Bhopal Railway Station Ticket Scam: यह घटना दिखाती है कि तकनीक और ऑनलाइन सुविधाओं के बावजूद जमीनी स्तर पर भ्रष्टाचार की जड़ें कितनी गहरी हैं, यह महज एक कर्मचारी की गलती नहीं, बल्कि एक सुनियोजित गिरोह की ओर इशारा करता है जहां काउंटर स्टाफ और बाहरी एजेंट मिलकर टिकटों का कृत्रिम अभाव पैदा करते हैं,आम आदमी जो घंटों धूप और भीड़ में खड़ा रहता है, उसे 'नो रूम' या 'वेटिंग' का हवाला दिया जाता है, जबकि दलालों के लिए नियम बदल जाते हैं रेलवे अधिनियम के तहत टिकटों की अवैध बिक्री और इसमें कर्मचारियों की संलिप्तता एक गंभीर अपराध है, जिसके लिए जेल और नौकरी से बर्खास्तगी तक का प्रावधान है, घटना का वीडियो वायरल होने के बाद पश्चिम मध्य रेलवे (WCR) के अधिकारियों ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं.