बड़े-बड़े दावे और विज्ञापनों में 10 साल की वारंटी का ढिंढोरा पीटने वाली नामी कंपनी सैमसंग (Samsung) का असली चेहरा एक बार फिर सामने आया है. नया फ्रिज खरीदने के महज 4 महीने बाद ही अगर वह धोखा दे जाए और कंपनी के नाम पर पहुंचे टेक्नीशियन उल्टे ग्राहक की जेब ढीली करने लगें, तो इसे ‘सर्विस’ नहीं बल्कि सरेआम ‘वसूली’ कहा जाएगा. जब 10 साल की वारंटी कागजों पर धरी की धरी रह जाए और खराबी ठीक करने के एवज में हजारों रुपये मांगे जाएं, तो फिर ग्राहक का गुस्सा फूटना लाजिमी है. सोशल मीडिया पर एक ऐसा ही मामला आज (26-08-2026) सामने आया है जिसमें सैमसंग के आफ्टर-सेल्स सर्विस के दावों की पोल खोलकर रख दी है. आइए जानते हैं कि पूरा मामला क्या है…
क्या है पूरा मामला?
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (ट्विटर) पर बलवंत यादव नाम के एक यूजर ने सैमसंग की घटिया सर्विस को लेकर अपनी भड़ास निकाली है. पीड़ित ग्राहक का कहना है कि उन्होंने सैमसंग का नया रेफ्रिजरेटर खरीदा था, जिस पर कंपनी 10 साल की वारंटी का दावा करती है. हालांकि, खरीदारी के मात्र 4 महीने बाद ही फ्रिज में कूलिंग (ठंडा न करने) की गंभीर समस्या आ गई.
@SamsungIndia @Samsung 10 year warranty mentioned on refrigerator but demanding money at the time of service repairing after 4 months. Technician demanding around 8-9 thousand on complaint for cooling issue. Will not purchase any product of samsung in future.
— Balvant Yadav (@BalvantYadav23) August 26, 2026
4 महीने में ही कूलिंग बंद
जब ग्राहक ने कूलिंग की शिकायत दर्ज कराई और टेक्नीशियन घर पहुंचा, तो समस्या ठीक करने के बजाय उसने 8 से 9 हजार रुपये की मांग कर डाली. वारंटी पीरियड के दौरान भी इतनी भारी-भरकम रकम मांगे जाने से परेशान होकर ग्राहक ने सोशल मीडिया पर कंपनी को टैग करते हुए सख्त लहजे में कहा कि अब वे भविष्य में कभी भी सैमसंग का कोई प्रोडक्ट नहीं खरीदेंगे.
पीड़ित ग्राहक ने सैमसंग को टैग करते हुए X पर लिखा, ‘रेफ्रिजरेटर पर 10 साल की वारंटी बताई गई थी, लेकिन 4 महीने बाद सर्विस या रिपेयरिंग के समय पैसे मांगे जा रहे हैं. कूलिंग की समस्या की शिकायत करने पर टेक्नीशियन 8-9 हज़ार रुपये मांग रहा है. भविष्य में सैमसंग का कोई भी प्रोडक्ट नहीं खरीदूंगा।’
सोशल मीडिया पर रोज़ खुल रही सैमसंग की पोल
अगर आपको लगता है कि सैमसंग की घटिया सर्विस का शिकार सिर्फ बलवंत यादव ही हुए हैं, तो आप बिल्कुल गलत हैं. सोशल मीडिया पर हर दिन ऐसे ढेरों मामले सामने आते रहते हैं, जहां ग्राहक सैमसंग के प्रोडक्ट्स और उसकी आफ्टर-सेल्स सर्विस को लेकर अपना सिर पीटते नजर आते हैं.


किसी के फोन की स्क्रीन पर बिना किसी नुकसान के अचानक ‘व्हाइट लाइन’ आ जाती है और सर्विस सेंटर वाले स्क्रीन बदलने के नाम पर पूरा पैसा मांग लेते हैं. तो वहीं महंगा Galaxy Fold इस्तेमाल करने वाले यूज़र्स शिकायत कर रहे हैं कि कंपनी की अपनी खराबी को ठीक करने के लिए 22,500 रुपये तक वसूले जा रहे हैं. कुछ ग्राहकों को तो नए और महंगे मॉडल प्री-ऑर्डर करने पर डिफेक्टिव यूनिट थमा दी जाती है.
फ्रिज और होम एप्लायंसेज की शिकायतें: सिर्फ स्मार्टफोन ही नहीं, बल्कि रेफ्रिजरेटर जैसे होम एप्लायंसेज को लेकर भी लोग लगातार शिकायतें दर्ज करा रहे हैं. सर्विस सेंटर से कोई रिस्पॉन्स न मिलना, बार-बार शिकायत करने के बावजूद सुनवाई न होना और वारंटी के नाम पर ग्राहकों को गुमराह करना अब सैमसंग की आदत बन चुका है.
सोशल मीडिया पर यूज़र्स का साफ कहना है कि सैमसंग के लिए ‘कस्टमर लॉयल्टी’ की कोई कीमत नहीं बची है. महंगी कीमतों पर सामान बेचने के बाद सर्विस के नाम पर ग्राहकों को बेबस छोड़ देना अब इस ब्रांड की पहचान बनता जा रहा है.