सौ करोड़ रुपये के ऑनलाइन सट्टेबाजी मामले में झांसी पुलिस ने कथित तौर पर आरोपी भाजपा नेता को गिरफ्तार कर लिया है. जो झांसी से भागकर दिल्ली पहुंच गया था. पुलिस उसे लगातार ट्रैक कर रही थी. जैसे ही पुलिस को आरोपी की जानकारी मिली उन्होंने तुरंत धावा बोल दिया. चलिए जानते हैं पूरा मामला.
कैसे मिली थी आरोपी की जानकारी?
1 अरब रुपये की सट्टेबाजी मामले को लेकर झांसी पुलिस कुछ दिनों से जांच कर रही थी. बीते बुधवार को नवाबाद पुलिस ने बुधवार को इस सट्टा गिरोह का भंडाफोड़ किया था. इसके तहत पुलिस ने तिलयानी बजरिया के शुभम उपाध्याय, सिंधी कॉलोनी के विजय बाधवा तथा बड़ागांव गेट के नितिन अग्रवाल को गिरफ्तार किया था. पूछताछ के दौरान आरोपियों ने इस सट्टेबाजी मामले में शामिल अन्य आरोपियों का भी नाम बताया था. इनमें भाजपा नेता आशीष उपाध्याय के साथ उन्नाव गेट निवासी पार्षद पति पप्पू, पंकज राय, सौरभ लिखधारी जैसे कुछ आरोपियों का नाम सामने आया था. इस आधार पर झांसी पुलिस ने आगे की कार्रवाई जारी की.
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दिल्ली से की गिरफ्तारी
झांसी पुलिस आरोपी भाजपा नेता आशीष उपाध्याय की खोजबीन करने लगी. हालांकि जैसे ही आशीष को आरोपी साथी शुभम की गिरफ्तारी की भनक लगी वह झांसी छोड़कर ग्वालियर के रास्ते दिल्ली पहुंच गया. साथ ही दिल्ली से ही उसने झांसी में आत्मसमर्पण के लिए याचिका भी दाखिल कर दी. लेकिन पुलिस लगातार जांच में जुटी रही. पुलिस की तकनीकी टीम ने आशीष को ट्रैक किया, जिसे पता चला कि वह किसी नंबर से बात कर रहा है. इसी आधार पर झांसी पुलिस ने दिल्ली के चाणक्यपुरी से उसे गिरफ्तार कर लिया और झांसी के नवाबाद थाने ले गई.
आरोपी आशीष से क्या जानकारी मिली?
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, शुभम के बैंक खातों की जांच में आशीष उपाध्याय के साथ उसके बड़े स्तर पर पैसों के लेनदेन के प्रमाण मिले हैं. खास तौर पर 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान सबसे ज्यादा ट्रांजैक्शन होने की बात सामने आई है. जांच में यह भी पता चला कि एक ही दिन में करीब 14 लाख रुपये का लेनदेन किया गया था.