगथम विक्रम सिंह के रूप में हुई है. आरोप है कि पास के दो ढाबों पर काम करने वाले कुछ युवकों ने शोर मचाने का विरोध करने पर उन्हें उनके घर के कॉरिडोर में घेरकर बेरहमी से पीटा, जिससे उनकी मौत हो गई. विक्रम सिंह मामले में एक CCTV फुटेज सामने आई है जिसके बाद सभी आरोपियों को हिरासत में ले लिया गया है. आइए जानते हैं आखिर पूरा मामला क्या है और किन लोगों ने इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया.
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के मुताबिक, विक्रम सिंह दिल्ली के किलोकरी गांव में अपनी पत्नी और 20 साल के बेटे के साथ तीसरी मंजिल पर बने फ्लैट में रहते थे. रविवार देर रात उनके घर के बाहर पास के ढाबों के कुछ कर्मचारी तेज आवाज में शोर-शराबा कर रहे थे. विक्रम सिंह ने जब इस हुड़दंग का विरोध किया, तो आरोपियों से उनकी कहासुनी हो गई.
बात बढ़ने पर करीब 8 लोगों का समूह उनके पीछे पड़ गया. विक्रम सिंह जान बचाकर अपने घर की ओर भागे, लेकिन हमलावरों ने तीसरी मंजिल तक उनका पीछा किया और गैलरी में ही घेरकर उन पर लात-घूसों से हमला कर दिया. वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए.
CCTV फुटेज से खुलासा
घटना के बाद का एक CCTV फुटेज भी सामने आया है, जिसे मणिपुर के पूर्व मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने सोशल मीडिया (X) पर साझा किया. फुटेज में आठ लोग बिल्डिंग की सीढ़ियों से नीचे उतरते दिख रहे हैं. पूर्व सीएम ने दिल्ली पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है.
Deeply saddened by the tragic passing of renowned Manipuri guitarist and Western music pioneer, Shri Chongtham Vikram Singh, and deeply concerned by the incident in which he was allegedly assaulted near his residence in southeast Delhi.
Shri Vikram Singh’s invaluable… pic.twitter.com/MH49Pcdh8A
— N. Biren Singh (@NBirenSingh) September 7, 2026
अस्पताल में तोड़ा दम
दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के डीसीपी विनीत कुमार के अनुसार, पुलिस को रात 1:38 बजे इस मारपीट की सूचना मिली. विक्रम सिंह का बेटा उन्हें तुरंत ओखला के एक निजी अस्पताल ले गया, लेकिन चोटें गंभीर होने के कारण सोमवार सुबह करीब 7 बजे उनकी मौत हो गई.
8 आरोपी चिन्हित, पुलिस जांच तेज
पुलिस ने टेक्निकल सर्विलांस और CCTV की मदद से आठ संदिग्धों की पहचान कर ली है. पकड़े गए आरोपियों में भारत कुमार, प्रमोद, रमजान खान, विजय, दीपांशु, मोहन विश्वकर्मा और मन्नू शामिल हैं. इनमें से चार ढाबे पर डिलीवरी बॉय, दो पैकिंग वर्कर और एक पिज्जा शॉप पर काम करता है. पुलिस ने नए कानून भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(2) (समूह द्वारा हत्या) और 3(5) (समान मंशा) के तहत मामला दर्ज कर लिया है.
राजनीतिक प्रतिक्रिया और इंसाफ की मांग
इस घटना पर कांग्रेस नेता पवन खेड़ा और सांसद गौरव गोगोई ने दुख जताया. पवन खेड़ा ने कहा कि इसे सिर्फ शराब के नशे में हुई हिंसा मानकर खारिज नहीं किया जा सकता, बल्कि यह शहर में नियमों की अनदेखी और दबंगई का नतीजा है. वहीं, गौरव गोगोई ने विक्रम सिंह को याद करते हुए उनके परिवार के लिए इंसाफ की मांग की.
सोमवार शाम किलोकरी गांव में पूर्वोत्तर समुदाय के लगभग 100 लोगों ने कैंडल मार्च निकाला और आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की. बता दें कि विक्रम सिंह मणिपुर के जाने-माने गिटार वादक और म्यूजिक टीचर थे, जो पिछले कई सालों से दिल्ली में संगीत सिखा रहे थे.