Live TV
Search
Home > देश > 101 हत्या के आरोपी तो 61 दुष्कर्म के…संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा को लेकर दिल्ली पुलिस का बड़ा खुलासा

101 हत्या के आरोपी तो 61 दुष्कर्म के…संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा को लेकर दिल्ली पुलिस का बड़ा खुलासा

Delhi Police: संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा में दिल्ली पुलिस ने फेशियल रिकग्निशन के माध्यम से 2873 लोगों की पहचान की है. जिनके आपराधिक रिकॉर्ड मिले हैं.

Written By:
Last Updated: July 28, 2026 13:57:22 IST

Mobile Ads 1x1

Delhi CJP Protest: सरकार को सौंपी गई दिल्ली पुलिस की एक अंदरूनी रिपोर्ट के मुताबिक, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा में फेशियल रिकग्निशन (चेहरे की पहचान करने वाली तकनीक) के माध्यम से जिन लोगों की पहचान की गई, उनमें हत्या के आरोप का सामना कर रहे 100 से ज्यादा लोग और डकैती, यौन अपराध, आर्म्स एक्ट और नशीले पदार्थों से जुड़े मामलों के सैकड़ों आरोपी शामिल थे.

पुलिस ने फेशियल रिकग्निशन सिस्टम (FRS) का इस्तेमाल करके उन 2,873 लोगों की पहचान की, जो विरोध प्रदर्शन के दौरान CCTV फुटेज में पुलिसकर्मियों पर हमला करते हुए दिखे थे. इनमें से 2,402 लोगों की पहचान ‘क्राइम कुंडली’ डेटाबेस और 471 लोगों की पहचान पुलिस डॉसियर सिस्टम के माध्यम की गई. जांच से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक, पहचाने गए लोगों में से 989 लोगों का गंभीर आपराधिक रिकॉर्ड था, जिसमें जघन्य अपराध शामिल थे.

101 लोगों पर हत्या के आरोप थे

दिल्ली पुलिस की जांच में खुलासा हुआ है कि 101 लोगों पर हत्या के आरोप थे, 284 लोगों पर डकैती और लूट के मामले दर्ज थे, जबकि 92 लोग महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों के आरोपी थे. इनमें बलात्कार के 61 आरोपी, छेड़छाड़ के 25 आरोपी और POCSO (बच्चों का यौन अपराधों से संरक्षण) एक्ट के तहत छह आरोपी शामिल थे. इस सूची में आर्म्स एक्ट के तहत दर्ज मामलों वाले 229 लोग, झपटमारी के मामलों में आरोपी 135 लोग, NDPS (नशीले पदार्थ और साइकोट्रोपिक पदार्थ) एक्ट के तहत 67 लोग, अपहरण के मामलों में 19 लोग और हत्या की कोशिश के मामलों में आरोपी 62 लोग भी शामिल हैं.

यह भी पढ़ें – धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बीच हाईकोर्ट क्यों पहुंचे नितिन गडकरी? सामने आई चौंकाने वाली वजह

अधिकारियों ने क्या कहा?

इस पूरे मामले पर अधिकारियों का बयान सामने आया है. जिसमें उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि पहचाने गए लोगों में से कई आदतन अपराधी थे और उनके खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज थे. अधिकारियों के मुताबिक, हत्या के आरोपी 101 लोगों में से 42 लोगों पर दो या उससे ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज थे, जबकि 12 लोगों का आपराधिक इतिहास कम से कम 10 मामलों का था. इसी तरह, लूट और डकैती के आरोपी 284 लोगों में से 155 लोगों के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज थे, जिनमें से 31 लोगों पर 10 या उससे ज्यादा मामले दर्ज थे.

रिपोर्ट में पहचाने गए लोगों का जिलेवार ब्यौरा भी दिया गया है. आपराधिक रिकॉर्ड वाले सबसे ज्यादा लोग नॉर्थ जिले (285) से जुड़े थे, इसके बाद आउटर जिला (257) और नॉर्थ वेस्ट जिला (256) का नंबर आता है. काफी संख्या वाले अन्य जिलों में नॉर्थ ईस्ट (174), ईस्ट (173), साउथ वेस्ट (166), रेलवेज (147), शाहदरा (139) और सेंट्रल (138) शामिल थे.

