Ganga Expressway Toll Free: गंगा एक्सप्रेसवे चालू होने के बाद 15 दिनों तक टोल-फ्री रहेगा, ताकि आम जनता इसका अनुभव कर सके. यह घोषणा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने की. UPEIDA ने मेसर्स IRB इंफ्रास्ट्रक्चर और मेसर्स अडानी इंफ्रास्ट्रक्चर को इस पहल को लागू करने का निर्देश दिया है. यह आदेश फाइनल सर्टिफिकेशन के बाद जारी किया गया.
गंगा एक्सप्रेसवे को PPP मॉडल के तहत DBFOT (टोल) आधार पर बनाया गया था. इस मॉडल के तहत, कंसेशनेयर को 27 साल की कंसेशन अवधि के लिए टोल वसूलने का अधिकार है. 15 दिन की टोल छूट का पैसा राज्य सरकार/UPEIDA द्वारा कंसेशनेयर को वापस किया जाएगा.
गंगा एक्सप्रेसवे उत्तर प्रदेश के सबसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में से एक है, जो पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश को जोड़ता है और तेज़ और सुरक्षित यात्रा देता है.