Sudan Gurung Resign: नेपाल की राजनीति में आज एक बड़ा उलटफेर हो गया. नेपाल के गृह मंत्री सुदन गुरुंग (Sudan Gurung) ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है.
बता दें कि गुरुंग पर उनके वित्तीय निवेश और शेयरों को लेकर सवाल उठाए जा रहे थे, जिसके बाद उन्होंने ये फैसला लिया. उन्होंने फेसबुक पर पोस्ट जारी कर कहा कि वे एक निष्पक्ष जांच कराने और सार्वजनिक जीवन में उच्च नैतिकता बनाए रखने के लिए अपने पद का त्याग कर रहे हैं.
सोशल मीडिया पर दी जानकारी
सुदन गुरुंग ने गृह मंत्री के पद से अपने इस्तीफे की घोषणा फेसबुक पोस्ट के माध्यम से की. उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि वह 26 मार्च 2026 से पूरी ईमानदारी के साथ अपना कर्तव्य निभा रहे थे, लेकिन हाल ही में उनके शेयरों और वित्तीय मामलों पर देश के नागरिक सवाल उठा रहे थे, जिसे उन्होंने बहुत गंभीरता से लिया है. उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा, ‘मेरे लिए किसी भी पद से ज्यादा वजन नैतिकता का है. सार्वजनिक विश्वास से बढ़कर कोई शक्ति नहीं है.’
गुरुंग ने अपने इस इस्तीफे में ‘Gen Z’ का भी जिक्र किया है. उन्होंने कहा, “आज का युवा आंदोलन सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग करता है. जब सरकार पर सवाल उठें, तो नैतिकता ही एकमात्र जवाब होना चाहिए.” गुरुंग का कहना है कि पद पर रहते हुए निष्पक्ष जांच संभव नहीं थी, इसलिए उन्हें इस्तीफा देना ही एकमात्र उचित विकल्प लगा. उन्होंने कहा कि जो लोग ‘राम राज्य’ की कल्पना करते हैं, उनमें बलिदान देने और नैतिक शक्ति दिखाने का साहस भी होना चाहिए. गुरुंग ने कहा कि समय आने पर सच का पता चल जाएगा कि किसने सस्ते शेयर लिए हैं.
नेपाल सरकार में आया भूचाल
सुदन गुरुंग का इस्तीफा उस समय में आया है जब नेपाल में बालेन शाह की सरकार पहले से ही अनुशासनात्मक कार्रवाई का सामना कर रही है. इससे पहले 9 अप्रैल को प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने श्रम मंत्री दीपक कुमार शाह को भी पद से हटा दिया था. आरएसपी अध्यक्ष लामिछाने ने साह के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए उन पर आरोप लगाया था कि उन्होंने अपनी पत्नी का कार्यकाल समाप्त होने के बाद स्वास्थ्य बीमा बोर्ड में उनकी पुनर्नियुक्ति में शामिल होकर अपने पद का दुरुपयोग किया. शाह को हटाए जाने के बाद, प्रधानमंत्री ने पदभार संभालने के महज 15 दिन बाद ही श्रम मंत्रालय का कार्यभार संभाल लिया.