Brazilian Beauty Queen Death: पहले के जमाने में हार्ट अटैक सिर्फ बुजुर्गों की बीमारी मानी जाती थी लेकिन अब यह समस्या कम उम्र के लोगों को भी हो गया है. ब्राजील से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है, जिसने लोगों को सदमे में डाल दिया है. ब्राजील की जानी-मानी ब्यूटी क्वीन, मायरा क्रिस्टीना डी लीमा फितोसा का 31 साल की उम्र में निधन हो गया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्हें अचानक दिल का दौरा पड़ा, जिसके कारण उनकी मृत्यु हो गई. उन्हें पूरी तरह से स्वस्थ माना जाता था और उन्हें पहले से कोई गंभीर बीमारी नहीं थी. उनकी अचानक हुई मौत से उनके परिवार, दोस्तों और प्रशंसकों को गहरा सदमा लगा है. गौरतलब है कि कुछ ही दिनों बाद उन्हें एक बड़े ब्यूटी पेजेंट में हिस्सा लेना था.
पहले नहीं था कोई हृदय रोग
रिपोर्ट्स के अनुसार, मायरा को पहले कभी दिल की बीमारी नहीं थी. कुछ रिपोर्ट्स बताती हैं कि उनकी मौत ‘एक्यूट मायोकार्डिटिस’ के कारण हुई है. यह दिल की एक ऐसी सूजन वाली बीमारी है जो वायरल इन्फेक्शन, नॉन-वायरल इन्फेक्शन, कुछ खास दवाओं और ऑटोइम्यून डिसऑर्डर के कारण हो सकती है. मनी कंट्रोल के रिपोर्ट के मुताबिक, आइए इस बीमारी के लक्षण, कारण और उपाय के बारे में जानते हैं.
मायोकार्डिटिस के शुरुआती लक्षण
- बुखार
- बहुत ज्यादा थकान
- बदन दर्द
- गले में खराश
- कुछ मरीजों को पेट दर्द और जी मिचलाने की समस्या भी हो सकती है.
एक्यूट मायोकार्डिटिस का इलाज
डॉ. शाह के अनुसार, फुलमिनेंट मायोकार्डिटिस का मुख्य इलाज यह है कि दिल को तब तक मैकेनिकल सर्कुलेटरी सपोर्ट और मदद दी जाए, जब तक कि वह सूजन से ठीक न हो जाए. इस बारे में आगे उन्होंने कहा, यह कई तरीकों से किया जा सकता है. उदाहरण के लिए, हम ECMO (एक्स्ट्राकॉर्पोरियल मेम्ब्रेन ऑक्सीजनेशन) का इस्तेमाल कर सकते हैं, जिसमें दिल का काम एक बाहरी मशीन करती है. अगर युवा मरीजों को कुछ समय के लिए ECMO पर रखा जाता है, तो उनकी हालत में काफी सुधार होता है. इसके अलावा, दूसरी इम्यून-बूस्टिंग दवाएं जैसे स्टेरॉयड या इंट्रावीनस इम्यूनोग्लोबुलिन भी जरूरी हैं, क्योंकि वे ठीक होने में मदद करती हैं.
इस बीमारी का जल्दी पता लगाना और इलाज करना बहुत जरूरी है. उन्होंने चेतावनी दी, अगर हम इस बीमारी के शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज़ करते हैं, तो इन मरीज़ों के इलाज का मौका आमतौर पर निकल जाता है, जिसके गंभीर नतीजे हो सकते हैं.