National Flag Rules: 15 अगस्त पर भूलकर भी न करें ये गलती, सीधे जा सकते हैं जेल! जानिए क्या कहता है कानून
80th Independence Day: 15 अगस्त पर देशभक्ति का जश्न मनाते समय कहीं आप जाने-अनजाने कोई बड़ी गलती तो नहीं कर रहे? तिरंगे और संविधान के सम्मान को लेकर देश में बेहद सख्त कानून हैं. जरा सी लापरवाही आपको जेल की सलाखों के पीछे पहुंचा सकती है. आइए जानते हैं इससे जुड़े कड़े कानून और ज़रूरी नियमों के बारे में.
15 अगस्त का उत्साह
15 अगस्त यानी हमारा स्वतंत्रता दिवस बहुत करीब है. देश की आजादी का यह सबसे बड़ा जश्न पूरे भारत में देशभक्ति और उत्साह के साथ मनाने की तैयारियां जोरों पर हैं. हर तरफ तिरंगा लहराता दिखेगा, लोग गाड़ियों-घरों पर तिरंगा लगाएंगे और देशप्रेम के गानों से माहौल गूंज उठेगा.
अनजाने में होने वाली बड़ी भूल
देशभक्ति के इस जोश में अक्सर अनजाने में लोग कुछ ऐसी गलतियां कर बैठते हैं, जो कानूनन भारी पड़ सकती हैं. कई बार उत्साह में हम कागज़ या कपड़े का तिरंगा तो खरीद लेते हैं, लेकिन स्वतंत्रता दिवस बीतते ही वही तिरंगा सड़कों पर गिरा मिलता है, गाड़ियों के नीचे आता है या कचरे के ढेर में फेंक दिया जाता है.
क्या यह सिर्फ एक छोटी सी अनदेखी है?
अगर आप भी ऐसा सोचते हैं कि सड़कों पर पड़ा तिरंगा या उसका अपमान बस एक मामूली सी भूल है, तो सावधान हो जाइए. कानून की नज़र में ऐसा करना कोई छोटी-मोटी गलती नहीं, बल्कि एक संगीन अपराध है जिसके लिए आपको सीधे जेल जाना पड़ सकता है.
जानिए क्या है 1971 का कड़ा कानून
हमारे देश में राष्ट्रध्वज और संविधान के सम्मान की रक्षा के लिए एक सख्त कानून बनाया गया है— 'The Prevention of Insults to National Honor Act 1971' (राष्ट्रीय गौरव अपमान निवारण अधिनियम, 1971). यह कानून देश के राष्ट्रीय प्रतीकों के प्रति किसी भी तरह के अनादर को रोकने के लिए लागू होता है.
धारा 2- तिरंगे या संविधान का अपमान करने पर क्या मिलेगी सजा?
इस कानून की धारा 2 स्पष्ट रूप से यह प्रावधान करती है कि यदि कोई व्यक्ति किसी सार्वजनिक स्थान पर या लोगों के सामने:
भारतीय राष्ट्रीय ध्वज या संविधान को जलाता है,
उसे फाड़ता, क्षतिग्रस्त करता या उसका रूप बिगाड़ता है,
उस पर कुछ लिखता है या उसे गंदा करता है,
उसे पैरों तले रौंदता है,
या फिर बोले/लिखे गए शब्दों या अपनी किसी हरकत से तिरंगे या संविधान का अनादर करता है,
तो उसे 3 साल तक की जेल, जुर्माना या फिर दोनों की सजा दी जा सकती है.
15 अगस्त पर तिरंगे से जुड़ी इन 4 बातों का रखें खास ध्यान
प्लास्टिक के तिरंगे से बचें: कागज़ या कपड़े के ध्वज का ही इस्तेमाल करें.
जमीन पर न गिरने दें: ध्यान रखें कि फहराते या उतारते समय तिरंगा कभी ज़मीन या पानी को स्पर्श न करे.
सड़क पर फेंके नहीं: जश्न खत्म होने के बाद यदि कोई तिरंगा ज़मीन पर गिरा मिले, तो उसे सम्मानपूर्वक उठाकर सुरक्षित जगह रखें.
सही तरीके से निपटान: अगर तिरंगा फट गया है या पुराना हो गया है, तो उसे डस्टबिन में फेंकने के बजाय एकांत में पूरे सम्मान के साथ विसर्जित करें.
हमारा संदेश और नागरिक जिम्मेदारी
देशभक्ति सिर्फ एक दिन गाड़ियों या छतों पर तिरंगा लहराने में नहीं है, बल्कि साल के 365 दिन अपने राष्ट्रीय प्रतीकों का सम्मान करने में है. इस 15 अगस्त पर देश का जश्न पूरे गौरव के साथ मनाएं, लेकिन अपने राष्ट्रीय ध्वज और संविधान के प्रति पूरी जिम्मेदारी और मर्यादा भी बनाए रखें.