यह भी पढ़ें –  पीएम मोदी का वीडियो रिस्ट्रिक्ट करने के बाद बुरा फंसा Meta, MeitY ने टॉप ग्लोबल अधिकारियों को किया तलब

Tags:

MORE NEWS

Home > देश > 101 हत्या के आरोपी तो 61 दुष्कर्म के…संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा को लेकर दिल्ली पुलिस का बड़ा खुलासा

Written By:
Last Updated: July 28, 2026 13:57:22 IST

Mobile Ads 1x1

Delhi CJP Protest: सरकार को सौंपी गई दिल्ली पुलिस की एक अंदरूनी रिपोर्ट के मुताबिक, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा में फेशियल रिकग्निशन (चेहरे की पहचान करने वाली तकनीक) के माध्यम से जिन लोगों की पहचान की गई, उनमें हत्या के आरोप का सामना कर रहे 100 से ज्यादा लोग और डकैती, यौन अपराध, आर्म्स एक्ट और नशीले पदार्थों से जुड़े मामलों के सैकड़ों आरोपी शामिल थे.

पुलिस ने फेशियल रिकग्निशन सिस्टम (FRS) का इस्तेमाल करके उन 2,873 लोगों की पहचान की, जो विरोध प्रदर्शन के दौरान CCTV फुटेज में पुलिसकर्मियों पर हमला करते हुए दिखे थे. इनमें से 2,402 लोगों की पहचान ‘क्राइम कुंडली’ डेटाबेस और 471 लोगों की पहचान पुलिस डॉसियर सिस्टम के माध्यम की गई. जांच से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक, पहचाने गए लोगों में से 989 लोगों का गंभीर आपराधिक रिकॉर्ड था, जिसमें जघन्य अपराध शामिल थे.

101 लोगों पर हत्या के आरोप थे

दिल्ली पुलिस की जांच में खुलासा हुआ है कि 101 लोगों पर हत्या के आरोप थे, 284 लोगों पर डकैती और लूट के मामले दर्ज थे, जबकि 92 लोग महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों के आरोपी थे. इनमें बलात्कार के 61 आरोपी, छेड़छाड़ के 25 आरोपी और POCSO (बच्चों का यौन अपराधों से संरक्षण) एक्ट के तहत छह आरोपी शामिल थे. इस सूची में आर्म्स एक्ट के तहत दर्ज मामलों वाले 229 लोग, झपटमारी के मामलों में आरोपी 135 लोग, NDPS (नशीले पदार्थ और साइकोट्रोपिक पदार्थ) एक्ट के तहत 67 लोग, अपहरण के मामलों में 19 लोग और हत्या की कोशिश के मामलों में आरोपी 62 लोग भी शामिल हैं.

यह भी पढ़ें – धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बीच हाईकोर्ट क्यों पहुंचे नितिन गडकरी? सामने आई चौंकाने वाली वजह

अधिकारियों ने क्या कहा?

इस पूरे मामले पर अधिकारियों का बयान सामने आया है. जिसमें उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि पहचाने गए लोगों में से कई आदतन अपराधी थे और उनके खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज थे. अधिकारियों के मुताबिक, हत्या के आरोपी 101 लोगों में से 42 लोगों पर दो या उससे ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज थे, जबकि 12 लोगों का आपराधिक इतिहास कम से कम 10 मामलों का था. इसी तरह, लूट और डकैती के आरोपी 284 लोगों में से 155 लोगों के खिलाफ कई आपराधिक मामले दर्ज थे, जिनमें से 31 लोगों पर 10 या उससे ज्यादा मामले दर्ज थे.

रिपोर्ट में पहचाने गए लोगों का जिलेवार ब्यौरा भी दिया गया है. आपराधिक रिकॉर्ड वाले सबसे ज्यादा लोग नॉर्थ जिले (285) से जुड़े थे, इसके बाद आउटर जिला (257) और नॉर्थ वेस्ट जिला (256) का नंबर आता है. काफी संख्या वाले अन्य जिलों में नॉर्थ ईस्ट (174), ईस्ट (173), साउथ वेस्ट (166), रेलवेज (147), शाहदरा (139) और सेंट्रल (138) शामिल थे.

यह भी पढ़ें –  पीएम मोदी का वीडियो रिस्ट्रिक्ट करने के बाद बुरा फंसा Meta, MeitY ने टॉप ग्लोबल अधिकारियों को किया तलब

Tags:

MORE NEWS