Raigarh bike theft: ग्वालियर से प्रेमिका से मिलने रायगढ़ पहुंचा 28 वर्षीय युवक कुछ ही दिनों में पुलिस के लिए बाइक चोरी का आरोपी बन गया. पुलिस के मुताबिक, रायगढ़ पहुंचने के बाद युवक के पैसे खत्म हो गए. इसके बाद उसने अपना खर्च चलाने के लिए दोपहिया वाहन चोरी करना शुरू कर दिया. शहर में एक के बाद एक बाइक और स्कूटी चोरी होने लगीं तो पुलिस ने CCTV फुटेज खंगालनी शुरू की. जांच में पांच अलग-अलग चोरी की घटनाओं में एक ही युवक की मौजूदगी सामने आई. आखिरकार पुलिस ने उसे बाइक चोरी की कोशिश के दौरान पकड़ लिया.
CCTV में बार-बार दिखा एक ही चेहरा
रायगढ़ में लगातार हो रही वाहन चोरी की घटनाओं को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में कोतवाली पुलिस ने जांच शुरू की. पुलिस टीम ने चोरी वाली जगहों और आसपास लगे CCTV कैमरों की रिकॉर्डिंग खंगाली. जांच के दौरान पांच वाहन चोरी की घटनाओं में एक ही संदिग्ध युवक दिखाई दिया. इसके बाद पुलिस ने उसकी पहचान और तलाश शुरू कर दी. इसी बीच 24 सितंबर को गौशाला के पास एक युवक के बाइक चोरी की कोशिश करने की सूचना पुलिस को मिली.
बाइक से छेड़छाड़ करते ही पहुंच गई पुलिस
सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस की टीम मौके पर पहुंची. स्थानीय लोगों को संदिग्ध युवक की तस्वीर दिखाई गई, जिन्होंने उसकी पहचान बाइक से छेड़छाड़ कर मौके से भागे युवक के रूप में की. इसके बाद पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की. पुलिस टीम ने वायरलेस सेट के पास पुलिस कॉलोनी इलाके में संदिग्ध युवक को देखा. पुलिस को देखते ही वह भागने लगा, लेकिन टीम ने पीछा कर उसे पकड़ लिया. पूछताछ में पकड़े गए युवक की पहचान निर्मल धाकड़ के रूप में हुई. उसकी उम्र 28 साल है और वह मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के मोरार का रहने वाला है. पुलिस के मुताबिक, निर्मल 12 सितंबर को ग्वालियर से रायगढ़ आया था. उसका मकसद अपनी महिला मित्र से मिलना था. पुलिस पूछताछ में उसने कथित तौर पर बताया कि रायगढ़ पहुंचने के बाद उसके पास मौजूद पैसे खत्म हो गए थे. इसके बाद उसने खर्च चलाने के लिए बाइक चोरी करना शुरू कर दिया.
चाबी लगी बाइक को बनाता था निशाना
पुलिस के अनुसार, निर्मल ऐसी बाइक और स्कूटी को निशाना बनाता था, जिनमें चाबी लगी रह जाती थी. मौका मिलते ही वह वाहन लेकर वहां से निकल जाता था. चोरी किए गए दोपहिया वाहन से वह शहर में घूमता था. पुलिस का कहना है कि आरोपी चोरी किए गए वाहन को तब तक इस्तेमाल करता था, जब तक उसका पेट्रोल खत्म नहीं हो जाता था. पेट्रोल खत्म होने के बाद वह वाहन को किसी जगह छोड़ देता और फिर दूसरी बाइक या स्कूटी की तलाश शुरू कर देता था.
पांच मामलों से जुड़ी चोरी की गाड़ियां बरामद
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी के दोपहिया वाहन बरामद किए. पुलिस के मुताबिक, उसके कब्जे और निशानदेही से पांच मोटरसाइकिल और एक स्कूटी बरामद हुई. इनमें से चार बाइक और एक स्कूटी को कोतवाली थाने में दर्ज पांच वाहन चोरी के मामलों से जोड़ा गया है. बरामद पांच वाहनों की कुल कीमत करीब 2.50 लाख रुपये बताई गई है. पुलिस ने बरामद वाहनों को संबंधित अपराधों से जोड़कर आगे की जांच शुरू कर दी है. एसएसपी शशि मोहन सिंह के मुताबिक, मुखबिर की सूचना के बाद पुलिस ने आरोपी को पकड़ने के लिए कार्रवाई की थी. पुलिस के मुताबिक, आरोपी के पकड़े जाने के बाद पूछताछ और बरामदगी के आधार पर चोरी की घटनाओं की कड़ियां जुड़ती गईं.