Vivek Oberoi: पहली ही फिल्म से बने स्टार, फिर विवादों ने बिगाड़ा खेल, OTT ने फिर बदली किस्मत
Vivek Oberoi: बॉलीवुड में कुछ सितारों का सफर ऐसा होता है, जिसमें शुरुआत तो शानदार होती है लेकिन अचानक मिली शोहरत के बाद विवाद, फिर करियर का उतार भी देखने को मिलती है. कुछ लोग इस वक्त से टूट जाते हैं. वहीं कुछ लोग दमदार वापसी करते हैं. विवेक ओबेरॉय की कहानी भी कुछ ऐसी ही है. कभी उन्हें बॉलीवुड का अगला बड़ा स्टार माना जाता था. हालांक कुछ सालों के अंदर उनके करियर की रफ्तार धीमी पड़ गई. इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और फिल्मों के साथ-साथ बिजनेस की दुनिया में भी अपनी अलग पहचान बनाई.
विवेक ओबेरॉय का जन्म
विवेक ओबेरॉय का जन्म 3 सितंबर 1976 को हैदराबाद में हुआ था. उनके पिता सुरेश ओबेरॉय बॉलीवुड के जाने-माने एक्टर थे. फिल्मी परिवार से होने के बावजूद विवेक ने एक्टिंग की ट्रेनिंग ली और थिएटर से भी जुड़े. उन्होंने न्यूयॉर्क में एक्टिंग की पढ़ाई की और बाद में भारत लौटकर फिल्मों में किस्मत आजमाई.
पहली ही फिल्म से मचा दिया तहलका
साल 2002 में राम गोपाल वर्मा की फिल्म 'कंपनी' से विवेक ने बॉलीवुड डेब्यू किया था. फिल्म में उन्होंने माफिया डॉन चंदू का किरदार निभाया था. यह उनकी पहली फिल्म थी लेकिन एक्टिंग के दम पर दर्शकों और समीक्षकों दोनों ने उन्हें तुरंत नोटिस किया. 'कंपनी' के लिए विवेक को कई पुरस्कार मिले. उन्हें बेस्ट डेब्यू के साथ-साथ एक्टिंग के लिए भी काफी सराहना मिली. इसके बाद उनकी फिल्म 'साथिया' आई, जिसमें रानी मुखर्जी के साथ उनकी जोड़ी को पसंद किया गया. देखते ही देखते विवेक इंडस्ट्री के उभरते हुए सितारों में शामिल हो गए.
फिर आया जिंदगी का सबसे बड़ा विवाद
करियर के शुरुआती दौर में ही विवेक का नाम ऐश्वर्या राय के साथ जुड़ा. इसके बाद सलमान खान और विवेक के बीच कथित विवाद ने खूब सुर्खियां बटोरीं. साल 2003 में विवेक ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सलमान पर गंभीर आरोप लगाए थे. यह विवाद लंबे समय तक उनके करियर और निजी जिंदगी दोनों पर छाया रहा. समय के साथ विवेक ने इस विवाद पर कई बार अफसोस जताया और सार्वजनिक रूप से माना कि उस दौर में उनसे गलतियां हुईं.
फिल्मों में बदला ट्रैक
युवा, ओमकारा, शूटआउट एट लोखंडवाला और कुर्बान जैसी फिल्मों में विवेक ने अलग-अलग तरह के किरदार निभाए. हालांकि शुरुआती सफलता जैसी लगातार बड़ी हिट उन्हें नहीं मिल पाईं. इसके बाद उन्होंने फिल्मों के अलावा बिजनेस और सामाजिक कार्यों पर भी ध्यान देना शुरू किया. उन्होंने रियल एस्टेट और अन्य कारोबारी क्षेत्रों में काम किया और कई सामाजिक पहलों से जुड़े.
'द सिटी ऑफ ड्रीम्स' से OTT पर दमदार वापसी
बाद के सालों में विवेक ने फिल्मों के साथ वेब सीरीज में भी काम किया. इनसाइड एज और द फैमिली मैन जैसे प्रोजेक्ट्स में उनकी मौजूदगी ने दिखाया कि वह बदलते दौर के हिसाब से खुद को ढाल सकते हैं. खासकर ग्रे और निगेटिव किरदारों में उनकी एक्टिंग को दर्शकों ने काफी पसंद किया. क्रिश और दूसरी फिल्मों में उन्होंने नेगेटिव किरदार निभाया था.